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हेल्थ न्यूज़

सांकेतिक फोटो (गेटी)

हर्निया का इलाज कराने गए पुरुष में निकला महिला का प्राइवेट पार्ट!

26 जनवरी 2022

कोई पुरुष हर्निया की ऑपरेशन करवाने जाए और उसके अंदर महिला के प्राइवेट पार्ट निकले तो आपकी पहली प्रतिक्रिया क्‍या होगी? PMDS (Persistent Mullerian duct syndrome) एक बहुत ही असमान्‍य स्थिति है. जिसमें किसी पुरुष के अंदर महिलाओं के यौन अंग विकसित हो जाते हैं. यह स्थिति अब तक मेडिकल इतिहास में 200 लोगों में सामने आई है.

भारत में तीसरी लहर का पीक देखना अभी बाकी, एक्सपर्ट ने बताय कब चरम पर होगा खतरा (Photo: Reuters)

भारत में कोरोना की लहर का पीक कब आएगा, एक्सपर्ट ने बताया

26 जनवरी 2022

देश में बीते 24 घंटे में ढाई लाख से ज्यादा मामले सामने आने के बाद मंगलवार को हेल्थ एक्सपर्ट ने इस पर चिंता जाहिर की है. एक्सपर्ट ने कहा कि कोविड-19 की मौजूदा लहर का पीक अभी देखना बाकी रह गया है. इस चिंता में हेल्थ एक्सपर्ट ने ग्रामीण इलाकों का हवाला दिया है.

आप ओमिक्रॉन से संक्रमित हैं या नहीं? शरीर में सबसे पहले दिखता है ये लक्षण (Photo Credit: Getty Images)

आप ओमिक्रॉन से संक्रमित हैं या नहीं? सबसे पहले दिखता है ये लक्षण

25 जनवरी 2022

एक्सपर्ट्स के मुताबिक ओमिक्रॉन का एक ऐसा लक्षण भी है जिसके दिखाई देने पर व्यक्ति को तुरतं ही अपना कोरोना टेस्ट करना चाहिए. शोध में सुझाव दिया है कि जब आप संक्रमित होते हैं तो गले में खराश पहला लक्षण होता है, ऐसे में एक्सपर्ट्स का कहना है कि जिन लोगों में भी ये लक्षण नजर आता है उन्हें घर पर रहना चाहिए और जल्द से जल्द अपना कोविड टेस्ट कराना चाहिए. 

क्या सभी लोग होंगे ओमिक्रॉन से संक्रमित, WHO ने कही ये बड़ी बात (Photo Credit:reuters)

क्या सभी लोग होंगे ओमिक्रॉन से संक्रमित? WHO ने कही ये बड़ी बात

25 जनवरी 2022

वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन की तकनीकी प्रमुख मारिया वैन केर्खोव ने कहा कि कोरोना के सबसे खतरनाक वैरिएंट डेल्टा की तुलना में ओमिक्रॉन कम घातक है लेकिन यह लोगों की बीमार करने में सक्षम है जैसा कि पिछले वैरिएंट में देखा जा चुका है.

ओमिक्रॉन के सब वैरिएंट के मामले देश में तेजी से बढ़ रहे हैं

भारत में बढ़ रहे नए सब वैरिएंट Stealth के मामले, जानें लक्षण

25 जनवरी 2022

कोरोना का नया वैरिएंट ओमिक्रॉन का नया सब वैरिएंट सामने आने के बाद लोगों की परेशानी बढ़ गई है. ओमिक्रॉन का BA.2 स्ट्रेन बहुत ज्यादा तेजी से फैलता है. भारत समेत कई देशों में इस सब वैरिएंट के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. खास बात ये है कि ये वैरिएंट RT-PCR टेस्ट में भी आसानी से पकड़ में नहीं आ रहा है.

