रामनवमी के मौके पर हुई हिंसा के बाद एक तरफ जहां पश्चिम बंगाल का रानीगंज इलाका जल रहा है, वहीं इस मसले पर सियासत भी जमकर की जा रही है. बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने सूबे की ममता बनर्जी सरकार को उन्माद के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए उसे जिहादी सरकार की संज्ञा दी है.
बंगाल के आसनसोल से सांसद और केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने आरोप लगाए कि रानीगंज में हिंसा का कारण पुलिस द्वारा कार्रवाई नहीं करना है. उन्होंने आरोप लगाया कि टीएमसी सरकार ने तुष्टीकरण के लिए कोई एक्शन नहीं लिया.
सुप्रियो ने कहा कि अगर पुलिस ने पहले कदम उठाए होते तो हिंसा को टाला जा सकता था. पुलिस ने अपने राजनीतिक आकाओं के कहने के मुताबिक काम किया और इलाके में गुंडों को पूरी छूट दे दी.
We wil show this Jihadi Sarkar that the the Spirit of Bengal is still alive•There r 100s of pictures circulating on Social Media, it’s impossible 2 verify their authenticity but even if 25% of that is correct, situation is grave•
— Babul Supriyo (@SuPriyoBabul)
सुप्रियो ने इस संबंध में ट्वीट किया और लिखा कि वह जिहादी सरकार को दिखा देंगे कि बंगाल की आत्मा अभी जिंदा है. उन्होंने ये भी कहा कि सोशल मीडिया पर सैकड़ों तस्वीरें वायरल हो रही हैं, जिनमें से अगर 25 फीसदी भी सही निकलीं तो पता चलेगा कि हालात कितने खराब हैं. सुप्रियो ने इस संबंध में गृह मंत्री राजनाथ सिंह से फोन पर बात की है.
वहीं, का आरोप लगा रही है. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने साफ शब्दों में कहा है कि राम के नाम पर गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई होगी.
बता दें कि 25 मार्च को रामनवमी के मौके पर जुलूस को लेकर बर्धमान जिले के रानीगंज इलाके में तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी. हालात आगजनी और फायरिंग तक पहुंच गए थे, जिसमें एक व्यक्ति की मौत होने की बात सामने आई है.
पुलिस ने अब तक हिंसा के आरोप में 19 लोगों को गिरफ्तार किया है. वहीं, पूरे सूबे में बीजेपी और उससे जुड़े और दूसरे हथियारों के साथ रामनवमी का जुलूस निकाला था.