नेपाल में प्राकृतिक आपदा और भारी तबाही के दौरान भारतीय किसान नेता राकेश टिकैत अपने 8 से 9 सदस्यों के प्रतिनिधिमंडल के साथ पोखरा में मौजूद हैं. 26 अगस्त को आई इस आपदा के बाद रास्ते बंद होने के कारण उन्होंने अपनी गाड़ियां पोखरा में ही छोड़ दी हैं. टिकैत ने पोखरा से एक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर करके अपने और पूरी टीम के पूरी तरह सुरक्षित होने की जानकारी दी है. वे पोखरा से काठमांडू पहुंचकर फ्लाइट के जरिए 28 तारीख की रात तक दिल्ली लौटेंगे. इस दौरान उन्होंने नेपाल के स्थानीय किसान संगठनों से संपर्क कर वहां फंसे भारतीय पर्यटकों और प्रभावित लोगों की मदद करने की अपील की है.
पोखरा में रास्ते बंद, गाड़ियां छोड़कर फ्लाइट से लौटेंगे टिकैत
राकेश टिकैत ने पोखरा से जारी अपने वीडियो में दिखाया कि किस तरह पूरा क्षेत्र घने बादलों और मूसलाधार बारिश की चपेट में है. भीषण बारिश के कारण सड़कें बंद हो चुकी हैं, जिस वजह से उन्हें अपनी गाड़ियां वहीं छोड़नी पड़ी हैं. उन्होंने बताया कि उनकी 8 से 9 लोगों की पूरी टीम पोखरा में सुरक्षित स्थान पर रुकी हुई है. काठमांडू के लिए फ्लाइट का टिकट मिल गया है, जहां से वे परसों यानी 28 तारीख की रात तक भारत वापस पहुंच जाएंगे.
नेपाल में फंसे पर्यटकों की मदद के लिए किसान संगठनों से संपर्क
टिकैत ने बताया कि इस आपदा में नेपाल के स्थानीय निवासियों के साथ-साथ भारत के कई पर्यटक भी फंसे और लापता हुए हैं. उन्होंने स्थानीय किसान संगठनों से संपर्क साधकर हर संभव राहत पहुंचाने की बात कही है. टिकैत ने अपील की कि चाहे पर्यटक किसी भी देश का हो, उसकी मदद की जानी चाहिए. उन्होंने सरकार और स्थानीय लोगों से भी प्रभावितों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने में सहयोग करने की बात कही है.
चिंता जताने वाले शुभचिंतकों का जताया आभार
वायरल वीडियो के अंत में किसान नेता ने लगातार फोन कर हाल-चाल लेने वाले अपने सभी शुभचिंतकों का धन्यवाद किया. उन्होंने कहा कि आपदा बड़ी है, लेकिन वे और उनका पूरा डेलिगेशन सुरक्षित है. 28 तारीख की रात तक दिल्ली पहुंचने की योजना शेयर करते हुए उन्होंने जय हिंद और जय संविधान के साथ अपनी बात समाप्त की.