चुनाव आयोग देश के अलग-अलग हिस्सों में तेजी से SIR प्रक्रिया चला रहा है. ओडिशा और तेलंगाना में फिलहाल SIR(विशेष गहन संशोधन) प्रक्रिया चल रही है. चुनाव आयोग ने इन दोनों राज्य के लिए SIR की समय सीमा बढ़ा दी है. तेलंगाना में गणना फॉर्म का डिजिटलीकरण बहुत ही धीमी गति से होता देख चुनाव आयोग ने यह कदम उठाया है.
यह दूसरी बार है जब चुनाव आयोग ने समय सीमा बढ़ाई है. तेलंगाना में ECI ने घर-घर जाकर फॉर्म बांटने और मतदाताओं के सत्यापन की आखिरी तारीख को तीन अगस्त से बढ़ाकर 10 अगस्त कर दिया है. वहीं ड्राफ्ट मतदाता सूची अब 17 अगस्त 2026 को जारी की जाएगी.
अगर ड्राफ्ट मतदाता सूची में कोई गड़बड़ी पाई जाती है, या किसी नागरिक को कोई आपत्ति दर्ज करानी है तो वह 17 अगस्त से 16 सितंबर तक अपनी आपत्तियां या दावे दर्ज करा सकते हैं. फाइनल वोटर लिस्ट (मतदाता सूची) का प्रकाशन 19 अक्टूबर को होगा.
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तेलंगाना की तरह ही ओडिशा में भी चुनाव आयोग ने SIR का नया शेड्यूल जारी किया है. दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की समय सीमा को बढ़ा दिया गया है. अब दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अंतिम तारीख 15 दिन बढ़ाकर 19 अगस्त 2026 कर दी गई है. अगर किसी को कोई समस्या या आपत्ति है तो वह अपने क्षेत्र के बूथ लेवल ऑफिसर(BLO) से संपर्क कर सकते हैं.
यह तारीखें इसलिए बढ़ाई गई हैं ताकि डेटा और सर्वे से जुड़ी अगर कोई भी गलती हो तो उसे सुधार लिया जाए और एक शुद्ध मतदाता सूची(वोटर लिस्ट) पेश हो. साथ ही, इन आपत्तियों की जांच और निपटारे की अंतिम तारीख को बढ़ाकर 17 सितंबर कर दिया है.
ओडिशा में फाइनल वोटर लिस्ट (मतदाता सूची) का प्रकाशन 21 सितंबर को होगा.