पत्रकारिता में हम कितनी भी सावधानी क्यों न बरतें, गलतियों की संभावना तब भी रहती है. जब भी कोई इसकी तरफ ध्यान आकर्षित करता है तो आजतक में हम उसे स्वीकारने में हिचकते नहीं है और उसे सुधारने में देर नहीं करते.
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यदि ख़बर प्रकाशित होने के बाद कोई नया तथ्य सामने आता है जिससे रेटिंग तो नहीं बदलती लेकिन कोई महत्वपूर्ण जानकारी जुड़ जाती है , तो हम उसे ख़बर के अंत में 'अपडेट' के रूप में मार्क कर देते हैं.
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