देशभर में मॉनसून का असर दिखाई देने लगा है. तेज बारिश की वजह से कई राज्यों में हाहाकार मच गया है. रविवार को भारी बारिश की वजह से कहीं फ्लाइट्स रद्द करनी पड़ीं, तो कहीं सड़कें पानी में डूब गईं. मुंबई में तो पेड़ गिरने से एक बुजुर्ग और एक युवक की जान भी चली गई है.
मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र अब गहरे दबाव में बदल चुका है. ये अगले 24 घंटों में उत्तरी ओडिशा तट को पार कर सकता है, जिससे पूर्वी भारत में बहुत भारी बारिश होने की आशंका है.
देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में मॉनसून ने सबसे ज्यादा तबाही मचाई है. ऐसे में सोमवार को मुंबई के सभी सरकारी और निजी स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी घोषित कर दी गई है.
बारिश के चलते फ्लाइट्स रूट डायवर्ट
मुंबई में शनिवार रात से हो रही मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं की वजब से छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेटशनल एयरपोर्ट पर रनवे का संचालन एक घंटे के लिए रोकना पड़ा. इस दौरान इंडिगो की 4 फ्लाइट्स कैंसिल कर दी गईं और आने वाली 13 फ्लाइट्स का रूट बदलना पड़ा. वहीं, एयरपोर्ट से जाने वाली करीब 90 प्रतिशत उड़ानों में एक घंटे से ज्यादा की देरी हुई.
मुंबई के कई इलाकों में 24 घंटे में 200 से 300 मिमी तक बारिश दर्ज की गई है, जिसके चलते मौसम विभाग ने 'रेड अलर्ट' जारी रखा है. शहर के कई हिस्सों में जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई है.
कुर्ला इलाके में एक दुकान पर भारी-भरकम पेड़ गिरने से 63 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई. वहीं, गोरेगांव ईस्ट में एक 18 साल के युवक पर पेड़ की टहनी गिर गई और उसकी भी मौत हो गई.
ओडिशा और केरलम में हाई अलर्ट
ओडिशा सरकार ने राज्य के सभी जिलों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं. मौसम विभाग ने संबलपुर, अनुगुल, बौद्ध, सोनेपुर और कंधमाल जिलों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का 'रेड अलर्ट' जारी किया है.
समुद्र में ऊंची लहरें उठने की आशंका के कारण मछुआरों को 7 जुलाई तक समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है. आने वाले दिनों में यह मौसमी सिस्टम पश्चिम बंगाल की ओर बढ़ेगा, जिससे वहां भी तेज बारिश होने की उम्मीद है.
उधर, केरलम के ज्यादातर हिस्सों में रविवार को जमकर बारिश हुई. मौसम विभाग ने कन्नूर, कासरगोड और कोझिकोड के लिए अगले दो दिनों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है. केरलम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने भूस्खलन और अचानक आने वाली बाढ़ की आशंका वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए कहा है. पूरे राज्य में इमरजेंसी कंट्रोल रूम एक्टिव कर दिए गए हैं.
हिमाचल में सामान्य से 63% ज्यादा बारिश
हिमाचल प्रदेश में भी लगातार बारिश का दौर जारी है. मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए राज्य के कुछ हिस्सों में बहुत भारी बारिश का 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है. राज्य में सबसे ज्यादा 84.2 मिमी बारिश घमरूर में दर्ज की गई. आंकड़ों के मुताबिक, 1 जुलाई से अब तक हिमाचल में सामान्य से 63 प्रतिशत ज्यादा बारिश हो चुकी है. कांगड़ा और आसपास के इलाकों में आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने की भी खबरें हैं.
दिल्ली-एनसीआर में गर्मी के बीच बौछारें
राजधानी दिल्ली में रविवार दोपहर को कुछ इलाकों में बौछारें तो पड़ीं, लेकिन इसके बावजूद ये दो साल में जुलाई का सबसे गर्म दिन रहा, जहां अधिकतम तापमान 38.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया. दिल्ली के छतरपुर में सबसे ज्यादा 49 मिमी बारिश हुई, जिससे सड़कों पर पानी भर गया.
इसके अलावा गुरुग्राम में 35 मिमी, महरौली, ग्रेटर नोएडा और नजफगढ़ में भी बारिश दर्ज की गई. मौसम विभाग ने सोमवार के लिए दिल्ली में 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है.
गुरुग्राम में बारिश की वजह नरसिंहपुर, राजीव चौक और खांडसा रोड जैसे इलाकों में भारी जलभराव देखा गया. हालांकि, प्रशासन का कहना है कि शहर के अंडरपास चालू रहे. पंजाब और हरियाणा के बाकी हिस्सों में उमस का माहौल है, और अगले तीन दिनों में मॉनसून के पूरे क्षेत्र को कवर करने की संभावना है.
यूपी में धंसी सड़क, झारखंड में 4 दिन का अलर्ट
उत्तर प्रदेश में मॉनसून की पहली बड़ी बारिश ने ही विकास दावों की पोल खोल दी. उन्नाव में गंगा एक्सप्रेसवे को कानपुर-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग से जोड़ने वाली सड़क का एक हिस्सा धंस गया. राज्य के मुजफ्फरनगर, प्रयागराज और वाराणसी में भी अच्छी बारिश हुई है. मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में गरज-चमक के साथ और ज्यादा बारिश का अनुमान जताया है.
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पड़ोसी राज्य झारखंड में भी मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक आंधी-तूफान और तेज हवाओं के साथ बारिश की चेतावनी दी है. राज्य के सभी जिलों के लिए 6 से 9 जुलाई तक 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है. बंगाल की खाड़ी से उठा ये डिप्रेशन आने वाले दिनों में देश के पूर्वी, मध्य और उत्तरी हिस्सों में मॉनसून को पूरी तरह सक्रिय रखेगा. प्रशासन ने सभी राज्यों को बाढ़ और जलभराव से निपटने के लिए सतर्क रहने को कहा है.