पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में रविवार को एक बड़ा हादसा हुआ. स्वात जिले के काबल टाउन में शांति मार्च के दौरान जोरदार धमाका हुआ, जिसमें 14 लोगों की मौत हो गई. वहीं 12 लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं. शुरुआती जानकारी के मुताबिक यह धमाका आत्मघाती हमला लग रहा है, हालांकि इस बारे में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.
क्षेत्रीय पुलिस अधिकारी (RPO) मलकंद ने बताया कि पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा स्थित स्वात में काबल पुलिस स्टेशन के पास अमन पासून शांति रैली के दौरान एक संदिग्ध आत्मघाती धमाका हुआ है. धमाके में मरने वालों की संख्या बढ़कर 14 हो गई है. इस भीषण विस्फोट में 5 पुलिसकर्मियों और 9 नागरिकों की जान चली गई, जबकि 12 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं.
शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक, इस हमले का मुख्य निशाना पाकिस्तानी पुलिसबल ही था और घटना के बाद से सुरक्षाबलों ने इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी है.
दरअसल, यह मार्च स्वात अमन जिरगा नाम की स्थानीय आदिवासी परिषद ने आयोजित की थी. पिछले कुछ महीनों में इस इलाके में सुरक्षा हालात काफी बिगड़े हैं, जिसे देखते हुए लोगों ने शांति की मांग को लेकर यह मार्च निकाली थी. मार्च में शामिल लोग हाथों में तख्तियां लेकर नारे लगा रहे थे और इलाके में अमन बहाल करने की अपील कर रहे थे. इसी दौरान अचानक जोरदार धमाका हुआ, जिससे पूरे इलाके में अफरातफरी मच गई.
धमाके की खबर मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंच गए. रेस्क्यू टीमों ने तुरंत राहत कार्य शुरू किया और घायलों को नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाया. पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके को घेर लिया है ताकि जांच की जा सके और स्थिति को काबू में रखा जा सके.
स्वात पुलिस ने बताया कि मरने वालों और घायलों की संख्या बढ़ भी सकती है, क्योंकि कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है. फिलहाल इस हमले के पीछे किसका हाथ है, इसकी कोई पुष्टि नहीं हुई है और न ही किसी संगठन ने इसकी जिम्मेदारी ली है. लेकिन जिस तरह से शांति मार्च को निशाना बनाया गया, उससे इलाके में डर और तनाव का माहौल है.
स्थानीय लोग पहले से ही सुरक्षा के मुद्दे को लेकर चिंतित थे और यह हमला उनकी चिंता को और बढ़ा देगा. प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा और कड़ी करने के आदेश दिए हैं.