प्रशासनिक और भौगोलिक रूप से यह क्षेत्र पलक्कड जिले के पश्चिमी हिस्से में आता है और इसका केंद्र पट्टांबी शहर है. इसके अंतर्गत ओट्टाप्पालम तालुक की कोप्पम, कुलुक्कल्लूर, मुथुथला, ओंगल्लूर, पट्टांबी, थिरुवेगापुरा, वल्लपुझा और विलायूर पंचायतें शामिल हैं. यह इलाका भरथपुझा (नीला) नदी के किनारे बसा हुआ है, और पट्टांबी शहर आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए एक व्यापारिक और प्रशासनिक केंद्र की तरह काम करता है.
मतदाता भागीदारी की बात करें तो चुनाव आयोग के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 2021 के केरल विधानसभा चुनाव में पट्टांबी में कुल 1,94,989 पंजीकृत मतदाता थे. इनमें 96,571 पुरुष और 98,418 महिला मतदाता शामिल थे, साथ ही थोड़ी संख्या में ऐसे मतदाता भी थे जो विदेश में रहकर काम कर रहे थे. इस चुनाव में कुल 1,51,519 वैध वोट डाले गए और मतदान प्रतिशत 78.06% रहा, जो केरल के सामान्य तौर पर उच्च मतदान वाले रुझान के अनुरूप है.
राजनीतिक इतिहास में पट्टांबी ने कई तरह के प्रतिनिधित्व देखे हैं, जो केरल में लेफ्ट (वाम मोर्चा) और यूडीएफ (United Democratic Front) के बीच होने वाले बड़े राजनीतिक उतार-चढ़ाव को भी दर्शाता है. शुरुआती वर्षों में CPI/CPI(M) जैसे वामपंथी दलों के नेताओं ने अक्सर जीत दर्ज की, लेकिन बाद में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) ने भी यहां मजबूत पकड़ बनाई. खासकर 1990 के दशक के अंत और 2000 के शुरुआती वर्षों में कांग्रेस के C.P. मोहम्मद कई बार विधायक रहे, जिससे उस दौर में यूडीएफ की ताकत साफ दिखाई देती है. इसके बाद 2016 में बड़ा बदलाव आया, जब CPI (LDF) के मुहम्मद मुहसिन ने मौजूदा विधायक को हराकर सीट जीत ली.
2021 विधानसभा चुनाव में भी मुहम्मद मुहसिन (CPI, LDF) ने पट्टांबी सीट पर अपनी पकड़ मजबूत रखते हुए दोबारा बड़ी जीत दर्ज की. उन्हें कुल 75,311 वोट मिले, जो डाले गए वैध वोटों का लगभग 49.58% था. दूसरे स्थान पर कांग्रेस (INC, UDF) के रियाज मुक्कोली रहे जिन्हें 57,337 वोट मिले. वहीं भाजपा (BJP, NDA) के K. M. हरिदास को 14,578 वोट प्राप्त हुए. मुहसिन ने कुल 17,974 वोटों के अंतर से जीत हासिल की, जो कुल मतदान का लगभग 11.84% माना गया, और यह दिखाता है कि मुकाबला कड़ा होने के बावजूद उनकी स्थिति काफी मजबूत रही.
सामाजिक और आर्थिक विशेषताओं की बात करें तो यहां की धार्मिक संरचना में मुस्लिम समुदाय की संख्या प्रमुख मानी जाती है, साथ ही हिंदू और अन्य धर्मों के लोग भी मौजूद हैं. पट्टांबी और आसपास की पंचायतों की अर्थव्यवस्था में छोटा व्यापार, दुकानदारी, सेवाक्षेत्र और कृषि का मिश्रण दिखाई देता है. पालक्काड जिला केरल का एक प्रमुख कृषि क्षेत्र है और इसे धान उत्पादन के कारण अक्सर केरल का “ग्रेनरी (अनाज का भंडार)” कहा जाता है. यहां धान, नारियल और फलों की खेती व्यापक रूप से होती है और ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी कृषि और उससे जुड़े कामकाज कई परिवारों की आमदनी का बड़ा आधार हैं.
मतदाता व्यवहार और चुनावी रुझानों में पट्टांबी में मुख्य मुकाबला आमतौर पर LDF और UDF के बीच ही रहता है, लेकिन हाल के वर्षों में भाजपा (BJP, NDA) भी एक छोटे लेकिन महत्वपूर्ण खिलाड़ी के रूप में उभरती दिखी है. 2016 और 2021 में CPI की जीत यह बताती है कि इस क्षेत्र में वाम मोर्चे की संगठनात्मक ताकत और वोट आधार मजबूत रहा है, जबकि पहले के दशकों में यहां CPI/CPI(M) और कांग्रेस के बीच अधिक बदलती हुई राजनीति देखने को मिलती थी.
