Japanese Cleaning Routine: घर की सफाई का नाम सुनते ही लोंगो के दिमाग में झाड़ू-पोछा घूमने लगता है. अगर आप भी उन्हीं में शामिल हैं, जिन्हें लगता है कि घर साफ करने के लिए पूरा दिन झाड़ू-पोंछा करना और बिखरे सामान को उसकी जगह पर लगाना होता है, तो आप गलत हैं. इसके साथ ही लोगों को लगता है कि यही सबमें पूरा दिन निकल जाएगा, तो तरीका बदलने की जरूरत है. जापान की क्लीनिंग रूटीन की खासियत यही है कि इसमें सफाई को किसी बड़े काम की तरह नहीं देखा जाता, बल्कि रोज की छोटी-छोटी आदतों में शामिल किया जाता है. यानी गंदगी को इतना जमा ही न होने दें कि बाद में घंटों सफाई करनी पड़े.
जापान में घर को ऑर्गेनाइज्ड रखने के साथ-साथ बेकार सामान कम रखने और चीजों को उनकी तय जगह पर रखने पर भी जोर दिया जाता है. इस तरीके की सबसे अच्छी बात ये है कि इसके लिए आपको महंगे क्लीनिंग प्रोडक्ट्स या पूरा दिन कुर्बान करने की जरूरत नहीं. बस कुछ आदतें बदलनी हैं. आइए जानते हैं ऐसे 6 आसान नियम, जिन्हें अपनाकर घर कम मेहनत में साफ-सुथरा रखा जा सकता है.
1. गंदगी जमा होने का इंतजार न करें: अक्सर हम सोचते हैं कि अभी थोड़ा गंदा हुआ है, बाद में साफ कर लेंगे. ऐसा करने पर धीरे-धीरे यही बड़ा काम बन जाता है. जापानी तरीके में छोटी गंदगी को तुरंत निपटाने पर जोर दिया जाता है. जैसे रसोई में खाना बनाने के बाद गैस और प्लेटफॉर्म तुरंत पोंछ दें, कमरे में सामान इस्तेमाल करने के बाद उसे वहीं वापस रख दें और फर्श पर कुछ गिर जाए तो उसे उसी समय साफ कर दें. रोज के कुछ मिनट आगे की घंटों की मेहनत बचा सकते हैं.
2. सफाई और सामान जमाना अलग काम है: घर साफ करने से पहले ये समझना बहुत जरूरी है कि सफाई और सामान को ऑर्गेनाइज करना एक ही चीज नहीं हैं. फर्श पर झाड़ू लगाना सफाई है, जबकि इधर-उधर पड़े कपड़े, किताबें और दूसरी चीजों को उनकी सही जगह रखना ऑर्गेनाइज करना है. अगर घर में सामान ही बिखरा हुआ है, तो पहले चीजों को जगह पर रखें और उसके बाद झाड़ू-पोंछा करें. इससे सफाई भी जल्दी होगी और घर ज्यादा ऑर्गेनाइज्ड दिखेगा.
3. बैकार की चीजों को तुरंत घर से करें बाहर: कई घरों में अलमारी, रसोई और स्टोर रूम ऐसी चीजों से भरे होते हैं, जिनका महीनों से इस्तेमाल नहीं हुआ. फिर भी हम उन्हें यह सोचकर संभालकर रखते हैं कि कभी काम आ जाएंगे. जापानी मिनिमलिज्म का एक बड़ा सबक यही है कि जरूरत से ज्यादा सामान घर में जमा न होने दें. महीने में एक बार घर के भी एक हिस्से के देखें और वहां का सामान देखकर सोचें कि क्या ये सामान इस्तेमाल होना वाला है. अगर जवाब नहीं है, तो उन्हें निकाल देना चाहिए.
4. हर चीज की एक फिक्स्ड जगह बनाएं: घर में चीजें बार-बार बिखरने की सबसे बड़ी वजह होती है कि उन्हें रखने की कोई फिक्स्ड जगह नहीं होती. चाबियां कभी टेबल पर, कभी रसोई में और कभी बेड के पास मिलती हैं. इसका आसान ये है कि हर जरूरी सामान की एक जगह फिक्स कर दें. चाबियों के लिए एक छोटा हुक, रोज इस्तेमाल होने वाली चीजों के लिए एक ट्रे और कपड़ों के लिए अलग जगह रखें. सामान इस्तेमाल करने के बाद उसे वापस उसी जगह रखने की आदत डालें.
5. सफाई के सामान को दूर छिपाकर न रखें: अगर पोछा, डस्टर या क्लीनिंग कपड़ा निकालने के लिए पहले अलमारी खाली करनी पड़े, तो सफाई टलना तय है. रोज की सफाई आसान बनाने के लिए जरूरी सामान ऐसी जगह रखें जहां वो आसानी से मिल जाए. जापान की 10-मिनट वाली डेली क्लीनिंग सोच में भी क्लीनिंग टूल्स को ऐसी जगह पर रखा जाता है, जहां वो लोगों की पहुंच में हों. इससे सफाई शुरू करना खुद में कोई बड़ा काम न लगे.
6. सफाई को सजा नहीं, रोज का छोटा रूटीन समझें: सबसे जरूरी बदलाव यही है कि सफाई को सिर्फ मजबूरी न समझें. रोज 5-10 मिनट का छोटा रूटीन बनाएं. सुबह फर्श या किसी एक हिस्से को साफ कर लें, खाना बनाने के तुरंत बाद रसोई समेट दें और रात को सोने से पहले बिखरी चीजों को उनकी जगह रख दें. इस तरह घर ज्यादा गंदा होने से पहले ही साफ होने लगेगा. जापानी क्लीनिंग फिलॉसफी में सफाई को सिर्फ धूल-मिट्टी हटाने के बजाय घर और अपने आसपास की जगह के प्रति ध्यान और जिम्मेदारी से जोड़कर देखा जाता है.