जब एक घाटे में डूबा बैंक खुद को उबारकर फिर से मुनाफा कमाने लगे, और सरकार उसे बेचने की तैयारी कर ले- तो विवाद होना लाजिमी है. IDBI बैंक इस वक्त ऐसी ही खींचतान के केंद्र में है. कनाडा की कंपनी फेयरफैक्स फाइनेंशियल करीब 52,878 करोड़ रुपये में IDBI बैंक का नियंत्रण अपने हाथ में लेने जा रही है. सरकार इसे ऐतिहासिक निवेश बता रही है, तो बैंक के कर्मचारी फैसले पर सवाल उठा रहे हैं. सवाल सिर्फ मालिकाना हक का नहीं है- सवाल यह भी है कि इस डील से किसे क्या मिला और जोखिम किसके हिस्से आया? कूटनीति में आज बात करेंगे... IDBI बैंक के निजीकरण, कनाडाई कंपनी की एंट्री और इसके पीछे के पूरे आर्थिक गणित की.