बहुजन समाज पार्टी 22 जून को फैजाबाद में बड़ी रैली आयोजित करेगी जहां वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे. पार्टी ने स्पष्ट किया है कि वह किसी राजनीतिक दल के साथ गठबंधन नहीं करेगी और अपने दम पर चुनाव लड़ेगी.
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने दावा किया है कि बीजेपी उन सीटों पर विधायकों के टिकट काटेगी, जहां से लोकसभा चुनाव में इंडिया ब्लॉक के उम्मीदवार जीते हैं.
लखनऊ के कंसा पासी किला विवाद को लेकर लाखन आर्मी ने हरदोई से यात्रा की शुरुआत कर दी है, जो 31 जिलों तक जाएगी. इस यात्रा की अगुवाई सूरज पासी कर रहे हैं.
यूपी में दलित वोट साधने के लिए बीजेपी ने अब पासवान की पार्टी की एंट्री की तैयारी कर ली है. पिछले कुछ महीनों से एलजेपी के नेता यूपी के मामलों में सक्रिय हैं. अरुण भारती के साथ प्रतिनिधि दल की सीएम योगी से मुलाकात भी हो चुकी है. चिराग पासवान की पार्टी का एक पोस्टर इन दिनों यूपी में अखिलेश के पीडीए फॉर्मूले की काट के तौर पर देखा जा रहा है. हरा गमछा और लाल टोपी लिखकर बनाये गए इस पोस्टर में दलित वोटर पर खास फोकस किया गया है. देखें वीडियो.
जयंत चौधरी की पार्टी की नजर पारंपरिक आधार वाली सीटों के साथ ही नई सीटों पर भी है. आरएलडी पू्र्वांचल में भी एक से दो विधानसभा सीटों पर नजर गड़ाए हुए है, जहां वह उम्मीदवार उतारना चाहती है.
दिल्ली में इंडिया गठबंधन की बैठक में अखिलेश यादव और राहुल गांधी की सियासी केमिस्ट्री देखने को मिली. कांग्रेस के नरम तेवर अपनाए रखा तो सपा ने सख्त रुख अपनाया. अखिलेश ने कांग्रेस से बड़ा दिल दिखाने की बात कह कर 2027 के चुनाव के लिए सीट शेयरिंग का दांव चल दिया है.
यूपी में प्रतीकों की राजनीति पर प्रहार है. फिर परंपरा और तुष्टिकरण के बीच टकराव है...और फिर सत्ता की सीढ़ियों पर संघर्ष है. यूपी की सियासत में टोटी अब नल का पुर्जा नहीं...नैरेटिव का नश्तर बन चुकी है. और राम मंदिर...सिर्फ श्रद्धा का केंद्र नहीं...सियासी शक्ति का शिखर बन चुका है. कानून व्यवस्था, भ्रष्टाचार के आरोप जैसे मुद्दे भी सिर चढ़कर बोल रहे हैं. इन्हीं मुद्दों पर सीएम योगी और अखिलेश यादव में क्लेश बढ़ गया है. 2027 के लिए 2017 के मुद्दे तराशे जा रहे हैं. देखें दंगल.
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की राजनीति में एक और अहम शुरुआत आज गुरुवार से पश्चिमी यूपी में हुई है. पश्चिमी यूपी में करीब 3 दर्जन सीटों पर 35 से 45 फीसदी वोट की पकड़ रखने वाले राष्ट्रीय लोक दल के नेता जयंत चौधरी ने भी चुनावी मुहिम शुरू की. देखें Video.
नगीना सांसद एडवोकेट चंद्रशेखर को पुलिस ने बिजनौर जिले के धामपुर स्थित उनके आवास पर ही हाउस अरेस्ट कर दिया है. आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर सत्ता परिवर्तन यात्रा की शुरुआत करने वाले थे.
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने हैं और चुनावों से पहले नेतृत्व को लेकर लगाए जा रहे कयासों पर सूबे की सरकार के दो प्रमुख ब्राह्मण चेहरों ने विराम लगा दिया है.