 लगातार दूसरे हफ्ते भारत की 'आर-वैल्यू' में आई गिरावट, 6 फरवरी तक पीक पर होगा कोरोना (Photo Credit: PTI)

भारत में इस तारीख तक आएगा कोरोना की लहर का पीक: IIT स्टडी

24 जनवरी 2022

आर-वैल्यू बताती है कि एक व्यक्ति कितने लोगों को संक्रमित कर सकता है. अगर किसी कोरोना संक्रमित की आर-वैल्यू एक है, तो उसकी ओर से एक और व्यक्ति को संक्रमित किए जाने का खतरा है. वहीं, अगर किसी व्यक्ति की आर-वैल्यू तीन है, तो वह तीन लोगों को संक्रमित कर सकता है.

(Image credit : Pixabay)

Omicron के मरीजों में सबसे ज्यादा दिख रहे ये 2 लक्षण

24 जनवरी 2022

Most reported symptom: दुनिया भर में लगातार ओमिक्रॉन के नए मामले सामने आ रहे हैं, जिनके आधार पर एक्सपर्ट नए लक्षणों की भी पहचान कर रहे हैं. हालही में विभिन्न अध्ययनों के निष्कर्ष के आधार पर 2 ऐसे लक्षण सामने आए हैं, जो दुनिया भर के लोगों में सबसे अधिक दिख रहे हैं. इन लक्षणों को साधारण समझने की गलती न करने की सलाह दी जा रही है.

सब वैरिएंट स्टील्थ ओमिक्रॉन ने बढ़ाई चिंता

Stealth Omicron: इससे अस्पताल में भर्ती होने का कितना खतरा?

24 जनवरी 2022

पूरी दुनिया में ओमिक्रॉन के तेजी से बढ़ते मामलों के बीच इसके नए सब-वैरिएंट का पता चला है. इस वैरिएंट को BA.2 या स्टील्थ ओमिक्रॉन कहा जा रहा है. ये भारत समेत 40 से अधिक देशों में पाया गया है. खास बात यह है कि ये वैरिएंट RT-PCR टेस्ट से भी बच सकता है. इसकी वजह से कोरोनी की एक और लहर आने की आशंका जताई जा रही है.

ओमिक्रॉन के नए स्ट्रेन BA.2 ने बढ़ाई लोगों की चिंता, जानें कितना है खतरनाक (Photo Credit: reuters )

Omicron के नए स्ट्रेन BA.2 की भारत में दस्तक, जानें कितना खतरनाक?

24 जनवरी 2022

रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी तक यह साबित नहीं हुआ है कि BA.2 सब- वैरिएंट ओमिक्रॉन से ज्यादा खतरनाक है या नहीं.  यूकेएचएसए (UKHSA) के अनुसार, ओमिक्रॉन की तुलना में BA.2 तेजी से फैल रहा है. यूकेएचएसए ने चेतावनी दी है कि  बीए.2 का कोई खास म्यूटेशन नहीं हैं, जिसके चलते इसे डेल्टा वैरिएंट से अलग किया जा सकता है

तीसरी लहर में मरने वाले 60% लोग अनवैक्सीनेटेड या सिंगल डोज वाले: मैक्स स्टडी (Photo: Reuters)

कोरोना पर चेताने वाली स्टडी, तीसरी लहर में वैक्सीन न लेने वालों की ज्यादा मौतें

23 जनवरी 2022

निजी अस्पताल द्वारा की गई एक स्टडी बताती है कि मौजूदा लहर में कोविड-19 से मरने वालों में 60 प्रतिशत ने या तो सिंगल डोज लिया था या फिर वे अनवैक्सीनेटेड थे. मैक्स हेल्थकेयर की स्टडी के मुताबिक, मृतकों में ज्यादातर की आयु 70 साल से ज्यादा थी और उनमें से कई डायबिटीज, कैंसर, किडनी या दिल से जुड़ी बीमारियों का शिकार थे.

Cameron Newsom With family

Cancer: जीभ में उगे बाल! कैंसर पीड़ि‍त महिला के साथ क्‍यों हुआ ऐसा?

