उत्तर प्रदेश कांग्रेस में बड़े संगठनात्मक बदलाव की तैयारी शुरू हो गई है. पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने साफ संकेत दिए हैं कि संगठन को मजबूत करने के लिए जल्द नई प्रदेश कार्यकारिणी बनाई जाएगी. इसके साथ ही कई जिलों और शहरों के निष्क्रिय अध्यक्षों को भी बदला जाएगा.
इस पूरी कवायद की जिम्मेदारी नवनियुक्त सहप्रभारियों को दी गई है. उन्हें यूपी में संगठन सृजन की कमान सौंपी गई है. एक महीने के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम और प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को देने के निर्देश दिए गए हैं. इसके बाद यह रिपोर्ट पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भेजी जाएगी.
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नई दिल्ली के इंदिरा भवन में कल संगठन सृजन अभियान को लेकर हुई बैठक में आलाकमान ने साफ कहा कि पार्टी में सक्रिय नेताओं को आगे लाया जाए. बैठक में संगठन सृजन अभियान के अगले चरण को भी इसी सप्ताह शुरू करने के निर्देश दिए गए. बैठक खत्म होने के बाद प्रदेश प्रभारी ने सहप्रभारियों के बीच जोन और जिलों का बंटवारा भी कर दिया.
सहप्रभारियों में काम का बंटवारा:
अब्दुलहन्नान को अवध जोन की जिम्मेदारी
कार्य बंटवारे के तहत अब्दुलहन्नान को अवध जोन की जिम्मेदारी दी गई है, जहां 11 जिले हैं. अभिषेक दत्त को पूर्वांचल जोन सौंपा गया है, जिसमें 12 जिले शामिल हैं. वरुन चौधरी को प्रयागराज जोन दिया गया है और वहां 12 जिले हैं.
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इसी तरह जगदीश चंद्र को बुंदेलखंड जोन की जिम्मेदारी मिली है, जहां 13 जिले हैं. कुनाल चौधरी को ब्रज जोन दिया गया है और इसमें 13 जिले आते हैं. संजीव आर्या को पश्चिम जोन सौंपा गया है, जहां 14 जिले हैं. पार्टी ने साफ किया है कि संगठन सृजन अभियान के तहत अब सक्रियता को आधार बनाकर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
यूपी कांग्रेस में बड़े बदलाव के संकेत
कुल मिलाकर, यूपी कांग्रेस में संगठन को नए सिरे से खड़ा करने की तैयारी है. नई प्रदेश कार्यकारिणी के गठन, निष्क्रिय जिलाध्यक्षों को हटाने और सहप्रभारियों से एक माह में रिपोर्ट लेने की प्रक्रिया के साथ पार्टी ने बदलाव का संकेत दे दिया है. अब नजर इस बात पर रहेगी कि संगठन सृजन अभियान के अगले चरण में किन नेताओं को आगे लाया जाता है.