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पर्व-त्यौहार

कार्तिक पूर्णिमा 2020

कब है कार्तिक पूर्णिमा? जानें स्नान का शुभ मुहूर्त और पूजन विधि

27 नवंबर 2020

कार्तिक पूर्णिमा के दिन गंगा स्नान और दान करना दस यज्ञों के समान पुण्यकारी माना जाता है. शास्त्रों में इसे महापुनीत पर्व कहा गया है. कार्तिक पूर्णिमा अगर भरणी और रोहिणी नक्षत्र में होने से इसका महत्व और बढ़ जाता है. कार्तिक पूर्णिमा के दिन ही देव दीपावली भी मनाई जाती है.

कब खत्म हो रहे हैं पंचक? शुभ कार्यों से हटने वाली है पाबंदी

25 नवंबर 2020

ज्योतिषशास्त्र में पंचक को बहुत अशुभ माना गया है. इस दौरान कुछ खास काम करने की मनाही है. इसे अशुभ और हानिकारक नक्षत्रों का योग माना जाता है.

Dev Uthani Ekadashi 2020: कब है देवोत्थान एकादशी? जानें इस दिन क्यों नहीं खाया जाता है चावल और नमक

कब है देवोत्थान एकादशी? जानें इस दिन क्यों नहीं खाते चावल और नमक

23 नवंबर 2020

देव जागरण या उत्थान होने के कारण इसको देवोत्थान एकादशी कहते हैं. इस दिन उपवास रखने का विशेष महत्व है. कहते हैं इससे मोक्ष की प्राप्ति होती है. इसको सबसे बड़ी एकादशी भी माना जाता है.

आंवला नवमी आज, क्यों इतना मूल्यवान ये फल, जानें इसके विशेष प्रयोग

आंवला नवमी आज, क्यों इतना मूल्यवान ये फल? जानें इसके विशेष प्रयोग

23 नवंबर 2020

हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, आंवले के वृक्ष में भगवान विष्णु और शिवजी वास करते हैं. इसलिए इस दिन आंवले की पूजा करने से आरोग्यता और सुख-समृद्धि का वरदान प्राप्त होता है.

गोपाष्टमी पर गाय-बछड़ों की पूजा से बढ़ेगा सुख-सौभाग्य, जानें पूजन विधि

गोपाष्टमी पर गाय-बछड़ों की पूजा से बढ़ेगा सुख-सौभाग्य, जानें पूजन विधि

22 नवंबर 2020

गोपाष्टमी के दिन गाय और बछड़ों की उपासना की जाती है. हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, इस दिन गाय की पूजा करने से मनचाहे फल की प्राप्ति होती है. इस बार रविवार, 22 नवंबर को गोपाष्टमी मनाई जा रही है

छठ का आखिरी दिन आज, जानें उगते सूर्य को अर्घ्य देने के 3 बड़े फायदे

छठ का आखिरी दिन आज, जानें उगते सूर्य को अर्घ्य देने के 3 बड़े फायदे

21 नवंबर 2020

कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को छठ पूजा का अंतिम दिन मनाया जाता है. इस दिन सूर्योदय के समय सूर्य देव को अर्घ्य देने की परंपरा है. उगते सूरज के अर्घ्य देने का शुभ मुहूर्त आज सुबह 06:49 बजे है.

छठ पूजा: घाटों पर पहुंचे श्रद्धालु, डूबते सूर्य को दिया अर्घ्य, देखें तस्वीरें

20 नवंबर 2020

कोरोना वायरस की वजह से इस बार घाटों पर कई तरह के प्रतिबंध लगाए गए थे लेकिन लोगों के आस्था में किसी तरह की कमी नहीं देखी गई. पूरे देश में घाटों पर इस महापर्व की रौनक देखने को मिली.

आज दिया जाएगा संध्या अर्घ्य

छठ पूजा: जानें डूबते सूर्य को अर्घ्‍य देने का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

20 नवंबर 2020

छठ व्रत को सबसे कठिन व्रतों में से एक माना जाता है. इसमें महिलाएं अपने सुहाग और संतान की मंगल कामना के लिए 36 घंटों का निर्जला व्रत रखती हैं. छठ पूजा का प्रारंभ चतुर्थी तिथि को नहाय खाय से होता है और सप्तमी के दिन उगते हुए सूर्य को अर्घ्य देने के बाद समाप्त होता है. आज शाम डूबते हुए सूर्य को पहला अर्घ्य दिया जाएगा.

जय छठी मईया: शारदा सिन्हा के साथ मनाएं आस्था का महापर्व

20 नवंबर 2020

चार दिनों तक चलने वाले छठ महापर्व का आज तीसरा दिन है. आज शाम को डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा. इसे संध्या अर्घ्य भी कहते हैं. उगते सूर्य को अर्घ्य देने की रीति तो कई व्रतों और त्योहारों में है लेकिन डूबते सूर्य को अर्घ्य देने की परंपरा केवल छठ में ही है. इस महापर्व पर छठ गीत की अपनी परंपरा रही है. प्रसाद बनाते समय, खरना के समय, अर्घ्य देने के वक्त, अर्घ्य दान के समय और घाट से घर लौटते समय लोग पूरे भक्ति भाव से छठ मइया का गीत गाते हैं. आजतक पर हम आपके लिए लेकर आए हैं छठ के अवसर पर एक खास कार्यक्रम. आजतक के मंच पर आईं लोकगायिका शारदा सिन्हा.

छठ 2020

छठ: आज डूबते सूर्य को दिया जाएगा अर्घ्य, ऐसे शुरू हुई परंपरा

20 नवंबर 2020

उगते सूर्य को अर्घ्य देने की रीति तो कई व्रतों और त्योहारों में है लेकिन डूबते सूर्य को अर्घ्य देने की परंपरा पर केवल छठ व्रत में ही है. जो लोग डूबते सूर्य की उपासना करते हैं, उन्हें उगते सूर्य की भी उपासना जरूर करनी चाहिए.

छठ 2020

छठ पूजा में महिलाएं क्यों लगाती हैं लंबा सिंदूर? ये है वजह

19 नवंबर 2020

छठ पूजा का प्रारंभ चतुर्थी तिथि को नहाय खाय से होता है और सप्तमी के दिन उगते हुए सूर्य को अर्घ्य देने के बाद समाप्त होता है. इस पूजा में सुहाग के प्रतीक सिंदूर का खास महत्व है. इसलिए पूजा के दौरान महिलाएं नाक से लेकर मांग तक लंबा सिंदूर लगाती हैं.