2022 में शुरू हुई उत्तर प्रदेश की अटल आवासीय विद्यालय योजना, निर्माण श्रमिकों और अन्य कमजोर परिवारों के बच्चों को मुफ्त CBSE-मान्यता प्राप्त आवासीय शिक्षा देती है- हर मंडल में एक स्कूल के साथ.
निर्माण कार्य भारत में सबसे अनिश्चित रोजगारों में से एक है, मजदूर महीनों के लिए पलायन करते हैं, और इसी वजह से उनके बच्चे अक्सर स्थिर स्कूली शिक्षा से वंचित रह जाते हैं. उत्तर प्रदेश सरकार की अटल आवासीय विद्यालय (AAV) योजना, जो 2022 में शुरू हुई, इसी कमी को दूर करने के लिए बनाई गई है.
अटल आवासीय विद्यालय क्या है?
यह योजना श्रम एवं रोजगार विभाग के अंतर्गत उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड (UPBOCW) द्वारा लागू की जाती है, इसके तहत कक्षा 6 से 12 तक मुफ्त आवासीय शिक्षा, रहना-खाना, यूनिफॉर्म और किताबें दी जाती हैं, और पाठ्यक्रम CBSE से मान्यता प्राप्त है.
पात्रता की शर्तें
स्कूलों में क्या सुविधाएं मिलती हैं
क्लासरूम के अलावा, इन कैंपसों में लड़कों और लड़कियों के लिए अलग-अलग हॉस्टल, डाइनिंग हॉल, ऑडिटोरियम, खेल सुविधाएं, रेजिडेंट नर्स के साथ सिक रूम, और परिसर में ही शिक्षकों के क्वार्टर शामिल हैं. मकसद है उन बच्चों को पूरी तरह से बोर्डिंग-स्कूल जैसा अनुभव मुफ्त में देना, जिनके परिवार अन्यथा इसका खर्च नहीं उठा सकते.
आवेदन कैसे करें
हर साल आमतौर पर जनवरी के अंत से फरवरी के मध्य के बीच दाखिले की सूचना जारी होती है, और कक्षा 6 व 9 के लिए प्रवेश परीक्षा होती है. आवेदन फॉर्म upbocw.in पर या जिला श्रम कार्यालय से उपलब्ध होते हैं. जरूरी दस्तावेजों में माता-पिता का यूपी लेबर कार्ड/निर्माण श्रमिक रजिस्ट्रेशन और बच्चे का आधार कार्ड शामिल है.