22 जनवरी 2022

Oral Cancer: महिला को मुंह का कैंसर हो गया था, इसके बाद उनके पैर के टिशू को निकालकर महिला की जीभ में लगा दिया गया. अब जो महिला के साथ हुआ है, वह काफी चौंकाने वाला है.

कोरोना संक्रमित बच्चों के लिए नई गाइडलाइन

बच्चों को Corona हो जाए तो क्या करें? सरकार की नई गाइडलाइन

21 जनवरी 2022

कोरोना के नए मामलों में तेजी से उछाल आ रहा है. ओमिक्रॉन वैरिएंट की चपेट में बच्चे भी तेजी से आ रहे हैं. केंद्र ने गुरुवार को 18 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए कोविड से संबंधित नई गाइडलाइंस जारी की हैं. बच्चों के लिए इस गाइडलाइंस में कई नई बातें शामिल की गई हैं.

दुनिया में सिर्फ 43 लोगों में है ये खून, जानें क्यों कहलाता है गोल्डन ब्लड

20 जनवरी 2022

दुनिया का सबसे दुर्लभ ब्लड (Rarest Blood) टाइप यानी खून का प्रकार कौन सा है. पता है क्या आपको? इसे वैज्ञानिक गोल्डेन ब्लड (Golden Blood) कहते हैं. यह दुनिया में 50 से भी कम लोगों में पाया जाता है. अगर इस ब्लड टाइप के लोगों को खून की जरूरत होती है, तो उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. क्योंकि दुनिया में ऐसे लोगों की इतनी कमी है कि उन्हें खोजना बेहद मुश्किल होता है. समझते हैं कि इसे गोल्डेन ब्लड क्यों कहते हैं?

कोरोना रैपिड टेस्टिंग किट कैसे करें इस्तेमाल, जानें स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस!

20 जनवरी 2022

COVID19 मामले फिर से बढ़ रहे हैं और कई टेस्टिंग सेंटर्स ओवरबुक हो गए हैं. इसलिए, बहुत सारे लोग घर पर ही सेल्फ-टेस्टिंग किट का इस्तेमाल कर रहे हैं. इस वीडियो में, आप सभी को इन DIY किट के बारे में बताएंगे और आप घर बैठे टेस्ट कैसे करें? COVID-19 सेल्फ-टेस्टिंग (जिसे घरेलू टेस्ट या ओवर-द-काउंटर (OTC) परीक्षण के रूप में भी जाना जाता है) टीकाकरण, मास्किंग और सोशल डिस्टन्सिंग आदि के साथ-साथ जोखिम कम करने के कई उपायों में से एक है. सेल्फ टेस्टिंग कर सकते हैं घर पर या कहीं भी ले जाया जा सकता है, इस्तेमाल में आसान है, और केवल 15 मिनट में रिजल्ट देती है. ये वायरस पर एंटीजन का पता लगाकर काम करते हैं, आमतौर पर कोरोनावायरस के स्पाइक प्रोटीन.

सांकेतिक फोटो (Getty Images)

Omicron Side Effects: पुरुषों में देखे जा रहे ये 'गंभीर लक्षण'

20 जनवरी 2022

Omicron Rare Side Effects: दुनियाभर में Omicron वैरिएंट की वजह से कोरोना केस तेजी से बढ़ रहे हैं. वहीं लोग लॉन्ग कोविड के शिकार (Long Covid Victims) भी हो रहे हैं, जिसकी वजह से ठीक होने के बाद भी उन्हें कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.

ओमिक्रॉन का एक लक्षण कई महीनों तक रहता है

Omicron: महीनों तक रहता है दिमाग से जुड़ा ओमिक्रॉन का ये लक्षण

20 जनवरी 2022

शोधकर्ताओं के अनुसार संक्रमित लोगों में लॉन्ग कोविड के कोई लक्षण नहीं होने के बावजूद ब्रेन फॉग देखने को मिल रहा है. ब्रेन फॉग में काम करने की इच्छा खत्म हो जाती है, ध्यान की कमी, खराब नींद और कोई भी काम ठीक से ना कर पाने की समस्या होती है.

आंखों में दिख रहे ये 7 लक्षण Omicron की निशानी, डॉक्टर्स ने बताया इलाज (Photo: Getty Images)

Omicron: आंखों में दिख रहे ये 7 लक्षण हो सकते हैं संक्रमण का संकेत

20 जनवरी 2022

नए वैरिएंट के संक्रमितों में खांसी से लेकर डायरिया जैसे तमाम लक्षण देखे जा रहे हैं. लेकिन कई बार ये आंखों से जुड़ी समस्याओं को भी ट्रिगर कर सकता है जो कि ओमिक्रॉन स्ट्रेन में बहुत सामान्य रूप से देखा जा रहा है.

गिलोय का ज्यादा इस्तेमाल हो सकता है खतरनाक? जानें एक्सपर्ट्स की राय

19 जनवरी 2022

Health Tips: आयुर्वेद में गिलोय के बारे में तो सबने सुना होगा. आयुर्वेद में गिलोय के कई तरह के फायदों के बारे में बताया गया है जिसमें से एक बड़ा फायदा यह है कि यह इम्यूनिटी को बूस्ट करता है. ऐसे में बहुत से लोग ऐसे हैं जो इम्यूनिटी को बूस्ट करने और कोरोना के संक्रमण से बचने के लिए काफी अधिक मात्रा में गिलोय का सेवन करते हैं, जो आपकी सेहत के लिए काफी नुकसानदायक साबित हो सकता है. आखिर गिलोय का ज्यादा इस्तेमाल कैसे हो सकता है आपकी सेहत के लिए खतरनाक? जानें एक्सपर्ट की राय, जानकारी के लिए देखिए ये वीडियो.

(Image Credit : Pixabay and Pexels)

कोरोना के मरीज इतने दिन बाद भी फैला सकते हैं संक्रमण, रहें सतर्क

19 जनवरी 2022

रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद अक्सर सोच लिया जाता है, कि वे ठीक हो चुके हैं और वायरस उनके शरीर से जा चुका है. लेकिन हालही में हुई एक स्टडी के मुताबिक, कुछ लोग क्वारंटीन पीरियड के बाद 10 दिनों तक भी संक्रामक रहते हैं और वायरस फैला सकते हैं. वहीं कुछ लोगों में यह वायरस 2 महीने से भी अधिक समय तक एक्टिव रहता है.

Omicron: सावधान! वैक्सीन की दोनों डोज लगा चुके लोगों में दिख रहे हैं कोरोना के ये 5 लक्षण (Photo Credit: Getty Images)

वैक्सीन की दोनों डोज ले चुके लोगों में भी दिख रहे ये 5 लक्षण

19 जनवरी 2022

प्रोफेसर स्पेक्टर ZOE कोविड स्टडी के प्रमुख वैज्ञानिक हैं, जिन्होंने लाखों ऐप उपयोगकर्ताओं के माध्यम से महामारी की गतिविधियों पर नज़र रखी है. उन्होंने बताया कि इसके बाद जब डेल्टा वैरिएंट आया तो हमनें इसके लक्षणों में बदलाव देखा, जिसकी वजह से टॉप रैंकिंग में चल रहे अल्फा के लक्षण गिर के नीचे चले गए और डेल्टा के लक्षण टॉप रैंकिंग में आ गए.

Delta के खिलाफ इम्यूनिटी बढ़ा सकता है Omicron, पर एक कंडीशन भी (Photo: Getty Images)

Delta के खिलाफ इम्यूनिटी बढ़ा सकता है Omicron, पर एक कंडीशन...

19 जनवरी 2022

कई एक्सपर्ट ने दावा किया है कि कोरोना का नया वैरिएंट इंसान की इम्यूनिटी बढ़ाने का काम कर रहा है. इस पर विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की चीफ साइंटिस्ट सौम्या स्वामीनाथन का महत्वपूर्ण बयान सामने आया है.