कॉकरोच जनता पार्टी (Cockroach Janta Party) एक भारतीय व्यंग्यात्मक (सटायर) राजनीतिक आंदोलन है. इस आंदोलन की शुरुआत 16 मई 2026 को आम आदमी पार्टी के पूर्व सोशल मीडिया रणनीतिकार अभिजीत दिपके ने की थी. यह पार्टी पारंपरिक राजनीति से अलग, व्यंग्य और इंटरनेट कल्चर के जरिए युवाओं की नाराजगी और बेरोजगारी के मुद्दों को सामने लाने के लिए बनाई गई..
इस आंदोलन की शुरुआत उस समय हुई जब 15 मई 2026 को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कुछ बेरोजगार युवाओं की तुलना “कॉकरोच” और “समाज के परजीवी” से की. यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और कई युवाओं ने इसे अपमानजनक माना. इसके अगले ही दिन अभिजीत दिपके ने X (पहले Twitter) पर “सभी कॉकरोचों के लिए एक मंच” बनाने की घोषणा कर की.
उन्होंने मजाकिया अंदाज में पार्टी में शामिल होने के लिए कुछ “योग्यताएं” भी बताईं, जैसे बेरोजगार होना, आलसी होना, हमेशा ऑनलाइन रहना और प्रोफेशनल तरीके से अपनी भड़ास निकालना. यही बात इंटरनेट यूजर्स को काफी पसंद आई और देखते ही देखते यह आंदोलन वायरल हो गया.
16 मई को “कॉकरोच जनता पार्टी” की वेबसाइट लॉन्च हुई, जिसकी टैगलाइन थी - “आलसियों और बेरोजगारों की आवाज”. शुरुआत के सिर्फ 48 घंटों में ही इस प्लेटफॉर्म ने 40 हजार से ज्यादा रजिस्ट्रेशन का दावा किया. बाद में यह संख्या 70 हजार से भी आगे पहुंच गई.
21 मई 2026 तक Instagram पर इसके 10 मिलियन से ज्यादा और X पर 1.5 लाख से अधिक फॉलोअर्स हो चुके थे.
सरकारी भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता और निष्पक्षता की मांग को लेकर उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में अभ्यर्थी लखनऊ पहुंचे. इको गार्डन में आयोजित प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने भर्ती प्रक्रियाओं में कथित अनियमितताओं, पेपर लीक और परिणामों से जुड़े मुद्दों को उठाया. प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने सरकार से निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया सुनिश्चित करने की मांग की और अपनी समस्याओं को प्रमुखता से रखा.
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से 13 जून तक इस्तीफा देने की मांग की है. उन्होंने आरोप लगाया कि नीट, सीबीएसई और सीयूईटी जैसी परीक्षाओं में गड़बड़ियों से लाखों छात्र प्रभावित हुए हैं. दिपके ने चेतावनी दी कि मांग पूरी नहीं होने पर राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा. उन्होंने कहा कि 20 जून को देशभर के छात्र और युवा दिल्ली पहुंचकर विरोध प्रदर्शन करेंगे.
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का मजाक उड़ाने के बाद, अब एल्विश ने खुद की एक तथाकथित 'खरगोश जनता पार्टी' अनाउंस कर दी है. एल्विश ने इस डमी पार्टी का बकायदा एक मजेदार पोस्टर और मैनिफेस्टो भी जारी किया है, जिसमें उन्होंने लोगों को जंतर-मंतर पहुंचने और 'फ्री गाजर' देने का ऑफर दिया है.
एल्विश यादव ने मजाकिया अंदाज में ‘खरगोश जनता पार्टी’ की घोषणा की है. पोस्टर, नारे और व्यंग्यात्मक टिप्पणियों के साथ उनकी पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है. एल्विश की इस पोस्ट पर सोशल मीडिया पर मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं. कुछ यूजर्स ने इसे मनोरंजक बताया, जबकि अन्य ने इसकी आलोचना भी की.
कॉकरोच पार्टी का आंदोलन अब तेज होता नजर आ रहा है, जहां अभिजीत दिपके ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफे की मांग की है. सोशल मीडिया से शुरू हुआ यह विरोध अब जंतर मंतर तक पहुंच गया है और देशभर में बड़े प्रदर्शन की चेतावनी दी गई है, जिससे मामला लगातार गरमाता जा रहा है.
INDIA ब्लॉक की बैठक के दौरान कॉकरोच जनता पार्टी का मुद्दा भी चर्चा में आया. कई विपक्षी नेताओं ने कहा कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाने वाले किसी भी आंदोलन का समर्थन किया जाना चाहिए.
बलरामपुर में सस्पेंडेड बरेली सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ को भाजपा की C टीम बताते हुए गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने राम मंदिर दान राशि में गड़बड़ी और धार्मिक स्थलों के विकास मॉडल पर सवाल उठाए. अखिलेश यादव ने मामले पर कोर्ट से संज्ञान की मांग की, जबकि ट्रस्ट ने ऑडिट जारी होने की बात कही. अग्निहोत्री ने पुलिस एनकाउंटर नीति और प्रशासन पर भी सवाल उठाए.
जंतर-मंतर पर आयोजित विरोध प्रदर्शन में छात्रों और युवाओं की बड़ी भागीदारी देखने को मिली. कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके भी कार्यक्रम में शामिल हुए और शिक्षा तथा परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी बात रखी. प्रदर्शन के दौरान विभिन्न मांगों को लेकर आवाज उठाई गई. पुलिस की निगरानी में कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से जारी रहा और पूरे घटनाक्रम पर राजधानी की नजर बनी रही.
जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में राजनीतिक और सामाजिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. दिल्ली पुलिस द्वारा अनुमति दिए जाने के बाद कार्यक्रम को लेकर तैयारियां और चर्चाएं बढ़ गई हैं. प्रदर्शन का नेतृत्व अभिजीत दिपके कर रहे हैं, जिन्होंने समर्थकों से शांतिपूर्ण तरीके से शामिल होने की अपील की है. प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया गया है.
दिल्ली में प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन को लेकर गतिविधियां तेज हो गई हैं. आंदोलन से जुड़े प्रमुख चेहरे अभिजीत दिपके राजधानी पहुंच चुके हैं और उन्होंने समर्थकों से शांतिपूर्ण तरीके से शामिल होने की अपील की है. दूसरी ओर प्रशासन ने भी सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए व्यापक तैयारियां की हैं. प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा बढ़ गई है तथा राजधानी में पूरे घटनाक्रम पर सभी की नजर बनी हुई है.
बीते एक हफ्ते से पूरे भारत में एक ही पार्टी की चर्चा है. कॉकरोच जनता पार्टी... एक बयान की वजह से खड़ा हुआ ये कैंपेन अब युवाओं में ऐसा छा गया है... कि इंस्टाग्राम पर BJP, कांग्रेस को पीछे छोड़ दिया है. 2 करोड़ से ज्यादा फॉलोवर्स इस पेज के हो चुके हैं. कॉकरोच पार्टी को लेकर सियासत भी चरम पर है.
कॉकरोच जनता पार्टी ने सोशल मीडिया पर खलबली मचा दी है. चीफ जस्टिस की टिप्पणी और देखते ही देखते एक नया दल खड़ा हो गया. आज की स्थिति यह है कि इंस्टाग्राम पर बीेजेपी से भी बड़ी पार्टी बन गई है कॉक्रोच जनता पार्टी, महज एक हफ्ते के अंदर इंस्टाग्राम पर डेढ़ करोड़ से ज्यादा फॉलोअर्स हो गए हैं.
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने 2029 चुनाव, केजरीवाल, Gen-Z राजनीति और युवाओं के गुस्से पर खुलकर बात की. जानें क्या है पार्टी का एजेंडा और आगे की रणनीति. उनका दावा है कि आंदोलन का मकसद हिंदू-मुस्लिम बहस से आगे बढ़कर रोजगार, शिक्षा, AI, टेक्नोलॉजी और युवाओं के भविष्य जैसे मुद्दों को राजनीति के केंद्र में लाना है
कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दिपके की बढ़ती पॉपुलैरिटी ने उनके परिवार को चिंता में डाल दिया है. उनके माता-पिता को डर है कि अभिजीत की राजनीतिक व्यंग्य कंटेंट की वजह से उन्हें कानूनी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. परिवार चाहता है कि अभिजीत सुरक्षित घर लौटें और राजनीति से दूर रहें.
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने 6 जून को भारत लौटकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने का ऐलान किया है. सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में उन्होंने छात्रों और समर्थकों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की.
कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले जंतर-मंतर पर जुटे छात्रों और युवाओं ने नीट-यूजी पेपर लीक समेत परीक्षा संबंधी विवादों को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाई. अमेरिका से लौटे कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने आंदोलन का नेतृत्व किया.
परीक्षा घोटालों और भर्ती अनियमितताओं के खिलाफ शुरू हुआ आंदोलन अब देशव्यापी होने की तैयारी में है. कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके अमेरिका से लौटने के बाद अपने गृह नगर छत्रपति संभाजीनगर पहुंचे, जहां उनके घर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है. दीपके ने चेतावनी दी है कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक आंदोलन देशभर में जारी रहेगा.
कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर ने बड़ा दावा किया है और बताया है कि उनका पर्सनल इंस्टाग्राम अकाउंट हैक कर लिया. साथ ही उन्होंने कहा कि पार्टी का बैकअप इंस्टाग्राम अकाउंट भी पॉपुलैरिटी के बीच कुछ समय के लिए हटा लिया गया था. कॉकरोच जनता पार्टी का X प्लेटफॉर्म पर मौजूद अकाउंट भी बंद किया जा चुका है, जबकि फाउंडर ने दूसरा अकाउंट क्रिएट किया.
अभिजीत ने इस आंदोलन की शुरुआत सुप्रीम कोर्ट की एक मौखिक टिप्पणी के बाद की थी. 15 मई 2026 को फर्जी डिग्री से जुड़े एक मामले की सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कथित तौर पर टिप्पणी की थी कि कुछ बेरोजगार लोग कॉकरोचों की तरह नकल करके लॉ, मीडिया और आरटीआई एक्टिविज्म जैसी प्रणाली में घुस जाते हैं.
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने जंतर-मंतर पर आयोजित प्रदर्शन में आरोप लगाया कि सरकार उनकी मांगों पर ध्यान देने के बजाय सोशल मीडिया गतिविधियों को निशाना बना रही है. उन्होंने कहा कि पोस्ट हटाई जा सकती हैं, लेकिन आंदोलन को नहीं रोका जा सकता. दिपके ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई और समर्थकों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अपील की.
नीट पेपर लीक को लेकर जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के लिए 'कॉकरोच जनता पार्टी' के फाउंडर अभिजीत दिपके शनिवार सुबह अमेरिका से दिल्ली पहुंचे. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रही है.