scorecardresearch
 

क्रूड ऑयल सस्ता हुए फिर पेट्रोल-डीजल महंगा क्यों? मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार को घेरा

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की ऊंची कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें युद्ध-पूर्व स्तर पर लौट आई हैं, फिर भी जनता को राहत नहीं मिल रही. खड़गे ने आरोप लगाया कि सरकार पेट्रोल, डीजल, गैस और सीएनजी पर ऊंचे दाम वसूलकर जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल रही है और टैक्स के जरिए लोगों से वसूली कर रही है.

Advertisement
X
पेट्रोल-डीजल और गैस की कीमतों को लेकर केंद्र पर बरसे मल्लिकार्जुन खड़गे. (Photo: X/@INC)
पेट्रोल-डीजल और गैस की कीमतों को लेकर केंद्र पर बरसे मल्लिकार्जुन खड़गे. (Photo: X/@INC)

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की ऊंची कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने सवाल उठाया कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें पश्चिम एशिया युद्ध से पहले के स्तर पर लौट आई हैं, तब भी आम जनता को महंगा ईंधन क्यों खरीदना पड़ रहा है.

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए खड़गे ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार जनता से लगातार अधिक टैक्स वसूल रही है. उन्होंने कहा कि जब पश्चिम एशिया में युद्ध अपने चरम पर था, तब कच्चे तेल की कीमत करीब 138 डॉलर प्रति बैरल थी और उस समय पेट्रोल 94.77 रुपये तथा डीजल 87.67 रुपये प्रति लीटर मिल रहा था. अब कच्चे तेल का भाव घटकर करीब 70.71 डॉलर प्रति बैरल रह गया है, लेकिन इसके बावजूद पेट्रोल करीब 102.12 रुपये और डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है.

खड़गे ने यह भी कहा कि युद्ध के दौरान आपूर्ति प्रभावित होने का हवाला देकर कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ाए गए थे. अब जबकि हालात सामान्य हो चुके हैं, तब भी एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में राहत नहीं दी जा रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि घरेलू गैस सिलेंडर, 5 किलो वाले छोटे सिलेंडर और सीएनजी की कीमतें भी बढ़ाई गई हैं, जिससे आम लोगों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है.

Advertisement

कांग्रेस अध्यक्ष ने सरकार से सवाल किया कि जब कच्चा तेल महंगा था तब जनता ने बोझ उठाया, लेकिन अब कीमतें कम होने के बावजूद लोगों को राहत क्यों नहीं दी जा रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार जनता को केवल टैक्स वसूली का माध्यम बनाकर देख रही है.

गौरतलब है कि कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट के अनुरूप पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के दाम कम करने की मांग करती रही है. वहीं सरकार की ओर से इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement