दिल्ली में CJP के प्रदर्शन को लेकर बीजेपी ने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधा है. बीजेपी सांसद रवि शंकर प्रसाद ने पार्टी मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने कहा कि 'बीजेपी विरोध प्रदर्शन के खिलाफ नहीं है, लेकिन सड़क पर प्रदर्शन को राजनीतिक हथियार बनाया जा रहा है'. रवि शंकर प्रसाद ने CJP पर आम आदमी पार्टी के लिए 'शैडो बॉक्सिंग' करने का आरोप लगाया. उनका कहना है कि CJP प्रदर्शन के जरिए AAP को राजनीतिक फायदा पहुंचाने की कोशिश कर रही है.
दरअसल, CJP मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है. पार्टी का विरोध वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर है. इसी मुद्दे पर 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का ऐलान किया गया.
बीजेपी सांसद रवि शंकर प्रसाद ने इस प्रदर्शन के तरीके पर सवाल उठाए. उन्होंने सुप्रीम कोर्ट जाकर CJI को ज्ञापन सौंपने वाले विपक्षी नेताओं से कहा कि अगर उन्हें चुनाव आयोग के फैसलों पर आपत्ति है, तो वे अदालत में याचिका दाखिल करें. उनका कहना है कि 'हमें चुनाव में हरा दीजिए, लेकिन बार-बार जनता के द्वारा रिजेक्ट किए हुए लोग सुप्रीम कोर्ट के गलियारों से PIL दायर करके इस देश को नहीं चलाएंगे'.
'CJP, AAP के लिए शैडो बॉक्सिंग कर रही है'
रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि प्रदर्शन सुबह से शुरू हुआ. बाद में अरविंद केजरीवाल और दूसरे नेता पहुंचे. फिर ममता बनर्जी भी वहां आईं. उन्होंने CPI और CPM के नेताओं का भी जिक्र किया. उन्होंने आरोप लगाया कि अलग-अलग दलों के नेता प्रदर्शन के जरिए राजनीतिक संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि पिछले तीन-चार दिनों से दिल्ली के लोगों को परेशानी हो रही है. बीजेपी प्रदर्शन के अधिकार के खिलाफ नहीं है, लेकिन सड़क पर विरोध को राजनीतिक हथियार बनाने के खिलाफ है.
'शैडो बॉक्सिंग' का मतलब है किसी ऐसे विरोध से लड़ना, जिसमें असली निशाना कोई दूसरा हो. प्रसाद ने इसी शब्द का इस्तेमाल करते हुए CJP को आम आदमी पार्टी से जोड़ा. यह उनका राजनीतिक आरोप है.
EVM के बाद अब SIR पर बहस
प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रसाद ने EVM पर उठने वाले सवालों का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि 2014 में नरेंद्र मोदी की जीत के बाद EVM को लेकर सवाल उठाए गए. अब SIR को लेकर विवाद हो रहा है. उनके मुताबिक, देश में नौ से ज्यादा बार SIR हो चुका है और इसका प्रावधान कानून में है. उन्होंने सवाल किया कि जिन मतदाताओं की मौत हो चुकी है, जो अपने निर्वाचन क्षेत्र में नहीं रहते या जिनके नाम एक से ज्यादा जगह दर्ज हैं, क्या उन्हें वोटर लिस्ट में बने रहना चाहिए?
उन्होंने दावा किया कि जांच में 2.89 करोड़ मृत मतदाता, 6.3 करोड़ विस्थापित मतदाता, एक करोड़ दोहरे मतदाता और तीन करोड़ अनुपस्थित मतदाता पाए गए हैं. ये आंकड़े रवि शंकर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में पेश किए. उन्होंने यह भी कहा कि अगर किसी का नाम गलत तरीके से हटाया गया है, तो उसे दोबारा जुड़वाने के लिए आपत्ति दर्ज कराई जा सकती है.
बीजेपी का तर्क है कि चुनाव से जुड़े विवादों का हल कानूनी प्रक्रिया के जरिए निकाला जाना चाहिए. दूसरी तरफ, CJP ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है. SIR और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं. रवि शंकर प्रसाद ने प्रदर्शन के तरीके पर सवाल उठाते हुए कहा कि देश संसद से चलेगा, सड़क से नहीं. इस तरह बीजेपी ने CJP के प्रदर्शन को आम आदमी पार्टी से जोड़कर राजनीतिक हमला बोला है.