हल्द्वानी (Haldwani), कुमाऊं (Kumaon) का सबसे बड़ा शहर है, जो उत्तराखंड राज्य (Uttarakhand) के नैनीताल (Nainital) जिले में स्थित है और इसके आठ अनुमंडलों में से एक है. यह उत्तराखंड में तीसरा सबसे अधिक आबादी वाला शहर और सबसे बड़ा वाणिज्यिक बाजार भी है. हल्द्वानी को उत्तराखंड की आर्थिक राजधानी भी कहा जाता है (Haldwani, Financial Capital of Uttarakhand). यहां राज्य की सबसे अधिक वाणिज्यिक, आर्थिक और औद्योगिक गतिविधियां होती हैं. यह शहर गौला नदी (Gaula River) के तट पर हिमालय की तलहटी में भाभर क्षेत्र में स्थित है.
2011 की जनगणना के मुताबिक हल्द्वानी शहर की जनसंख्या 2,32,060 है (Haldwani Population). यह देहरादून, हरिद्वार और रुड़की के बाद उत्तराखंड में चौथा सबसे अधिक आबादी वाला शहर है. कुमाऊं हिमालय की तलहटी में स्थित होने के कारण, हल्द्वानी से लगे काठगोदाम (Kathgodam) को .कुमाऊं का प्रवेश द्वार' के रूप में जाना जाता है (Gateway of Kumaon).
हल्द्वानी शहर की स्थापना 1834 में पहाड़ी लोगों के लिए एक मार्ट के रूप में की गई थी, जो ठंड के मौसम में भाबर का दौरा करते थे. 1882 में बरेली-नैनीताल प्रांतीय सड़क की स्थापना और 1884 में रोहिलकुंड और कुमाऊं रेलवे द्वारा भोजीपुरा-काठगोदाम रेलवे लाइन की स्थापना ने शहर को एक प्रमुख व्यापारिक केंद्र बना दिया. इसे कुमाऊं के पहाड़ी क्षेत्रों और भारत-गंगा के मैदानों के बीच एक केंद्र के रूप में विकसित किया गया (Haldwani City).
बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने वंदे मातरम पर कांग्रेस के ऐतराज को लेकर तंज तीखा तंज कसा है. उन्होंने हल्द्वानी में सीधा राहुल गांधी पर हमला बोला. नितिन नवीन ने कांग्रेस सांसद को 'राहुल मियां' कहकर संबोधित किया और कहा कि वो वंदे मातरम के महत्व को समझ नहीं सकते. देखें वीडियो.
मामला बनभूलपुरा में रेलवे की करीब 30 हेक्टेयर यानी लगभग 78 एकड़ जमीन पर बनी आबादी से जुड़ा है. यहां हजारों मकान, मदरसे और मस्जिदें बनी हुई हैं और करीब 50 हजार लोगों के रहने का दावा किया जाता है.
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने हल्द्वानी में प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में कांग्रेस पर तुष्टिकरण की राजनीति और दलितों का अपमान करने का आरोप लगाया. उन्होंने उत्तराखंड में बीजेपी सरकार की उपलब्धियों की तारीफ करते हुए 2027 के विधानसभा चुनाव में फिर से बीजेपी की सरकार बनने का दावा किया.
हल्द्वानी के बनभूलपुरा में रेलवे की 78 एकड़ जमीन पर अतिक्रमण को लेकर सुप्रीम कोर्ट आज फैसला सुनाएगा. इस जमीन पर करीब 50 हजार की आबादी बसी है. इसी साल फरवरी में ही अदालत ने इस जमीन पर रेलवे का मालिकाना हक बताया था. लेकिन स्थानीय लोग नजूल जमीन होने का दावा कर रहे हैं.
उत्तराखंड के हल्द्वानी में शुद्धिकरण के मुद्दे पर अब सियासी घमासान तेज हो गया है. कांग्रेस ने इस मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी को चौतरफा घेरने की पूरी रणनीति तैयार कर ली है. इसी सिलसिले में कांग्रेस के दलित सांसदों की एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है. सोमवार को कांग्रेस देहरादून में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आवास तक एक बड़ा विरोध मार्च निकालने वाली है. दरअसल, 2027 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव से ठीक पहले यह मुद्दा पूरी तरह गरमा चुका है. कांग्रेस का आरोप है कि हल्द्वानी में मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा के बाद वहां शुद्धिकरण किया गया, जो कि पूरे दलित समाज का अपमान है.
हल्द्वानी शुद्धीकरण विवाद तूल पकड़ता जा रहा है. घटना के 24 दिन बीत जाने के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने जेपी नड्डा को पत्र लिखा है. इसमें उन्होंने सवाल किया कि अब तक FIR क्यों नहीं हुई. उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है.
मौसम विभाग ने बुधवार को देहरादून, नैनीताल और बागेश्वर में भारी से बहुत भारी बारिश का 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है. राज्य में मंगलवार को बारिश से जुड़े हादसों में 12 लोगों की जान चली गई. जिला प्रशासनों को सतर्क रहने और तुरंत राहत कार्य के निर्देश दिए गए हैं.
