यह सच है कि नीतीश कुमार को राष्ट्रगान के दौरान सतर्कना बरतनी चाहिए थी. पर इस छोटी सी बात को लेकर एक सम्मानित , उम्रदराज नेता को बीमार बताने की कोशिश की जा रही है. कहा जा रहा है कि उन्होंने राष्ट्रगान का अपमान किया है. करीब चार दशक से बिहार और देश की उनकी एकनिष्ठ सेवा को देखते हुए उनसे माफी की मांग करने वाले क्या खुद अपना अपमान कर रहे हैं?
बिहार में साल के अंत तक होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए सियासी सरगर्मियां बढ़ गई हैं. नीतीश कुमार और बीजेपी की जोड़ी मुकाबला करने के लिए लालू यादव के साथ 5 सहयोगी हैं. जानिए इनकी ताकत और कमजोरी क्या है.
बिहार विधानसभा चुनावों में कांग्रेस और आरजेडी एक साथ लड़ते हैं या अलग-अलग, दोनों ही स्थितियों में कांग्रेस का दलित कार्ड आरजेडी के लिए फायदेमंद साबित होने वाला है. आइये बिहार में दलित राजनीति के इस गणित को समझते हैं.
बिहार में लालू प्रसाद यादव से ईडी ने लैंड फॉर जॉब मामले में साढ़े 3 घंटे पूछताछ की. संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, पिछले 10 वर्षों में 193 राजनीतिक व्यक्तियों के खिलाफ मामले दर्ज किए गए, जिनमें से दो में दोषसिद्धि हुई. 2023-24 में सबसे अधिक 32 केस दर्ज हुए. राबड़ी देवी और तेजप्रताप यादव से भी पूछताछ की गई.
बिहार में लैंड फॉर जॉब घोटाले को लेकर ईडी ने आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव से 4 घंटे तक पूछताछ की. इस दौरान उनकी बेटी मीसा भारती भी मौजूद रहीं. ईडी ने पहले राबड़ी देवी और तेजप्रताप यादव से भी पूछताछ की थी. जांच एजेंसी ने लालू से रेल मंत्री रहते हुए जमीन के बदले नौकरी देने के आरोपों पर सवाल किए.
जिन लोगों को बिहार की राजनीति के बारे में जरा भी पता है उन्हें मालूम है कि उत्तर प्रदेश की तरह यहां भी कांग्रेस बिना सहारे के एक कदम चलने में भी मजबूर है. पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी दिल्ली की तरह बिहार में भी अपने पैरों के बल पर खड़ा होना चाहती है. चाहे इसके लिए कोई कुर्बानी देनी पड़े.
बिहार के पटना में एक होली समारोह के दौरान आरजेडी नेता तेज प्रताप यादव के निर्देश पर नाचने वाले पुलिसकर्मियों के वीडियो पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने आलोचना की है. मांझी ने कहा कि इस घटना से यह साफ होता है कि सत्ता में आने पर लोगों का गलत इस्तेमाल कैसे किया जा सकता है. देखें.
बिहार में इस साल विधानसभा चुनाव होने हैं. इस बीच तेजस्वी यादव ने आजतक से बातचीत की और नीतीश कुमार पर तीखा हमला किया है. उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार अब मुख्यमंत्री पद के योग्य नहीं रहे हैं और बिहार चलाने में सक्षम नहीं हैं. तेजस्वी ने यह भी कहा कि बिहार की जनता अब जाग चुकी है और आगामी चुनाव में नीतीश कुमार को रिटायर कर देगी. देखिए वीडियो.
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की सियासी एंट्री को लेकर हलचल तेज हो गई है. पटना में अब जेडीयू के कार्यकर्ताओं ने पार्टी ऑफिस पर पोस्टर लगा दिए हैं. प्रदेश JDU कार्यालय पर निशांत के स्वागत वाले कई पोस्टर लगे हैं. पार्टी कार्यकर्ताओं का दावा है कि निशांत ने सियासत में एंट्री के लिए अपनी सहमति दे दी है. देखें...
बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियां शुरू हो गई हैं. प्रदेश की राजनीति इन दिनों अलग-अलग फॉर्मूले से जीत का केमिकल तैयार करने की प्रयोगशाला बनी हुई है. बजट सत्र ने सियासी सरगर्मिया बढ़ा रखी हैं, तो धर्मगुरुओं के प्रवचनों से सियासी तापमान चढ़ा हुआ है. इसी पर देखें ये स्पेशल शो.
बिहार में इस बार धीरेंद्र शास्त्री ने फिर हिंदू राष्ट्र की हुंकार भरी. इसके सियासी संदेश समझे जा रहे हैं. सवाल है कि क्या बिहार का चुनाव जाति पर होगा या धर्म पर? जहां बीजेपी इस बार हिंदुत्व कार्ड के साथ मैदान पर उतर रही है. लेकिन नीतीश कुमार की पार्टी इस मुद्दे पर लगातार किनारा करती नजर आ रही है. देखें हल्ला बोल.
