भारतीय मौसम विभाग (IMD) के नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों में अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश की संभावना बनी हुई है. हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फराबाद, पंजाब और उत्तराखंड में 12 अक्टूबर को अलग-अलग स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है.
इसके साथ ही केरल और माहे तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 16 से 17 अक्टूबर के बीच भी अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश की संभावना जताई गई है. दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी के लिए परिस्थितियां सही होती जा रही हैं. अगले दो दिनों में पूर्वी भारत के कुछ और हिस्सों, उत्तरी प्रायद्वीप और पूर्वोत्तर भारत के कई क्षेत्रों से मॉनसून के और पीछे हटने की उम्मीद है. यह बदलाव मौसम में स्थिरता लाने वाला है लेकिन स्थानीय स्तर पर अचानक बारिश और तेज हवाओं का खतरा बना रहेगा.
हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पंजाब में 12 से 15 अक्टूबर के बीच अलग-अलग स्थानों पर गरज के साथ तूफान, बिजली कड़कने और तेज हवाओं की संभावना है. हवा की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है और कभी-कभी 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक का झोंका भी आ सकता है.
यह भी पढ़ें: लैंडस्लाइड से बने अस्थाई डैम के टूटने से बूढ़ी गंडकी में आया फ्लैश फ्लड, वैज्ञानिकों ने बताई बाढ़ की वजह
पश्चिमी राजस्थान में 13 से 15 अक्टूबर के दौरान हवा की गति 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा और कभी-कभी 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंचने की आशंका है. ऐसी स्थिति में खुले क्षेत्रों में सावधानी बरतनी चाहिए. पेड़ों के नीचे या ऊंची इमारतों के पास खड़े होने से बचना चाहिए क्योंकि तेज हवाएं नुकसान पहुंचा सकती हैं. किसानों को अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाने चाहिए.
#WATCH | Delhi: Rain lashes parts of the National Capital. Visuals from Jantar Mantar https://t.co/cexwSEGwKu
— ANI (@ANI) October 11, 2026
दिल्ली-NCR का मौसम पूर्वानुमान
दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के लिए 11 से 14 अक्टूबर का पूर्वानुमान जारी किया गया है. पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई जबकि न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ. अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 21 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा.
न्यूनतम तापमान कुछ जगहों पर सामान्य से काफी ऊपर (3.1 से 5.0 डिग्री) और कुछ स्थानों पर सामान्य से ऊपर (1.6 से 3.0 डिग्री) रहा जबकि बाकी हिस्सों में सामान्य था. अधिकतम तापमान कई जगहों पर सामान्य से नीचे (-1.6 से -3.0 डिग्री) रहा. आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहा और हवा दक्षिण-पूर्व दिशा से 22 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से चल रही थी.
12 अक्टूबर का पूर्वानुमान
12 अक्टूबर को आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा. अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 22 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है. न्यूनतम तापमान ज्यादातर जगहों पर सामान्य से ऊपर (1.6 से 3.0 डिग्री) रहेगा जबकि अधिकतम तापमान ज्यादातर स्थानों पर सामान्य के आसपास होगा. सुबह हवा दक्षिण-पूर्व दिशा से 20 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से चल सकती है. दोपहर में गति घटकर 18 किलोमीटर प्रति घंटा रह जाएगी और शाम-रात में फिर 20 किलोमीटर प्रति घंटा तक बढ़ सकती है.
यह भी पढ़ें: जिस समंदर से भरता है लोगों का पेट, वहीं बनेगी तेल रिफाइनरी, केन्या के लामू में बढ़ी चिंता
13 अक्टूबर का मौसम
13 अक्टूबर को भी आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा. अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री और न्यूनतम 23 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है. न्यूनतम तापमान ज्यादातर जगहों पर सामान्य से ऊपर रहेगा जबकि अधिकतम सामान्य के करीब होगा. सुबह हवा 22 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. दोपहर में 18 किलोमीटर प्रति घंटा और शाम-रात में 15 किलोमीटर प्रति घंटा तक घटकर रह जाएगी. हवा की दिशा दक्षिण-पूर्व ही बनी रहेगी.
#WATCH | Delhi: Rain lashes parts of the National Capital. Visuals from Nehru Place. https://t.co/e89cjclIBE
— ANI (@ANI) October 12, 2026
14 अक्टूबर का अनुमान
14 अक्टूबर को आसमान आंशिक बादलों से ढका रहेगा. अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 23 से 25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की उम्मीद है. न्यूनतम तापमान ज्यादातर स्थानों पर सामान्य से ऊपर रहेगा जबकि अधिकतम सामान्य के आसपास होगा. सुबह हवा 20 किलोमीटर प्रति घंटा की गति से चलेगी. दोपहर में 18 किलोमीटर प्रति घंटा और शाम-रात में फिर 20 किलोमीटर प्रति घंटा तक बढ़ सकती है.
मॉनसून की वापसी और इसका प्रभाव
दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी प्रक्रिया तेज हो रही है. पूर्वी भारत, उत्तरी प्रायद्वीप और पूर्वोत्तर के कई हिस्सों से अगले दो दिनों में और पीछे हटने की संभावना है. इससे उत्तर भारत में मौसम अपेक्षाकृत स्थिर होने लगेगा लेकिन स्थानीय स्तर पर अभी भी बारिश और तूफान की घटनाएं हो सकती हैं.
मॉनसून की वापसी के बाद तापमान में धीरे-धीरे वृद्धि शुरू हो सकती है लेकिन अभी रातें अपेक्षाकृत ठंडी बनी रहेंगी. दिल्ली-NCR में हल्की से मध्यम बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हो सकता है. सड़कों पर जलभराव की संभावना कम है लेकिन तूफान और तेज हवाओं के कारण कुछ असुविधा हो सकती है.
यह भी पढ़ें: कहीं गायब न हो जाए ठंड! अल-नीनो के मजबूत होने से मौसम पर मंडराया खतरा
किसानों को सलाह है कि वे अपनी फसलों को तेज हवाओं और बारिश से बचाने के उपाय करें. पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है इसलिए सतर्क रहना जरूरी है. यात्रियों को मौसम अपडेट्स पर नजर रखने की सलाह दी जाती है.
कुल मिलाकर अगले कुछ दिनों में उत्तर भारत में मौसम परिवर्तनशील रहेगा. अलग-अलग जगहों पर बारिश और तूफान की संभावना बनी हुई है जबकि दिल्ली में आंशिक बादल और हल्की बारिश का दौर चलेगा. तापमान सामान्य के आसपास या थोड़ा ऊपर-नीचे रहेगा.
नागरिकों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देना चाहिए और आवश्यक सावधानियां बरतनी चाहिए. मॉनसून की वापसी से मौसम में स्थिरता आएगी लेकिन स्थानीय खतरों से सतर्क रहना जरूरी है. नियमित अपडेट्स के लिए आधिकारिक स्रोतों पर नजर रखें.