गॉल टेस्ट में भारत से 165 रन की हार के बाद श्रीलंका के कप्तान धनंजया डीसिल्वा ने मैच का पूरा आकलन किया. उन्होंने माना कि टॉस भारत के पक्ष में जाने से फर्क पड़ा, लेकिन उनकी टीम की सबसे बड़ी परेशानी शुरुआती विकेटों का गिरना रही.
दूसरी ओर भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने दूसरी पारी में बल्लेबाजी के दौरान हुए विकेटों के पतन को लेकर टीम का बचाव किया और बताया कि आखिर भारत ने आक्रामक अंदाज क्यों अपनाया था.
धनंजया डीसिल्वा ने कहा कि दूसरे दिन से उनकी टीम ज्यादातर समय मुकाबले में बनी हुई थी. यहां तक कि चौथी पारी में भी श्रीलंकाई खिलाड़ियों ने पूरी कोशिश की.
उन्होंने माना कि गॉल में चौथी पारी में बल्लेबाजी करना आसान नहीं होता. उनके मुताबिक टीम ने मुकाबला काफी हद तक अच्छी तरह लड़ा और खिलाड़ियों ने मुश्किल परिस्थितियों में संघर्ष किया.
A clinical victory for #TeamIndia in the Galle Test.
— BCCI (@BCCI) August 19, 2026
Manav Suthar's 6 wicket haul in the second innings, guides India to a 165 run win over Sri Lanka.
Scorecard - https://t.co/M9LVyCAp8y #SLvIND pic.twitter.com/QxAhFQGZke
गॉल की पिच पर बात करते हुए धनंजया ने कहा कि शुरुआती तीन दिन बल्लेबाजी के लिए विकेट अच्छा था. लेकिन चौथी पारी में बल्लेबाजी करना यहां कभी आसान नहीं होता और यह बात सभी जानते हैं.
राहुल-पडिक्कल की पारियों ने बढ़ाया दबाव
श्रीलंकाई कप्तान ने भारत की पहली पारी के बल्लेबाजों को भी अपनी टीम की मुश्किलों की बड़ी वजह बताया. उन्होंने कहा कि केएल राहुल और देवदत्त पडिक्कल ने जो शुरुआत हासिल की, उसे बड़ी पारियों में तब्दील किया. इससे श्रीलंका पर लगातार दबाव बनता चला गया.
धनंजया ने टॉस को भी मैच का अहम फैक्टर माना. उन्होंने कहा कि भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी की और बोर्ड पर रन लगा दिए. जब श्रीलंका की बल्लेबाजी आई तो टीम ने शुरुआती विकेट गंवा दिए और वहीं से वह दबाव में आ गई. यानी श्रीलंकाई कप्तान के मुताबिक भारत के बड़े स्कोर और अपनी टीम के शुरुआती विकेटों ने मैच का रुख तय करने में अहम भूमिका निभाई.
गिल ने दूसरी पारी के 'बैटिंग प्लान' का खोला राज
भारत की दूसरी पारी में बल्लेबाजों के जल्दी-जल्दी आउट होने पर शुभमन गिल से सवाल किया गया कि क्या यह चिंता की बात है. गिल ने इससे साफ इनकार किया. उन्होंने बताया कि भारत का लक्ष्य तीसरी पारी में करीब 400 रन बनाने का था. लेकिन गॉल की पिच ऐसी नहीं थी कि बल्लेबाज अपनी मर्जी से तेजी से रन बना सकें.
इसी वजह से टीम ने दूसरी पारी में थोड़ा ज्यादा आक्रामक क्रिकेट खेलने का फैसला किया. भारत का मकसद यह था कि श्रीलंका के सामने बड़ा लक्ष्य रखने के साथ-साथ उसके पास आखिरी पारी में गेंदबाजी करने के लिए पर्याप्त ओवर भी हों.
गिल ने मैच जीतने के बाद 10 विकेट झटकने वाले मानव सुथार की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि सुथार शानदार गेंदबाजी कर रहे हैं. गिल ने याद दिलाया कि भारत के लिए अपने पहले मैच में भी उन्होंने शानदार गेंदबाजी की थी और इस मुकाबले में भी उनका प्रदर्शन बेहतरीन रहा. भारतीय कप्तान के मुताबिक सुथार काफी प्रतिभाशाली और संभावनाओं से भरे खिलाड़ी हैं और वह लंबे समय तक भारत के लिए खेल सकते हैं.
पडिक्कल की 167 रन की पारी पर गिल ने क्या कहा?
शुभमन गिल ने देवदत्त पडिक्कल की 167 रन की पारी को भी भारत की जीत में बेहद अहम बताया. उन्होंने कहा कि पडिक्कल को बल्लेबाजी करते देखना शानदार था. गिल के मुताबिक सिर्फ शतक बनाना ही महत्वपूर्ण नहीं होता, बल्कि शतक पूरा करने के बाद बल्लेबाज अपनी पारी को किस तरह आगे बढ़ाता है, यही उसे खास बनाता है.
गिल ने कहा कि पडिक्कल ने शतक के बाद भी अपनी पारी को आगे बढ़ाया और बड़ा स्कोर बनाया. यही अंतर होता है कि कोई टीम सिर्फ मुकाबले में बनी हुई हो या फिर आरामदायक स्थिति में पहुंच जाए. पडिक्कल ने दूसरी पारी में भी जिस तरह बल्लेबाजी की और स्पिनरों पर दबाव बनाया, गिल ने उसे देखने लायक बताया.
WTC पर भी गिल ने साफ कर दिया लक्ष्य
भारत की इस जीत को वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के लिहाज से कितना महत्वपूर्ण माना जा रहा है, इस पर भी गिल ने अपनी बात साफ रखी. उन्होंने कहा कि WTC ही टीम का अंतिम लक्ष्य है और भारत इसी वजह से टेस्ट क्रिकेट खेल रहा है. गिल ने माना कि टेस्ट मैच जीतना आसान नहीं होता और गॉल की यह जीत टीम के लिए बेहद खुशी देने वाली है.
भारत ने इस मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए 462 रन बनाए. देवदत्त पडिक्कल ने 167 रन की बड़ी पारी खेली, जबकि केएल राहुल और ध्रुव जुरेल ने भी अर्धशतक लगाए. जवाब में श्रीलंका 284 रन पर सिमट गया. भारत की दूसरी पारी में ऋषभ पंत ने 66 रन की तेज पारी खेलकर टीम की बढ़त 370 रन के पार पहुंचाई. लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका ने संघर्ष तो किया, लेकिन मानव सुथार की निर्णायक गेंदबाजी के सामने उसकी दूसरी पारी 206 रन पर खत्म हो गई.
इस तरह भारत ने गॉल में 165 रन से जीत दर्ज की. हार के बाद धनंजया डीसिल्वा ने टॉस, शुरुआती विकेट और राहुल-पडिक्कल की पारियों को अहम कारण बताया, जबकि गिल ने अपनी टीम की दूसरी पारी के आक्रामक बैटिंग प्लान का बचाव करते हुए सुथार और पडिक्कल को जीत के बड़े नायकों में शामिल किया.