कुछ दिन पहले खुले में यूरिन करने से रोकने के दौरान मौत के घाट उतार दिया गया रवींद्र अब एमसीडी के स्वच्छता अभियान का चेहरा होगा. ये फैसला मेयर प्रीति अग्रवाल ने किया है.
मंगलवार को 'आज तक' से बातचीत में नॉर्थ दिल्ली की मेयर प्रीति अग्रवाल ने बताया कि रवींद्र ने स्वच्छ भारत मिशन के लिए प्राणों की आहुति दे दी. इसलिए निगम अब उसके किसी भी स्वच्छता अभियान को रवींद्र के नाम से शुरू करेगा और उनके नाम को स्वच्छता अभियान का ब्रांड एम्बेसडर बनाएगा.
मिलेगी एमसीडी में नौकरी
इससे पहले केंद्रीय शहरी विकास मंत्री वेंकैया नायडू ने भी रवींद्र की हत्या पर शोक प्रकट करते हुए कहा कि उनके परिवार में से किसी एक शख्स को एमसीडी में नौकरी दी जाए. इसके लिए उन्होंने निगम आयुक्त को आदेश भी दिए हैं. नायडू ने रवींद्र की हत्या पर ट्वीट करके कहा था कि रवींद्र को प्रमोट कर रहे थे और उनकी हत्या दुखद है. उन्होंने सोमवार को घटनास्थल का भी दौरा किया और पाया कि वहां से शौचालय कुछ कदम की दूरी पर ही था.
क्या थी घटना?
आपको बता दें कि शनिवार रात को ई-रिक्शा चालक की सिर्फ इसलिए हत्या कर दी थी क्योंकि उसने उन्हें खुले में यूरिन करने से रोक था.