इस विधानसभा क्षेत्र में प्रमुख मुद्दों में स्वास्थ्य सेवाओं और शिक्षा में सुधार, इंफ्रास्ट्रक्चर (सड़क, परिवहन, सार्वजनिक सुविधाएं) को बेहतर बनाना, और कृषि को समर्थन देना शामिल है.
पर्यटन और देखने लायक स्थानों में थिरुमिट्टाकोडे अंचुमूर्ति मंदिर, भरथपुझा नदी का किनारा, पट्टांबी ब्रिज व्यूपॉइंट, उमिक्कुन्नु हिल, और कक्कट्टू माना जैसे स्थान प्रमुख हैं.
(श्रेया प्रसाद)
Riyas Mukkoli
INC
K.m.haridas
BJP
Ameer Ali .s.p
SDPI
S. Mujeeb Rehman
WPOI
Narayanan. T.p
BSP
Nota
NOTA
केरलम में अमित शाह ने LDF और UDF पर तीखा हमला बोला. उन्होंने PFI, वक्फ और भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों को उठाते हुए NDA सरकार को विकल्प बताया. उन्होंने कहा कि यह चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन नहीं, बल्कि केरल के भविष्य का चुनाव है.
केरल चुनाव से ठीक पहले त्रिशूर में वोट के बदले किट बांटने का बड़ा मामला सामने आया है. चुनाव आयोग की टीम ने छापेमारी कर अवैध रूप से बांटी जा रही राशन की किट और शराब के कूपन पकड़े हैं. विपक्षी दलों ने सीधा आरोप लगाया है कि बीजेपी वोटरों को लुभाने के लिए किट और शराब के कूपन बांट रही है. हालांकि, बीजेपी उम्मीदवार ने इन आरोपों से पल्ला झाड़ लिया है.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी आज केरलम के दौरे पर थे. जहां उन्होंने एक बार फिर ईरान युद्ध को लेकर मोदी सरकार को जमकर घेरा. राहुल ने कहा कि पीएम मोदी ने देश की ऊर्जा सुरक्षा को खतरे में डाल दिया है. उन्होंने कहा कि आखिर ट्रंप कौन होते हैं ये बताने वाले कि भारत तेल और गैस कहां से खरीदें. देखें वीडियो.
केरलम में चुनावी माहौल के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तिरुवल्ला रैली में बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि राज्य में बदलाव तय है और LDF सरकार का काउंटडाउन शुरू हो चुका है. प्रधानमंत्री ने कहा कि इस बार जनता का रुख बदला हुआ है और NDA को व्यापक समर्थन मिल रहा है. प्रधानमंत्री ने कांग्रेस और उसके सहयोगियों पर भी निशाना साधा है.
प्रधानमंत्री मोदी आज 'मिशन केरलम' पर तिरुवल्ला पहुंचे. जहां उन्होंने रैली की. इसके बाद जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने लेफ्ट सरकार पर वार किया. उन्होंने कहा कि केंद्र का फायदा जनता तक नहीं पहुंचने दिया गया. पीएम ने कहा कि केरलम की जनता ने LDF सरकार की विदाई पक्की कर ली है. देखें वीडियो.
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी केरल में एक संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन पर भड़कते नजर आए. उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय तक सत्ता में बने रहने से दोनों नेताओं में अहंकार आ गया है और वो सत्ता के नशे में चूर हो गए हैं. राहुल ने कहा कि ये नेता अब जनता की नहीं सुनते.
हालात बिगड़ता देख शशि थरूर के गनमैन ने बीच-बचाव करने और रास्ता साफ कराने की कोशिश की, तो उपद्रवियों ने उस पर भी हमला कर दिया. गनमैन के साथ धक्का-मुक्की और हाथापाई की गई, जिससे मौके पर काफी तनाव फैल गया.
केरल विधानसभा चुनाव के लिए 9 अप्रैल को मतदान है, लेकिन ईरान के साथ अमेरिया और इजरायल की चल रही जंग खत्म होने नहीं हो रही है. इसका असर केरल के चुनाव में भी पड़ता दिख रहा है, क्योंकि गल्फ देशों में रहने वाले मलयाली वोटर्स इस बार मतदान के लिए नहीं आ पा रहे हैं.
केरल चुनाव के बीच पीएम मोदी 4 अप्रैल को तिरुवनंतपुरम और तिरुवल्ला में जनसभा और रोड शो करेंगे. NDA शक्ति प्रदर्शन के जरिए वोटरों तक पहुंच बनाने की रणनीति अपनाएगा.
कोच्चि से कोल्लम तक की इस ग्राउंड रिपोर्ट में चुनावी माहौल, वोटरों की उलझन और राजनीतिक जोश साफ दिखता है. रास्ते में LDF और UDF के घोषणापत्र, रैली में कांग्रेस समर्थकों का भरोसा और प्रियंका गांधी का भाषण इस चुनाव की तस्वीर पेश करते हैं. हालांकि इंटरव्यू का मौका आखिरी पल में छूट गया, लेकिन यही फील्ड रिपोर्टिंग की असली चुनौती भी है.