मौसम विभाग (IMD) ने 14 अगस्त को उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्व, पूर्वोत्तर, पश्चिम और दक्षिण भारत के कई इलाकों में बारिश का अनुमान जताया है. इस दौरान कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. वहीं, कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाओं के साथ मौसम खराब रहने की आशंका है.
तटीय पश्चिम बंगाल के ऊपर बना डिप्रेशन अगले 24 घंटे में उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए गंगीय पश्चिम बंगाल और झारखंड की ओर जा सकता है. इसके प्रभाव से पूर्वी भारत के कई हिस्सों में तेज बारिश हो सकती है. मॉनसून ट्रफ भी सक्रिय है और अपनी सामान्य स्थिति के आसपास बनी हुई है.
दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत में बारिश
दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 14 अगस्त को ज्यादातर इलाकों में बारिश होने का अनुमान है. हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. राष्ट्रीय राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर रुक-रुककर बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है. आने वाले दिनों में भी इन इलाकों में बारिश का दौर जारी रह सकता है.
यूपी में 14 से 18 अगस्त तक होगी बारिश
उत्तर प्रदेश में भी मानसून सक्रिय रहेगा. पूर्वी यूपी में 14 से 18 अगस्त तक ज्यादातर इलाकों में बारिश का अनुमान है, जबकि पश्चिमी यूपी में 15 और 16 अगस्त को कई जगहों पर बारिश हो सकती है. पूर्वी उत्तर प्रदेश में 18 अगस्त तक कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है. पश्चिमी यूपी में 14 से 18 अगस्त के बीच भी कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. कई इलाकों में गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा.
हिमाचल और उत्तराखंड के लिए भी अलर्ट
हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 19 अगस्त तक कई से ज्यादातर इलाकों में बारिश होने का अनुमान है. 14 अगस्त को दोनों राज्यों में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. हिमाचल प्रदेश में बहुत भारी बारिश की भी आशंका है. जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी मौसम गीला रहने की संभावना है. 14 अगस्त को यहां कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है. पूर्वी राजस्थान में भी भारी बारिश का अनुमान है, जबकि पश्चिमी राजस्थान में छिटपुट बारिश हो सकती है.
मध्य भारत में भी भारी बारिश का दौर
छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में मॉनसून का असर तेज रहेगा. 14 अगस्त को छत्तीसगढ़ और पूर्वी मध्य प्रदेश में ज्यादातर जगहों पर बारिश हो सकती है. पश्चिमी मध्य प्रदेश में भी कई इलाकों में बारिश का अनुमान है. पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है. छत्तीसगढ़ में स्थिति ज्यादा गंभीर रह सकती है. यहां भारी से बहुत भारी बारिश और कुछ जगहों पर अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका है. लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है.
बंगाल, झारखंड और ओडिशा में बारिश
पूर्वी भारत में गंगीय पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा 14 अगस्त को सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में रह सकते हैं. इन राज्यों में कई से ज्यादातर स्थानों पर बारिश होने और कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है. तटीय पश्चिम बंगाल के ऊपर बना डिप्रेशन उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए गंगीय पश्चिम बंगाल और झारखंड को प्रभावित कर सकता है. इन इलाकों में बारिश के साथ गरज, बिजली और तेज झोंके वाली हवाएं चल सकती हैं. गंगीय पश्चिम बंगाल में थंडरस्क्वॉल की स्थिति भी बन सकती है, जहां हवा की रफ्तार 50-60 किलोमीटर प्रति घंटा और झोंकों की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है.
पूर्वोत्तर और पश्चिमी भारत में भी बारिश
पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कई से ज्यादातर इलाकों में बारिश हो सकती है. अरुणाचल प्रदेश तथा असम और मेघालय में कुछ जगहों पर भारी बारिश की संभावना है. नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी भारी बारिश हो सकती है. कई स्थानों पर गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा रहेगा. पश्चिमी भारत में कोंकण और गोवा तथा मध्य महाराष्ट्र में कई इलाकों में बारिश हो सकती है. गुजरात क्षेत्र में भी ज्यादातर स्थानों पर बारिश का अनुमान है और कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. मराठवाड़ा तथा सौराष्ट्र और कच्छ में छिटपुट से कुछ इलाकों में बारिश होने की संभावना है.
दक्षिण भारत में भी खूब बरसेगा मॉनसून
दक्षिण भारत में तटीय कर्नाटक और केरल में कई से ज्यादातर इलाकों में बारिश होने का अनुमान है. केरल और तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. तमिलनाडु, कर्नाटक और केरल के कुछ हिस्सों में गरज, बिजली और तेज हवाएं चलने की आशंका है. आईएमडी के मुताबिक कुछ क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 40-50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है, जबकि झोंकों की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक रह सकती है.
बंगाल की खाड़ी में समुद्र में रहेगा हलचल
बंगाल की खाड़ी में भी मौसम खराब रहने की संभावना है. 14 अगस्त की सुबह तक उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और इससे लगे ओडिशा, पश्चिम बंगाल तथा उत्तर आंध्र प्रदेश के तटों पर 45-55 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. हवा के झोंकों की रफ्तार 65 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. इन क्षेत्रों के आसपास समुद्र के उग्र रहने की आशंका को देखते हुए आईएमडी ने मछुआरों को उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और पश्चिम बंगाल, ओडिशा तथा उत्तर आंध्र प्रदेश के तटों के पास या समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी है.