scorecardresearch
 

भारत आएंगे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी विदेश मंत्री रुबियो ने किया बड़ा ऐलान

अगले साल की शुरुआत में राष्ट्रपति ट्रंप भारत के दौरे पर आएंगे. इस बात का ऐलान करते हुए अमेरिकी विदेश मंत्री रुबियो ने कहा कि वे इस यात्रा और दोनों देशों के बीच होने वाले व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के लिए जल्द ही भारत पहुंचेंगे.

Advertisement
X
अगले साल की शुरुआत में भारत के दौरे पर आएंगे राष्ट्रपति ट्रंप. (File Photo)
अगले साल की शुरुआत में भारत के दौरे पर आएंगे राष्ट्रपति ट्रंप. (File Photo)

भारत और अमेरिका के बीच रणनीतिक और व्यापारिक रिश्ते एक नए सुनहरे दौर में प्रवेश करने जा रहे हैं. अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने एक बड़ा एलान करते हुए कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अगले साल की शुरुआत में भारत का दौरा करेंगे. रुबियो ने साफ किया कि वह खुद इस ऐतिहासिक वीवीआईपी दौरे की तैयारियों को अंतिम रूप देने और दोनों देशों के बीच बहुप्रतीक्षित ट्रेड डील (व्यापार समझौते) को जल्द से जल्द फाइनल करने के लिए भारत आ रहे हैं.

इस दौरे को लेकर रुबियो ने कहा कि पीएम मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच के करीबी निजी रिश्ते दोनों देशों के मजबूत संबंधों की सबसे बड़ी बुनियाद हैं. उन्होंने साफ तौर पर कहा कि वे खुद पीएम मोदी के बड़े प्रशंसक हैं, क्योंकि उनके नेतृत्व में भारत एक ग्लोबल पावर (वैश्विक ताकत) बनकर उभरा है. दोनों देशों के बीच की यह साझेदारी आने वाले समय में असीमित संभावनाओं को छूने वाली है.

क्रूड ऑयल सप्लाई और वीजा पर अहम बात

भारत की तारीफ करते हुए यह भी कहा गया कि भारत दुनिया के उन चुनिंदा देशों में शामिल है, जिसके पास हैवी क्रूड ऑयल (भारी कच्चे तेल) को रिफाइन करने की क्षमता है. इस समय भारत, अमेरिका और वेनेजुएला आपस में मिलकर क्रूड ऑयल की सप्लाई बढ़ाने पर बहुत करीब से काम कर रहे हैं. साथ ही अमेरिका के वीजा सिस्टम में होने वाले बदलावों को लेकर भी स्थिति साफ की गई कि इन बदलावों का निशाना भारत बिल्कुल नहीं है.

Advertisement

अमेरिकी राजदूत ने भी दिए अहम संकेत

अमेरिका के भारत में राजदूत सर्जियो गोर ने कहा कि भारत और अमेरिका प्राकृतिक साझेदार हैं और दोनों देशों के रिश्तों में अपार संभावनाएं हैं. उन्होंने बताया कि व्यापार समझौते पर बातचीत अंतिम दौर में है. साथ ही उन्होंने साफ किया कि अमेरिका की नई वीजा व्यवस्था किसी एक देश, खासकर भारत को निशाना बनाकर नहीं बनाई गई है. इसके अलाव उन्होंने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच मजबूत व्यक्तिगत संबंध दोनों देशों की साझेदारी की सबसे बड़ी ताकत हैं. उनके मुताबिक दोनों नेता कई अहम वैश्विक मुद्दों पर एक जैसी सोच रखते हैं.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement