जुलाई का महीना व्रत-त्योहारों की दृष्टि से बेहद खास रहने वाला है. हिंदू पंचांग के अनुसार, इस महीने कई महत्वपूर्ण व्रत, त्योहार आने वाले हैं. कई शुभ तिथियां भी होंगी जो आस्था-श्रद्धा के लिहाज से विशेष महत्व रखती हैं. महीने की शुरुआत कृष्णपिंगल संकष्टी चतुर्थी से होगी. इसके बाद योगिनी एकादशी, मासिक शिवरात्रि, आषाढ़ अमावस्या, आषाढ़ गुप्त नवरात्रि, भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा, देवशयनी एकादशी और गुरु पूर्णिमा जैसे प्रमुख धार्मिक पर्व मनाए जाएंगे. आइए इस महीने आने वाले सभी महत्वपूर्ण व्रत-त्योहारों की सूची पर एक नजर डालते हैं.
जुलाई 2026 के प्रमुख व्रत-त्योहार
शुक्रवार, 03 जुलाई- संकष्टी चतुर्थी
शुक्रवार, 10 जुलाई- योगिनी एकादशी
रविवार, 12 जुलाई- रवि प्रदोष व्रत, मासिक शिवरात्रि
बुधवार, 15 जुलाई - आषाढ़ गुप्त नवरात्रि प्रारंभ
गुरुवार, 16 जुलाई- जगन्नाथ रथयात्रा, कर्क संक्रांति
मंगलवार, 21 जुलाई- मासिक दुर्गाष्टमी, पार्वती जयंती
बुधवार, 22 जुलाई- भड़ली नवमी
शनिवार, 25 जुलाई- देवशयनी एकादशी (हरिशयनी एकादशी)
शनिवार, 25 जुलाई- गौरी व्रत प्रारंभ
रविवार, 26 जुलाई- रवि प्रदोष व्रत
बुधवार, 29 जुलाई- गुरु पूर्णिमा, आषाढ़ पूर्णिमा
बुधवार, 29 जुलाई- गौरी व्रत समापन
गुरुवार, 30 जुलाई- श्रावण (सावन) मास प्रारंभ
जुलाई में कब बदलेंगे ग्रह?
4 जुलाई- शुक्र सिंह राशि में प्रवेश करेंगे.
16 जुलाई- सूर्य कर्क राशि में गोचर करेंगे.
27 जुलाई- शनि मीन राशि में वक्री होंगे.
देवशयनी एकादशी
देवशयनी एकादशी से चातुर्मास का शुभारंभ माना जाता है. धार्मिक मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु योगनिद्रा में प्रवेश करते हैं और सृष्टि का संचालन भगवान शिव के हाथों में आ जाता है. इस दौरान श्रद्धालु व्रत, पूजा और दान-पुण्य करते हैं. सुख, समृद्धि और परिवार की मंगलकामना के साथ भगवान की आराधना करते हैं.
गुरु पूर्णिमा
गुरु पूर्णिमा गुरु के प्रति सम्मान, कृतज्ञता और श्रद्धा व्यक्त करने का विशेष पर्व है. इस दिन लोग अपने गुरु का आशीर्वाद लेते हैं और ज्ञान के महत्व को स्वीकार करते हैं. आध्यात्मिक साधना, पूजा और सत्संग का भी इस दिन विशेष महत्व माना जाता है.
जगन्नाथ रथ यात्रा
जगन्नाथ रथ यात्रा भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा की भव्य रथ यात्रा के रूप में मनाई जाती है. श्रद्धालु बड़ी संख्या में रथ खींचने में भाग लेते हैं. यह पर्व भक्ति, सेवा, आस्था और भगवान के प्रति समर्पण का प्रतीक माना जाता है.