नागपुर में एक महिला की संदिग्ध मौत मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है. शुरुआत में जिस मौत को आकस्मिक माना जा रहा था, वह असल में एक बेरहम हत्या निकली. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मृतका के पति को गिरफ्तार कर लिया है.
मानकापुर पुलिस थाने के सीनियर इंस्पेक्टर हरेश कालसेकर के अनुसार, घटना 3 सितंबर की देर रात झिंगाबाई टाकली स्थित गोविंद सिटी टॉवर के एक फ्लैट की है. कृष्णलाल यादव (41) जब नौकरी से घर लौटा, तो उसने अपनी पत्नी यामिनी (38) से खाना परोसने को कहा.
दरअसल, गणेश उत्सव से पहले उनके फ्लैट में महिलाओं की डांस प्रैक्टिस रात 10 से 12 बजे तक चल रही थी, जिसके कारण यामिनी थकी हुई थीं. यामिनी ने पति से खुद खाना ले लेने को कहा.
इसी मामूली बात पर कृष्णलाल आपा खो बैठा और उसने पत्नी के साथ जमकर मारपीट की. पति के हिंसक हमले में यामिनी की गर्दन और पेट पर बेहद गंभीर चोटें आईं, जिसके कारण रात करीब 1:30 बजे उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुला राज
घटना के तुरंत बाद पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज किया था. हालांकि, संदिग्ध स्थिति को देखते हुए मृतका के मायके वालों की मांग पर शव को मेयो अस्पताल में पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि यामिनी की मौत गला दबाने और शरीर पर गंभीर अंदरूनी चोटों के कारण हुई है.
रिपोर्ट सामने आते ही मृतका के बड़े भाई राजेंद्र यादव ने थाने में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज किया. मानकापुर पुलिस ने 4 सितंबर की देर रात आरोपी कृष्णलाल को गिरफ्तार कर लिया. कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी पति ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है.
दो मासूम बच्चों के सिर से उठा मां का साया
मानकापुर पुलिस के अनुसार, आरोपी कृष्णलाल का कोई पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है. दंपती के दो बेटे हैं- एक की उम्र 14 साल और दूसरे की महज 4 साल है. पिता के जेल जाने और मां की मौत के बाद दोनों मासूमों के सिर से माता-पिता का साया उठ गया है. पुलिस फिलहाल आगे की लीगल जांच कर रही है.