भारतीय क्रिकेट टीम में कई खिलाड़ियों की दोबारा एंट्री अब काफी मुश्किल दिखाई पड़ रही है. भारत के लिए लंबे समय तक खेलने वाले कुछ दिग्गज टीम में वापसी के लिए मैदान पर जमकर पसीना बहा रहे हैं. लेकिन ऐसे में बड़ा सवाल यही है कि क्या इन भारतीय सूरमाओं को दोबारा खेलने का मौका मिलेगा?
भारतीय टीम की नजर अगले साल होने वाले वनडे वर्ल्ड कप पर टिकी हुई है. पिछली बार यानी साल 2023 के वनडे वर्ल्ड कप में भारतीय टीम ने अपने घर पर खेलते हुए कमाल का प्रदर्शन किया था. ऐसा लग रहा था कि वर्ल्ड कप बस भारत का ही है. लेकिन टीम को फाइनल मैच में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दिल तोड़ने वाली हार का सामना करना पड़ा था. पिछली बार मिली हार का दर्द आज भी खिलाड़ी और फैन्स के जहन में ताजा है.
ऐसे में भारतीय कोच और चयनकर्ताओं की कोशिश 2027 वर्ल्ड कप के लिए एक मजबूत टीम तैयार करने पर है. क्रिकेट के कई दिग्गजों का मानना है कि टीम को तेज गेंदबाजी में अपने पुराने खिलाड़ियों की तरफ वापस लौटना चाहिए.
Advertisementदलीप ट्रॉफी जैसे घरेलू टूर्नामेंट में लगातार गेंद और बल्ले से कुछ सीनियर खिलाड़ी कमाल का प्रदर्शन कर रहे हैं. मोहम्मद शमी और भुवनेश्वर कुमार जैसे अनुभवी तेज गेंदबाजों की जरूरत भारतीय टीम को साउथ अफ्रीका की उछाल वाली पिचों पर पड़ सकती है.
दलीप ट्रॉफी में कमाल कर रहे हैं खिलाड़ी
मोहम्मद शमी के आने से गेंदबाजी होगी मजबूत
36 साल के हो चुके तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी की गेंदें आज भी बल्लेबाजों के लिए पहेली बनी हुई हैं. रणजी ट्रॉफी के पिछले सीजन में शमी ने लाल गेंद से कहर ढाते हुए महज 16.72 की औसत से 37 विकेट चटकाए हैं. टेस्ट और वनडे दोनों में 200 से ज्यादा विकेट ले चुके शमी के पास अनुभव का खजाना है. 2027 का वनडे वर्ल्ड कप अफ्रीका की तेज पिचों पर होना है, ऐसे में शमी का अनुभव भारतीय टीम के बहुत काम आ सकता है.
भुवनेश्वर कुमार पर रहेगी फैन्स की नजर
भुवनेश्वर कुमार भी 36 साल के हैं, लेकिन उनकी स्विंग का जादू आज भी बरकरार है. पिछले आईपीएल सीजन में वो दूसरे सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे, जहां उन्होंने शानदार इकॉनमी से 28 विकेट झटके. हालांकि भुवी 2022 के बाद से भारत के लिए नहीं खेले हैं, लेकिन पावरप्ले में नई गेंद से विकेट निकालने की जो कला उनके पास है, वो बहुत कम गेंदबाजों में देखने को मिलती है. इंटरनेशनल क्रिकेट में 294 विकेट ले चुके भुवी विदेशी दौरों पर टीम इंडिया का बड़ा सहारा बन सकते हैं.
पंड्या को 5 साल से वापसी का इंतजार
35 साल के ऑलराउंडर क्रुणाल पंड्या पिछले कुछ आईपीएल सीजन से बेहद ही शानदार फॉर्म में हैं. आईपीएल में उन्होंने न सिर्फ किफायती गेंदबाजी करते हुए 14 विकेट लिए, बल्कि 145 से ज्यादा की स्ट्राइक रेट से 226 रन भी बनाए. भारतीय टीम को हमेशा से ऐसे खिलाड़ियों की तलाश रहती है जो बैटिंग और बॉलिंग दोनों से मैच जिता सकें. क्रुणाल ने 2021 के बाद से भारत के लिए कोई मैच नहीं खेला है, लेकिन जिस तरह का खेल वो दिखा रहे हैं, सेलेक्टर्स उन्हें ज्यादा देर नजरअंदाज नहीं कर पाएंगे.