scorecardresearch
 

'15 की उम्र में ऐसा आत्मविश्वास...', वैभव सूर्यवंशी ने तूफानी फिफ्टी से जीता कप्तान का दिल, श्रेयस अय्यर ने की जमकर तारीफ

यह जीत श्रेयस अय्यर के लिए भी बेहद खास रही. टी20 कप्तान बनने के बाद उन्होंने आखिरकार अपनी पहली जीत दर्ज की. इससे पहले आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे पर सात मैचों में उनकी कप्तानी में भारतीय टीम को हार का सामना करना पड़ा था.

Advertisement
X
वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 18 गेंदों पर जड़ी फिफ्टी. (Photo: X/@BCCI))
वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 18 गेंदों पर जड़ी फिफ्टी. (Photo: X/@BCCI))

भारतीय टीम ने गुरुवार (23 जुलाई) को  हरारे में खेले गए टी20 सीरीज के पहले मुकाबले में जिम्बाब्वे पर सात विकेट से जीत हासिल की. इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली. भारतीय टीम की जीत के सबसे बड़े हीरो 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी रहे. वैभव ने सिर्फ 19 गेंदों में 50 रनों की पारी खेलकर मैच को एकतरफा बना दिया.

मैच के बाद भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर भी इस युवा बल्लेबाज की जमकर तारीफ करते नजर आए. श्रेयस ने कहा कि इतनी कम उम्र में उसका आत्मविश्वास और निडर रवैया असाधारण है. श्रेयस ने कहा, 'वह बिल्कुल निडर है. जिस तरह वह बल्लेबाजी की शुरुआत करता है, वह कमाल का है. मैदान पर कदम रखते ही उसके अंदर जबरदस्त आत्मविश्वास नजर आता है.'

वैभव सूर्यवंशी के इंटरनेशनल करियर की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही थी. इंग्लैंड दौरे पर वैभव ने अपने पहले तीन टी20 इंटरनेशनल मैचों में 14, 13 और 15 रन बनाए, जिसके बाद उन्हें अंतिम मुकाबले से बाहर कर दिया गया. भारत वह सीरीज 0-4 से हार गया था. लेकिन हरारे पहुंचते ही कहानी बदल गई. यही वह मैदान है, जहां इसी साल अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में वैभव ने सिर्फ 80 गेंदों पर 175 रनों की ऐतिहासिक पारी खेली थी.

Advertisement

शुरुआती चार गेंदों पर खुद को संभालने के बाद वैभव सूर्यवंशी ने गियर बदला और फिर जिम्बाब्वे के गेंदबाजों पर टूट पड़े. उन्होंने 4 चौके और 4 छक्के लगाते हुए सिर्फ 18 गेंदों में अपना पहला इंटरनेशनल अर्धशतक पूरा किया. इसके साथ ही वह मेन्स इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे कम उम्र में अर्धशतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए.

वैभव सूर्यवंशी ने शुरुआत से ही आक्रामक तेवर दिखाए. उनकी तूफानी बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने पावरप्ले में ही मैच पर पूरी तरह कब्जा जमा लिया. अर्धशतक पूरा करने के तुरंत बाद रिचर्ड नगरावा ने उन्हें आउट किया, लेकिन तब तक जिम्बाब्वे की वापसी की सारी उम्मीदें खत्म हो चुकी थीं. ईशान किशन (35) और कप्तान श्रेयस अय्यर (नाबाद 28) ने आसानी से लक्ष्य हासिल करने में टीम की मदद की.

पहली जीत के बाद श्रेयस अय्यर ने कहा, 'यह शानदार प्रदर्शन था. गेंदबाजों ने अपनी योजनाओं को बेहतरीन तरीके से लागू किया. कप्तान के तौर पर पहली जीत मिलने से ज्यादा खुशी की बात नहीं हो सकती.' उन्होंने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने के फैसले पर भी संतोष जताया. श्रेयस ने कहा कि पिच पर अतिरिक्त उछाल की उम्मीद थी और तेज गेंदबाजों ने उसी का पूरा फायदा उठाया.

Advertisement

मयंक यादव ने मैच की पहली ही गेंद पर विकेट लेकर भारत को शानदार शुरुआत दिलाई और दो विकेट झटके. प्रिंस यादव ने भी दो बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा. दोनों की शानदार गेंदबाजी की बदौलत जिम्बाब्वे की टीम 125/7 तक ही पहुंच सकी.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement