कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र केरल राज्य के कोझिकोड जिले में स्थित है. यह क्षेत्र राष्ट्रीय संसदीय चुनावों के लिए कोझिकोड लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है. केरल विधानसभा की कुल 140 सीटों में से यह 28वां विधानसभा क्षेत्र है. कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र का गठन 2008 के परिसीमन (Delimitation) के बाद किया गया था. इससे पहले यह क्षेत्र कैलिकट-II विधानसभा
क्षेत्र का हिस्सा हुआ करता था.
कोझिकोड साउथ एक शहरी (Urban) विधानसभा क्षेत्र है. यह कोझिकोड नगर निगम (Kozhikode Municipal Corporation) के कई वार्डों से मिलकर बना है. नगर निगम के वार्ड संख्या 17 से 38 तक और वार्ड संख्या 41 इस विधानसभा क्षेत्र में शामिल हैं. यह क्षेत्र शहर के घनी आबादी वाले हिस्सों को कवर करता है.
भारत निर्वाचन आयोग के अनुसार, 2021 के केरल विधानसभा चुनाव में कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र में कुल 1,57,765 पंजीकृत मतदाता थे. इनमें से लगभग 76,429 पुरुष, 81,333 महिलाएं, और 3 मतदाता तृतीय लिंग वर्ग से थे. इस चुनाव में कुल 1,19,297 मतदाताओं ने मतदान किया, जिससे मतदान प्रतिशत 75.62% रहा. यह उच्च मतदान प्रतिशत केरल की उस परंपरा को दर्शाता है, जहां नागरिकों की राजनीतिक भागीदारी मजबूत रही है. खासकर कोझिकोड साउथ जैसे शहरी क्षेत्रों में पुरुष और महिला दोनों मतदाता बड़ी संख्या में मतदान करते हैं.
2008 में परिसीमन के बाद अस्तित्व में आने के बाद से ही कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र एक कड़ा राजनीतिक मुकाबले वाला क्षेत्र बन गया है. यहां प्रमुख राजनीतिक गठबंधनों के बीच लगातार प्रतिस्पर्धा रही है.
इस क्षेत्र के गठन के बाद 2011 और 2016 के विधानसभा चुनावों में इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) के नेता डॉ. एम. के. मुनीर ने जीत हासिल की थी. आईयूएमएल (IUML), कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) का एक महत्वपूर्ण घटक है. इन जीतों से उस समय क्षेत्र में UDF की मजबूत संगठनात्मक पकड़ और जनसमर्थन स्पष्ट हुआ.
2021 के विधानसभा चुनाव में इस क्षेत्र में एक बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिला. पहली बार लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (LDF) से संबद्ध इंडियन नेशनल लीग (INL) ने यह सीट जीती. INL की स्थापना 1994 में IUML से अलग होकर की गई थी. इस जीत ने क्षेत्र में मतदाताओं के रुझान में आए बदलाव को दर्शायाय.
2021 के केरल विधानसभा चुनाव में कोझिकोड साउथ सीट पर LDF ने स्पष्ट जीत दर्ज की. अहमद देवर्कोविल (इंडियन नेशनल लीग - INL, LDF समर्थित) को 52,557 वोट मिले, जो कुल मतों का लगभग 44.15% था. एडवोकेट नूरबीना राशीद (IUML - UDF) को 40,098 वोट मिले, जो लगभग 33.68% रहे. नव्या हरिदास (BJP, NDA) को 24,873 वोट मिले, जो करीब 20.89% थे. अहमद देवर्कोविल ने 12,459 वोटों के अंतर से जीत हासिल की, जो कुल वैध मतों का लगभग 10.5% था.
कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र की चुनावी राजनीति कई महत्वपूर्ण रुझानों को दिखाती है. 2021 के चुनाव में LDF और INL ने अच्छा प्रदर्शन किया, जिससे यह साफ हुआ कि मतदाता स्थानीय नेतृत्व और गठबंधन की रणनीति के प्रति संवेदनशील हैं. वहीं, UDF और IUML की पकड़ पहले के चुनावों में मजबूत रही है और वे अब भी एक प्रभावशाली राजनीतिक शक्ति बने हुए हैं. इसके अलावा, BJP और NDA को लगभग 20.89% वोट शेयर मिला, जो इस क्षेत्र में उनकी बढ़ती मौजूदगी को दर्शाता है. खासकर युवा मतदाता और सेवा क्षेत्र (Service Sector) में काम करने वाले लोग BJP की ओर आकर्षित होते दिखाई दे रहे हैं.
कोझिकोड साउथ विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं के लिए कुछ अहम मुद्दे हमेशा चर्चा में रहते हैं, जिनमें शहरी बुनियादी ढांचा (Urban Infrastructure), रोजगार के अवसर और रोजगार की स्थिति, सार्वजनिक सेवाएं जैसे स्वास्थ्य, शिक्षा और परिवहन, और समुदाय कल्याण और सामाजिक विकास शामिल है.
कोझिकोड साउथ क्षेत्र में कई प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भी स्थित हैं, जो स्थानीय अर्थव्यवस्था और पर्यटन को बढ़ावा देते हैं. इन स्थलों में कोझिकोड साउथ बीच, मानंचिरा स्क्वायर और एस.एम. स्ट्रीट (स्वीट मीट स्ट्रीट) शामिल है.
(श्रेया प्रसाद)