बिहार विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आजतक से खास बातचीत की. उन्होंने इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर तमाम सवालों के जवाब दिए. क्या बीजेपी हिंदुत्व का नैरेटिव चला रही है? इस सवाल के जवाब में तेजस्वी ने कहा कि बीजेपी की सारी टीमें फेल हो जाएंगी. ट्रंप और पुतिन को भी बुला लें, तो भी कुछ नहीं कर पाएंगे. देखें ये वीडियो.
बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर जेडीयू के अध्यक्ष संजय झा ने आज तक से खास बातचीत की. उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए चुनाव लड़ेगा. सीट बंटवारे को लेकर कोई समस्या नहीं होगी. झा ने दावा किया कि इस बार एनडीए 2010 के 206 सीटों के रिकॉर्ड को तोड़ देगा. देखें...
बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस नेता तारिक अनवर ने आजतक से खास बातचीत में कहा कि गठबंधन सभी दलों के लिए अनिवार्य है. उन्होंने कहा, भाजपा को फिर सत्ता में आने का मौका नहीं मिलना चाहिए. अनवर ने बताया कि कांग्रेस का भविष्य गठबंधन में है और पार्टी को अपनी राजनीतिक रणनीति स्पष्ट करनी चाहिए. देखें...
बिहार में कांग्रेस की स्थिति पर चर्चा करते हुए तारिक अनवर ने कहा कि पार्टी की जड़ें अभी भी मजबूत हैं. उन्होंने युवाओं को संगठित करने और नए राजनीतिक ढांचे की आवश्यकता पर जोर दिया. नेता ने गरीबी, बेरोजगारी और पलायन को प्रमुख मुद्दे बताया. उन्होंने कहा कि बिहार में परिवर्तन की चाह है और लोग झूठे वादों से ऊपर उठ चुके हैं. देखें...
बिहार के आगामी चुनावों को लेकर पूर्व केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने दिया विशेष साक्षात्कार. उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार कभी एनडीए का साथ नहीं छोड़ेंगे और बिहार की जनता लालू राज के खौफ को नहीं भूली है. प्रसाद ने नीतीश कुमार के स्वास्थ्य पर उठाए जा रहे सवालों को खारिज किया और कहा कि यह विपक्ष की राजनीतिक चाल है. देखें...
बिहार की राजनीति पर पप्पू यादव ने अपनी राय दी है. उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार इस समय न तो आरजेडी में सहज हैं और न ही बीजेपी में. उनका मानना है कि नीतीश कुमार और कांग्रेस का गठबंधन बिहार में बड़ा बदलाव ला सकता है. उन्होंने बीजेपी पर नीतीश कुमार का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया. देखें...
पप्पू यादव ने आजतक से खास बातचीत में कहा कि वे मर जाएंगे लेकिन चुनाव के लिए जात-पात नहीं करेंगे. उन्होंने मुख्यमंत्री बनने की इच्छा जताते हुए कहा कि सीएम का सपना देखना चाहिए, जनता तय करेगी. यादव ने बिहार की राजनीतिक स्थिति पर भी चर्चा की और कहा कि लोग बीजेपी को वोट नहीं देना चाहते. देखें...
पप्पू यादव ने कहा कि नीतीश कुमार अस्वस्थ जरूर हैं, लेकिन वह अभी भी बिहार की राजनीति में प्रासंगिक हैं. बीजेपी अकेले चुनाव लड़कर देख ले तो पता चल जाएगा. INDIA गठबंधन कांग्रेस के बिना चुनाव लड़कर देख ले. जो आदमी संघर्ष नहीं करता है, बिहार को नहीं जानता है वह कैसे चुनाव लड़ेगा. अरविंद केजरीवाल बिना संघर्ष करके आए और मार्केटिंग की. लोगों को बड़े-बड़े सपने दिखाए और अब गायब हो गए.
बिहार में कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं. दो दिनों के अंदर दो एएसआई की हत्या हुई है. उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने आजतक से बातचीत में कहा कि अराजक तत्वों पर लगाम लगाई जाएगी और अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा. उन्होंने कहा कि एनडीए सरकार सुशासन स्थापित करने के लिए आई है. देखें Video.
देश में लोकसभा चुनाव हों व विधानसभा चुनाव, महिलाएं ना सिर्फ बढ़-चढ़कर वोट डाल रही हैं बल्कि वो ये तय कर रही हैं कि सत्ता पर कौन काबिज होगा. जिसके चलते लगभग सारी राजनीतिक पार्टियां महिला वोटर्स को अपनी ओर खींचने के लिए तमाम वेलफेयर स्कीम का ऐलान कर रही हैं. इसी पर देखें हल्ला बोल.