उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां एक युवती ने अपने प्रेमी के व्यापार में हुए नुकसान की भरपाई करने के लिए अपनी ही भाभी के घर दिनदहाड़े लूट की योजना बनवा दी. प्रेमिका की सलाह पर प्रेमी और उसका 12वीं में पढ़ने वाला छोटा भाई बुर्का पहनकर, तिजोरी काटने वाला कटर और लोहे की रॉड लेकर घर में दाखिल हो गए. हालांकि, पीड़िता के अदम्य साहस और शोर मचाने के कारण मोहल्ले के लोगों ने दोनों को मौके पर ही धर दबोचा और पुलिस के हवाले कर दिया.
श्याम नगर निवासी राजेंद्र प्रिंटिंग प्रेस का व्यापार करते हैं. शनिवार दोपहर वह अपने बच्चों को स्कूल से लेने गए थे. घर पर उनकी पत्नी शैली और मां राधा अकेली थीं. इसी दौरान बुर्का पहने दो संदिग्ध लोग घर में घुसे. शुरुआत में शैली ने उन्हें महिलाएं समझा, लेकिन अंदर आते ही दोनों ने बुर्का उठाकर लोहे की रॉड से हमला कर दिया.
दोनों कोई पेशेवर अपराधी नहीं थे और उनका इरादा सास-बहू को डराकर तिजोरी काटने का था. लेकिन शैली ने हिम्मत नहीं हारी और जोर जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया. शोर सुनकर आसपास के पड़ोसी तुरंत इकट्ठा हो गए और बुर्का पहने दोनों युवकों को रंगे हाथों पकड़ लिया. गुस्साई भीड़ ने दोनों को रस्सी से बांधकर पिटाई की और पुलिस को सूचना दी.
चाय के धंधे में घाटे से रची गई साजिश
चकेरी पुलिस और ACP आशुतोष सिंह जब पकड़े गए प्रांजल सिंह से पूछताछ करने पहुंचे, तो चौंकाने वाला सच सामने आया. प्रांजल ने बताया कि वह पहले राजेंद्र की चचेरी बहन श्यामिका के घर किराए पर रहता था, जहां दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए थे.
हाल ही में दोनों ने मिलकर चाय का एक काम शुरू किया था, जिसमें भारी नुकसान हो गया था. पैसों की सख्त जरूरत होने पर श्यामिका ने प्रांजल से कहा कि उसकी भाभी शैली के घर में काफी पैसा और जेवर हैं. श्यामिका ने ही पूरा प्लान और समय बताया कि दोपहर में भैया बच्चों को लेने स्कूल जाते हैं, उस वक्त भाभी और सास अकेली होंगी.
प्रांजल को जब कोई साथी नहीं मिला, तो उसने पैसे का लालच देकर अपने 12वीं में पढ़ने वाले नाबालिग भाई को साथ ले लिया. दोनों कटर और रॉड लेकर पहुंचे थे, लेकिन शैली की सतर्कता से पूरी योजना फेल हो गई.
मामले की पुष्टि करते हुए ACP आशुतोष सिंह ने बताया कि पीड़िता शैली और पति राजेंद्र की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है.
मौके से वारदात में इस्तेमाल कटर, लोहे की रॉड और बुर्का बरामद कर लिया गया है. मुख्य आरोपी प्रांजल सिंह, उसके नाबालिग भाई और साजिशकर्ता प्रेमिका श्यामिका के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर तीनों को जेल भेज दिया गया है.