लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बांग्लादेश का जिक्र करते हुए भारत में सत्ता परिवर्तन का सपना देखने वाली ताकतों पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि 'लोकतंत्र में सत्ता का रास्ता जनता के जनादेश से निकलता है, अराजकता से नहीं'. मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि चुनाव सुधार और न्याय जैसे मुद्दों की आड़ में देश में अस्थिरता फैलाने की कोशिश की जा रही है.
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि कुछ ताकतें बांग्लादेश की तर्ज पर भारत में सत्ता परिवर्तन का सपना देख रही हैं. ऐसे लोगों के लिए चुनाव सुधार और न्याय की मांग महज एक बहाना है. असल मकसद देश में अस्थिरता पैदा करके सत्ता हासिल करना है. उन्होंने साफ किया कि भारत में सत्ता का फैसला जनता करती है और लोकतंत्र में जनादेश का सम्मान सबसे जरूरी है.
युवाओं की ताकत देश बनाने में लगे
मुख्यमंत्री ने युवाओं की भूमिका पर भी जोर दिया. उन्होंने कहा कि युवा शक्ति का इस्तेमाल भारत का भविष्य बनाने में होना चाहिए, न कि किसी की सत्ता की भूख पूरी करने में. देश के युवाओं की ऊर्जा विकास और निर्माण में लगनी चाहिए. सत्ता हासिल करने के लिए देश में अव्यवस्था पैदा करना लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ है.
इस दौरान, मुख्यमंत्री योगी ने अपने बयान में 'राजनीति के मारीचों और कालनेमियों' का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि जनता ऐसे लोगों को पहचान चुकी है और उन्हें सत्ता से दूर रखा है. मुख्यमंत्री के मुताबिक, देश को अराजकता में धकेलकर सत्ता हासिल करने की कोशिशें सफल नहीं होंगी.
उन्होंने अपने बयान के जरिए संदेश दिया कि भारत में सत्ता का रास्ता जनता के वोट से होकर गुजरता है. किसी भी राजनीतिक ताकत को जनादेश की जगह अराजकता के जरिए सत्ता हासिल करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए.