तमिलनाडु विधानससभा चुनाव 2026 के चुनावी कार्यक्रम की घोषणा 15 मार्च को हुई. चुनाव आयोग ने यहां 1 चरण में मतदान करवाने का फैसला किया है. मतदान 23 अप्रैल 2026 को होगा जबकि वोटों की गिनती 4 मई2026 को होगी.
वर्ष 2021 के विधानसभा चुनाव में द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) ने शानदार जीत दर्ज करते हुए सत्ता में वापसी की थी और एम.के. स्टालिन मुख्यमंत्री बने थे. ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (AIADMK) को करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा. अब 2026 में DMK सत्ता में अपने प्रदर्शन के आधार पर दोबारा जनमत हासिल करने की कोशिश करेगी, वहीं AIADMK वापसी की उम्मीद में जुटी हुई है.
तमिलनाडु में प्रमुख दल और उनके नेताओं की बात करें तो वर्तमान मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन की अगुवाई में DMK सरकार कई जनकल्याणकारी योजनाएं चला रही है. ‘कलैग्नार कैन्टीन’, शिक्षा सुधार, महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा जैसी योजनाएं जनता के बीच लोकप्रिय रही हैं.
AIADMK – जयललिता के निधन के बाद से पार्टी आंतरिक कलह से जूझ रही है. हालांकि, ई. पलानीस्वामी और ओ. पनीरसेल्वम जैसे नेता पार्टी को फिर से संगठित करने की कोशिश में लगे हैं.
भाजपा (BJP) – तमिलनाडु में अभी तक सीमित प्रभाव वाली बीजेपी, 2026 में अपनी उपस्थिति मजबूत करने की योजना बना रही है. केंद्रीय योजनाओं और राष्ट्रीय नेतृत्व के भरोसे पार्टी मतदाताओं तक पहुंचने की कोशिश करेगी.
कांग्रेस – DMK की सहयोगी के रूप में काम कर रही कांग्रेस, राज्य में अपना खोया हुआ जनाधार फिर से पाने की कोशिश कर रही है.
मक्कल नीधी मय्यम (MNM) – अभिनेता कमल हासन की पार्टी MNM का प्रदर्शन 2021 में निराशाजनक रहा था, लेकिन 2026 में वह फिर से जोर आजमाने की तैयारी में है.
सीट बंटवारे से नाराज अन्नामलाई नहीं लड़ेंगे चुनाव? आलाकमान को लिखी चिट्ठी. तमिलनाडु में बीजेपी को बड़ा झटका लगा है. पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने विधानसभा चुनाव नहीं लड़ने का फैसला किया है. सूत्रों के मुताबिक, अन्नामलाई सीट बंटवारे को लेकर AIADMK के साथ हुए समझौते से नाराज हैं. उन्होंने दिल्ली में पार्टी आलाकमान को चिट्ठी लिखकर अपनी आपत्ति जताई है
तमिलनाडु में चुनाव से बीजेपी में फूट की खबरें हैं. AIADMK के साथ सीट बंटवारे से नाराज राज्य के कद्दावर बीजेपी नेता के अन्नामलाई विधानसभा चुनावों से दूरी बना सकते हैं. अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने दिल्ली में आलाकमान को चिट्ठी लिखी है.
AIADMK ने दूसरी लिस्ट जारी करते हुए लीमा रोज को लालगुडी सीट से मैदान में उतारा है. वह लॉटरी किंग मार्टिन की पत्नी हैं. पार्टी के एडवोकेट विंग के सेक्रेटरी मंगुलम के. महेंद्रन मदुरै ईस्ट से चुनाव लड़ेंगे.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए AIADMK और बीजेपी के बीच सीटों का जिस तरह बंटवारा हुआ, उसमें बीजेपी की कई मांगें नहीं मानी गई हैं. बीजेपी के प्रति AIADMK के ताजा रुख की वजह भी के. अन्नामलाई ही हैं. क्योंकि पलानीस्वामी और अन्नामलाई की ’दुश्मनी’ का इतिहास पुराना है.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए AIADMK और बीजेपी के बीच जो समझौता हुआ है, बीजेपी की कई मांगें नहीं मानी गई हैं. तमिलनाडु के दोनों गठबंधनों में एक बात कॉमन जरूर देखने को मिल रही है - डीएमके हो या AIADMK राष्ट्रीय दलों के साथ व्यवहार एक जैसा ही कर रहे हैं.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए AIADMK ने अपने 23 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी कर दी है. पार्टी महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री एडप्पादी के. पलानीस्वामी अपनी पारंपरिक सीट एडप्पादी से ही चुनाव लड़ेंगे.पार्टी ने इस बार नए प्रयोगों के बजाय अपने अनुभवी चेहरों और पुराने मंत्रियों पर ही भरोसा जताया है, ताकि विकास के मुद्दे पर सत्ता में वापसी की जा सके.
कमल हासन की पार्टी मक्कल नीधि मय्यम ने तमिलनाडु विधानसभा चुनाव नहीं लड़ने और डीएमके के नेतृत्व वाले गठबंधन को बिना शर्त समर्थन देने का फैसला किया है. सीट बंटवारे और चुनाव चिन्ह को लेकर असहमति के बीच लिया गया यह निर्णय रणनीतिक कदम माना जा रहा है.
तमिलनाडु चुनाव से पहले एआईएडीएमके ने अपने घोषणापत्र के जरिए कल्याणकारी योजनाओं की झड़ी लगा दी है. नकद सहायता, मुफ्त बस यात्रा, गैस सिलेंडर और घरेलू सुविधाओं के वादों के साथ पार्टी ने सीधे मतदाताओं को साधने की कोशिश की है.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए इस बार राजनीतिक समीकरण दिलचस्प होते जा रहे हैं. इस बार के चुनावों में छोटी पार्टियों को भी बड़ा तवज्जो दिया जा रहा है. देखना होगा कि क्या छोटी पार्टियां बड़ा इम्पैक्ट दिखा पाएंगी.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले एनडीए ने सीट बंटवारा फाइनल कर दिया है. BJP 27 सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जबकि AIADMK 178 सीटों पर मैदान में उतरेगी.
तमिलनाडु में चुनावी सरगर्मी के बीच पीयूष गोयल के चेन्नई दौरे से सीट बंटवारे पर सस्पेंस खत्म होने के संकेत मिल रहे हैं. बीजेपी और एआईएडीएमके के बीच सीट बंटवारे का 23 मार्च को ऐलान हो सकता है.
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले नौकरशाहों के तबादलों को लेकर ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग को पत्र लिखा है. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के फैसलों पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक हस्तक्षेप करार दिया है.
तमिलनाडु में एक्टर विजय की पार्टी टीवीके ने किसी भी तरह के चुनावी गठबंधन से साफ तौर पर इनकार किया है. टीवीके की तरफ से एक बड़े ऑफर का दावा जरूर किया गया है, लेकिन पार्टी ने अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है - विजय के लिए चुनाव मैदान में अकेले उतरने का नतीजा क्या होगा?
निर्वाचन आयोग ने 9 अप्रैल को होने वाले मतदान के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. इसके साथ ही असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और बंगाल में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है. निगरानी के लिए 10,000 से अधिक टीमें तैनात की गई हैं.
तमिलनाडु की राजनीति में सुपरस्टार विजय की पार्टी TVK और BJP के बीच गठबंधन की खबरों ने हलचल मचा दी है. चर्चा है कि BJP ने विजय को डिप्टी CM पद और 80 सीटों का बड़ा ऑफर दिया है.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में अभिनेता विजय की पार्टी TVK 'एक्स-फैक्टर' बनी हुई है. विजय के सामने अकेले लड़कर 'NTR' जैसा करिश्मा करने या गठबंधन कर 'पवन कल्याण' की तरह सत्ता में भागीदारी पाने की दुविधा है. 4 मई को तय होगा कि उनकी फिल्मी लोकप्रियता राजनीतिक बॉक्स ऑफिस पर कितनी सफल रहती है.
चुनाव आयोग ने पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुदुच्चेरी में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान किया है. पश्चिम बंगाल में दो चरणों में मतदान होगा, जबकि अन्य राज्यों में एक चरण में चुनाव आयोजित होंगे. यह चुनाव राजनीतिक दलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण और प्रतिस्पर्धात्मक होंगे क्योंकि क्षेत्रीय और राष्ट्रीय पार्टियों के बीच सीधी टक्कर होगी. देखें वीडियो.
निर्वाचन आयोग द्वारा पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं. भाजपा ने भरोसा जताया कि जनता विकास, स्थिरता और सुशासन के पक्ष में मतदान करेगी. वहीं कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल में दो चरणों में चुनाव कराने के फैसले का स्वागत करते हुए स्वतंत्र और भयमुक्त मतदान सुनिश्चित करने की मांग की. केरल में सीपीआई(एम) ने 86 सीटों पर चुनाव लड़ने और 56 मौजूदा विधायकों को दोबारा मैदान में उतारने का फैसला किया है.
चुनाव आयोग ने आज पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु, असम और पुडुचेरी के विधानसभा चुनावों की तारीखों का ऐलान कर दिया. मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने बताया कि बंगाल में 2 फेज में वोटिंग होगी. 23 और 29 अप्रैल को मतदान होगा. जबकि तमिलनाडु में 23 अप्रैल, और असम, केरल, पुडुचेरी में में 9 अप्रैल को वोटिंग होगी. सभी राज्यों में चुनाव के नतीजे 4 मई को आएंगे. देखें वीडियो.
Tamil Nadu Vidhan Sabha Chunav 2026 Voting Date: तमिलनाडु की सत्ता के लिए सबसे बड़ी जंग की तारीख का ऐलान हो गया है. चुनाव आयोग ने साफ कर दिया है कि इस बार तमिलनाडु का मुकाबला कितने चरणों में होगा. पिछली बार एक ही फेज में हुई वोटिंग ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं, लेकिन इस बार का समीकरण क्या होगा? तमिलनाडु के इस महासंग्राम की पूरी जानकारी के लिए पढ़ें यह खबर...
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया गया है. चुनाव आयोग के मुताबिक राज्य की सभी 234 विधानसभा सीटों पर 23 अप्रैल को एक ही चरण में मतदान होगा, जबकि 4 मई को मतगणना के बाद नतीजे घोषित किए जाएंगे. पिछले 2021 के विधानसभा चुनाव में भी तमिलनाडु में एक ही चरण में वोटिंग हुई थी. उस चुनाव में डीएमके के नेतृत्व वाले गठबंधन ने बड़ी जीत दर्ज करते हुए 234 में से 157 सीटें हासिल की थीं