scorecardresearch
 

No Refined Oil: झुर्रियां होंगी गायब और घटेगा वजन! अगर नहीं खाएंगे रिफाइंड तेल तो क्या 'सुधर' जाएगा? खुद ट्राई करें 30 दिन का चैलेंज

What happens if you stop eating oil: हम सभी यह सुनते हैं कि ज्यादा तेल खासतौर पर रिफाइंड तेल शरीर के लिए बिलकुल अच्छा नहीं होता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि अगर आप एक महीने के लिए रिफाइंड तेल खाना छोड़ दें तो आपके शरीर पर इसका क्या असर होगा. यहां हम आपको इसी सवाल का जवाब दे रहे हैं.

Advertisement
X
अगर नहीं खाएंगे रिफाइंड तो क्या होगा (Photo: ITG)
अगर नहीं खाएंगे रिफाइंड तो क्या होगा (Photo: ITG)

भारतीय भोजन का स्वाद बिना तड़के, घी और तेल के अधूरा सा लगता है. पकौड़े, पराठे, पूड़ी और सब्जियों में छौंक लगाने के लिए सरसों या रिफाइंड तेल का इस्तेमाल हमारी रसोई का अहम हिस्सा है. लेकिन अत्यधिक तेल वाली चीजें खाने से शरीर में मोटापा, हाई कोलेस्ट्रॉल, दिल की बीमारियां और सुस्ती जैसी समस्याएं तेजी से घर करने लगती हैं.

खासतौर पर रिफाइंड ऑयल को लेकर तो दुनिया भर के डॉक्टर और हेल्थ एक्सपर्ट्स चेतावनी देते हैं कि इसका इस्तेमाल कम से कम करना चाहिए. ऐसे में क्या आपके मन में भी यह सवाल आता है कि क्या होगा अगर आप एक महीने तक बिल्कुल रिफाइंड की चीजें खाना बंद कर दें तो क्या इससे शरीर को क्या फायदा होगा. आइए जानते हैं 30 दिन तक रिफाइंड तेल से दूरी शरीर पर क्या असर डालती है.

30 दिन रिफाइंड तेल न खाने से शरीर में होने वाले सुधार

उम्र से पहले आने वाले बुढ़ापे पर लगेगी लगाम

रिफाइंड तेल में मौजूद ऑक्सिडाइज्ड फैट्स फ्री-रेडिकल्स को बढ़ाते हैं जो स्किन सेल्स को नुकसान पहुंचाते हैं. इसे बंद करने से चेहरे की झुर्रियां, फाइन लाइन्स कम होती हैं और त्वचा में प्राकृतिक कसावट आती है.

पेट की चर्बी होगी कम

Advertisement

रिफाइंड ऑयल कैलोरीज और ट्रांस-फैट से भरपूर होता है जो सीधा पेट पर फैट जमा करता है. 1 महीने इसे छोड़ने से मेटाबॉलिज्म तेज होता है और वजन घटने लगता है.

बैड कोलेस्ट्रॉल में कमी 

रिफाइंड प्रक्रिया के दौरान तेल के हेल्दी न्यूट्रिएंट्स खत्म हो जाते हैं, जिससे धमनियों में प्लाक जमने लगता है. 30 दिनों में कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लीसराइड्स का लेवल सुधरने लगता है.

पाचन तंत्र मजबूत होगा

रिफाइंड तेल आंतों की अंदरूनी परत को नुकसान पहुंचाता है. इसे बंद करते ही एसिडिटी, ब्लोटिंग और कब्ज की समस्या से तुरंत राहत मिलती है.

शरीर की सूजन में कमी

रिफाइंड ऑयल में ओमेगा-6 फैटी एसिड अधिक होता है, जो शरीर में सूजन बढ़ाता है. इसे छोड़ने से जोड़ों के दर्द और शरीर की जकड़न में आराम मिलता है.

हार्मोनल संतुलन में होगा सुधार

रिफाइंड तेल में मौजूद केमिकल्स और प्रिजर्वेटिव्स शरीर के हार्मोनल बैलेंस को बिगाड़ते हैं. 30 दिन के ब्रेक से थायराइड, इंसुलिन रेजिस्टेंस और PCOD जैसी समस्याओं में सुधार होता है.

ब्लड शुगर लेवल होगा कंट्रोल

जब आप रिफाइंड तेल छोड़ते हैं तो शरीर की इंसुलिन सेंसिटिविटी बेहतर होती है जिससे खाने के बाद अचानक स्पाइक होने वाला शुगर लेवल नियंत्रित रहता है.

एनर्जी लेवल में आएगी तेजी

रिफाइंड ऑयल से बना भारी खाना शरीर को सुस्त और थका हुआ बनाता है. आप इसके विकल्प के तौर पर देसी घी, कच्ची घानी तेल या बीज के तेल का इस्तेमाल कर सकते हैं. ऐसा करने से दिनभर शरीर में फुर्ती और ऊर्जा बनी रहती है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement