तेलंगाना में एक बार फिर भूमि आवंटन को लेकर घमासान शुरू हो गया है. BRS ने मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी पर अपने पद का गलत इस्तमेाल करने और परिवार को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाया है. BRS ने प्रस्तावित 'फोर्थ सिटी' में 'टेसेरैक्ट एडवांस्ड सिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड' को सरकारी जमीन आवंटित करने के मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है.
'टेसेरैक्ट एडवांस्ड सिस्टम्स प्राइवेट लिमिटेड' के चेयरमैन मुख्यमंत्री के भाई अनुमुला कोंडल रेड्डी हैं. ऐसे में बीआरएस ने मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग भी की है.
BRS ने सरकार से इस आवंटन को तुरंत रद्द करने और फोर्थ सिटी प्रोजेक्ट में दी गई सभी जमीनों का ब्योरा सार्वजनिक करने की अपील की है.
तेलंगाना भवन में एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए BRS के प्रवक्ता मन्ने क्रिशांक ने इस जमीन आवंटन पर सवाल खड़े किए. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के भाई की कंपनी को जमीन दिया जाना हितों के टकराव और पारदर्शिता की कमी को दिखाता है.
कंपनी की योग्यता पर उठाए सवाल
मन्ने क्रिशांक ने कंपनी की योग्यता पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि कॉर्पोरेट रिकॉर्ड के मुताबिक कंपनी की चुकता पूंजी महज 1 लाख रुपये है. इसके अलावा लेटेस्ट सालाना फाइलिंग में कर्मचारियों की संख्या शून्य दर्ज है. उन्होंने सवाल किया कि एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्र में काम करने का दावा करने वाली ऐसी कंपनी को इतनी कीमती जमीन कैसे दी गई?
बीआरएस प्रवक्ता ने ये भी आरोप लगाया कि पाटनचेरु के किश्तारेड्डीपेट में कंपनी का रजिस्टर्ड पता एक रेसिडेंशियल प्रॉपर्टी है. उन्होंने केंद्रीय अधिकारियों और DPIIT से जरूरी इंडस्ट्रियल लाइसेंस और मंजूरियों के अस्तित्व पर भी सवाल खड़े किए.
करोड़ों की जमीन कौड़ियों के भाव देने का आरोप
TGIIC के दस्तावेजों का हवाला देते हुए BRS ने दावा किया कि राविरियाल में करीब 20,234 स्क्वायर मीटर जमीन कंपनी को 3,707 रुपये प्रति वर्ग मीटर की दर से दी गई है. उन्होंने आरोप लगाया कि मार्किट रेट के हिसाब से इस जमीन की कीमत कई सौ करोड़ रुपये है.
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स्वतंत्र जांच और इस्तीफे की मांग
बीआरएस नेता ने कहा कि जब तक रेवंत रेड्डी मुख्यमंत्री पद पर बने रहेंगे, तब तक निष्पक्ष जांच मुमकिन नहीं है. इसलिए उन्होंने मामले की स्वतंत्र जांच कराने और मुख्यमंत्री से तुरंत इस्तीफा देने की मांग की है.