उत्तर-पूर्वी दिल्ली में 2020 के दंगों के दौरान आईबी अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट ने आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन समेत सभी दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है.
ताहिर हुसैन को उम्रकैद की सजा
अदालत ने सभी दोषियों को आजीवन कारावास की सजा दी है. इसके अलावा दंगा, घातक हथियार से हमला, अपहरण और हत्या समेत अन्य अपराधों में भी सजा सुनाई गई. कोर्ट ने ताहिर हुसैन पर 5 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है.
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अदालत के फैसले का स्वागत किया. उन्होंने कहा कि आईबी अधिकारी स्वर्गीय अंकित शर्मा हत्याकांड में दोषियों को उम्रकैद की सजा मिलना न्याय की जीत है. उन्होंने आम आदमी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि ताहिर हुसैन की गिरफ्तारी के बाद भी अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया उसके समर्थन में खड़े रहे और उसे बचाने की कोशिश करते रहे.
सीएम रेखा गुप्ता ने AAP पर उठाए सवाल
सीएम रेखा गुप्ता ने सवाल किया कि क्या आम आदमी पार्टी बताएगी कि ताहिर हुसैन जैसे लोगों को संरक्षण क्यों दिया गया. उन्होंने कहा कि अदालत का यह फैसला देश के नागरिकों का कानून और न्यायपालिका पर भरोसा और मजबूत करेगा. अदालत के फैसले के बाद इस मामले को लेकर आम आदमी पार्टी और भारतीय जनता पार्टी के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है.
सौरभ भारद्वाज का BJP पर पलटवार
आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि जैसे ही ताहिर हुसैन पर आरोप लगे थे, पार्टी ने उसे तुरंत निष्कासित कर दिया था. उन्होंने दावा किया कि जिस मकान को लेकर दंगों के दौरान आरोप लगाए गए, उसी बिल्डिंग में कभी भाजपा नेता और मौजूदा मंत्री कपिल मिश्रा का चुनावी कार्यालय और विधायक कार्यालय भी चलता था.
भारद्वाज ने कहा कि कपिल मिश्रा इन दावों का खंडन कर सकते हैं तो करें. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ताहिर हुसैन को राजनीति में आगे बढ़ाने और पार्षद का टिकट दिलाने में कपिल मिश्रा की भूमिका रही थी. भारद्वाज ने दावा किया कि उनके पास इन आरोपों से जुड़े सबूत हैं, जिन्हें जरूरत पड़ने पर सार्वजनिक किया जाएगा.