आरएलडी प्रमुख जयंत चौधरी गुरुवार को मुरादाबाद से मिशन-2027 के लिए हुंकार भरेंगे. मुरादाबाद सपा का मजबूत गढ़ माना जाता है, जहां से रैली करके जयंत चौधरी आरएलडी के लिए सियासी जमीन तैयार करने का काम करेंगे. अब देखना है कि बीजेपी के लिए बंजर जमीन को कितना सींच पाएंगे?
यूपी एटीएस ने आजमगढ़ से एक संदिग्ध आतंकी को पकड़ा है. इस गिरफ्तारी को लेकर यूपी सरकार के मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने एटीएस को बधाई दी है और विपक्षी समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा है.
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर इटावा में सियासी सरगर्मी बढ़ गई है. असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम (AIMIM) ने ई-रिक्शा पर पोस्टर-बैनर लगाकर प्रचार शुरू कर दिया है. इसी बीच पार्टी ने समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं पर उनके प्रचारकों को डराने-धमकाने का बड़ा आरोप लगाया है.
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए सपा ने सीटों का चयन किस आधार पर होगा इसका भी फॉर्मूला तैयार किया है. सपा ने संभावित कैंडिडेट की जमीनी पकड़ जानने के लिए सर्वे करवा रही है. सीट के सर्वे और फीडबैक के आधार पर टिकट वितरण हुआ तो फिर सिफारिशी चेहरों का क्या होगा?
केरलम में जीत के बाद कांग्रेस की नजर अब उत्तर प्रदेश और पंजाब पर है. पंजाब में गुटबाजी और कमजोर प्रदर्शन, जबकि यूपी में संगठन, गठबंधन और सीट बंटवारे की चुनौतियां पार्टी के सामने सबसे बड़ी राजनीतिक परीक्षा बनकर खड़ी हैं.
उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाला विधानसभा चुनाव सपा के लिए काफी अहम माना जा रहा है. दस साल से सत्ता का वनवास झेल रहे सपा प्रमुख अखिलेश यादव 2027 में किसी तरह की कोई गलती नहीं करना चाह रहे हैं. इसीलिए टिकट वितरण के लिए नया फॉर्मूला तैयार किया है.
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव समय से पहले कराए जाने की अटकलें तेज हैं. अगले साल होने वाली जनगणना को देखते हुए राजनीतिक दल तैयारियों में जुट गए हैं, हालांकि चुनाव आयोग की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है. फिलहाल चुनाव पूर्व कराए जाने की अटकलों पर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन जनगणना और चुनावी कैलेंडर को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होती दिखाई दे रही हैं
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव समय से पहले हो सकते हैं, क्योंकि जनगणना फरवरी-मार्च में होनी है, उस समय चुनाव का वक्त होता है. ऐसे में एक साथ दोनों ही काम नहीं कराए जा सकते हैं, जिसके चलते माना जा रहा है कि 2026 के आखिर में विधानसभा चुनाव कराए जा सकते हैं?
उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी अपने सियासी समीकरण को दुरुस्त करने में जुट गई है. योगी मंत्रिमंडल के विस्तार के बाद अब संगठनात्मक बदलाव का प्लान है. इसी मद्देनजर योगी सरकार के कई मंत्रियों सहित दोनों डिप्टीसीएम को दिल्ली बुलाया गया है.
उत्तर प्रदेश में मायावती ने साल 2007 में ब्राह्मण वोटों को साधकर पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाई थी, 20 साल के बाद फिर से मायावती ब्राह्मणों के सहारे यूपी की चुनावी बाजी जीतना चाहती हैैं, लेकिन 2007 से 2027 की सियासी राह काफी अलग है. ऐसे में ब्राह्मणों का दिल जीतना कितना मुश्किल है जानिए.
उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए बीजेपी ने अपनी सियासी एक्सरसाइज शुरू कर दी है. यूपी की सियासी तपिश के बीच संघ प्रमुख मोहन भागवत लखनऊ के दौरे पर पहुंचे हैं, जिसे लेकर सियासी मायने निकाले जाने लगे हैं.