भारत की प्रमुख घरेलू खुफिया एजेंसी इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) की कमान अब एक अनुभवी और जांबाज अधिकारी के हाथों में सौंप दी गई है. केंद्र सरकार की कैबिनेट नियुक्ति समिति ने 1993 बैच के सीनियर IPS अफसर महेश दीक्षित को इंटेलिजेंस ब्यूरो का नया डायरेक्टर नियुक्त किया है. आंध्र प्रदेश कैडर के अधिकारी महेश दीक्षित देश की आंतरिक सुरक्षा की कमान ऐसे समय में संभाल रहे हैं, जब वैश्विक और क्षेत्रीय स्तर पर सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियां तेजी से बदल रही हैं.
दीक्षित ने श्रीनगर में IB के सब्सिडियरी इंटेलिजेंस ब्यूरो (SIB) के प्रमुख के तौर पर अहम साल बिताए हैं, जहां उनके अधिकार क्षेत्र में जम्मू, कश्मीर और लेह आते थे.
अधिकारियों का कहना है कि आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद के समय में आंतरिक स्थिरता बनाए रखने और क्षेत्रीय सुरक्षा खतरों पर नजर रखने में उन्होंने अहम भूमिका निभाई.
जमीनी स्तर पर इंटेलिजेंस नेटवर्क और आतंकवाद-रोधी मामलों में अपनी विशेषज्ञता के लिए पहचाने जाने वाले दीक्षित ने IB में कई संवेदनशील जिम्मेदारियां संभाली हैं, जिनमें नक्सलवाद और सीमा पार से घुसपैठ जैसे मामले शामिल हैं.
J&K में उनके फील्ड अनुभव से पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद, कट्टरपंथ और नार्को-टेरर नेटवर्क से निपटने के लिए एजेंसी की रणनीति तय होने की उम्मीद है.
कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने इस शीर्ष पद के लिए उनके नाम को मंजूरी दी. वे IB के निवर्तमान डायरेक्टर का कार्यकाल पूरा होने के बाद उनकी जगह लेंगे.