Uttarakhand Rain Alert: नैनीताल में मूसलाधार बारिश से भारी तबाही. हल्द्वानी के रानीबाग में गौला नदी का पानी चिता पर रखे शवों को बहा ले गया, 141 सड़कें बंद और नदियां उफान पर.
राहुल गांधी पर FIR को लेकर कांग्रेस गुस्से में है. अब पार्टी ने प्रदर्शन का रूख अपना लिया है. दो दिन पहले उत्तराखंड के हलद्वानी में केस दर्ज हुआ और उसके बाद देश के अलग अलग हिस्सों में प्रदर्शन शुरू हो गए. इस मामले को लेकर कांग्रेस और बीजेपी एक दूसरे पर हमलावर हैं.
उत्तराखंड में राहुल गांधी के खिलाफ FIR के विरोध में कांग्रेस 1 सितंबर को सुबह 10:30 बजे सचिवालय तक मार्च करेगी। FIR हल्द्वानी के ‘शुद्धिकरण’ विवाद को लेकर दर्ज हुई है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के खिलाफ उत्तराखंड के हल्द्वानी कोतवाली में FIR दर्ज की गई है. अनुसूचित जाति के युवक अमित कुमार की शिकायत पर दर्ज इस FIR में राहुल गांधी पर अनुसूचित वर्ग की भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया गया है. राहुल गांधी के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 196 और 299 के तहत मामला दर्ज किए जाने की जानकारी सामने आई है.. The FIR, filed based on a complaint by Amit Kumar
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक हालिया बयान को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. शिकायतकर्ता का आरोप है कि राहुल गांधी ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए शुद्धिकरण के मामले को जबरन जातिगत रंग दिया है. उन्होंने इस मुद्दे को छुआछूत से जोड़कर पेश किया, जिससे दलित समाज की भावनाएं गंभीर रूप से आहत हुई हैं. शिकायतकर्ता ने पुलिस और संबंधित अधिकारियों से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है.
हल्द्वानी के शुद्धिकरण विवाद में अब राहुल गांधी के खिलाफ FIR दर्ज होने से मामला और गरमा गया है...दलित समाज से जुड़े अमित कुमार की शिकायत पर हल्द्वानी कोतवाली में FIR दर्ज की गई है....आरोप है कि राहुल गांधी ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए शुद्धिकरण के मामले को जातिगत रंग देते हुए इसे छुआछूत से जोड़ दिया... शिकायतकर्ता का कहना है कि इस बयान से दलित समाज की भावनाएं आहत हुईं...
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ FIR दर्ज हुई है। यह मामला अमित कुमार की शिकायत पर दर्ज किया गया है। आरोप है कि राहुल गांधी ने रामलीला मैदान में हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ कार्यक्रम को जातिगत और छुआछूत से जोड़कर टिप्पणी की, जिससे अनुसूचित जाति समुदाय की भावनाएं आहत हुईं।
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ FIR दर्ज की गई है. यह FIR अनुसूचित जाति के युवक अमित कुमार की शिकायत पर दर्ज की गई है.
हल्द्वानी में मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद हुए कथित शुद्धिकरण यज्ञ को लेकर उत्तराखंड की सियासत फिर गरमा गई है. राहुल गांधी के हमले पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पलटवार करते हुए कहा कि किसी जाति का शुद्धिकरण नहीं हुआ, बल्कि कथित धार्मिक नारों से आहत भावनाओं के बाद रामलीला मैदान में यज्ञ कराया गया.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम स्थल के शुद्धिकरण को लेकर उठे विवाद पर सीएम ने सफाई दी है. उन्होंने कहा कि यह जाति-पाति से जुड़ा मामला नहीं था. उन्होंने कहा कि कार्यक्रम स्थल पर गंदगी और धार्मिक नारों के कारण शुद्धिकरण किया गया था. कांग्रेस इस मुद्दे को बेवजह तूल दे रही है.
हल्द्वानी के गोरापड़ाव में कथित जुए के अड्डे पर हुई डकैती ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. आरोप है कि बदमाश SOG बनकर पहुंचे और करीब 8 लाख रुपये कैश, सोने की चेन और अंगूठियां लूट ले गए. पुलिस ने दो आरोपियों को पकड़कर 66 हजार रुपये बरामद करने का दावा किया है, लेकिन बाकी रकम और जेवर अब भी सवाल बने हुए हैं.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने हल्द्वानी में हुए कथित 'शुद्धीकरण' को लेकर अपनी ही पार्टी के नेताओं को जमकर फटकार लगाई है. सूत्रों के मुताबिक, CWC की बैठक में खड़गे ने कहा कि जो नेता अखबारों में लिखते हैं और टीवी पर बोलते हैं, उन्हें ऐसे मुद्दों पर खुलकर आवाज उठानी चाहिए.
मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद मंच के शुद्धिकरण को लेकर कांग्रेस ने बीजेपी के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है. वहीं, इस पूरे विवाद को लेकर अब उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की भी सफाई आई है.
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के भाषण के बाद रामलीला मैदान के मंच के शुद्धीकरण को लेकर विवाद पैदा हो गया है. समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस घटना को भाजपा द्वारा दलित विरोधी और सामाजिक भेदभाव वाला कृत्य बताया है. उन्होंने कहा कि भाजपा को मंच धोने की बजाय अपने मन को साफ करना चाहिए.