scorecardresearch
 

डिंपल यादव के 'महिला कार्ड' को काउंटर करने उतरीं बीजेपी की 4 महिला नेता

मैनपुरी से सपा सांसद डिंपल यादव के 'महिला कार्ड' और मुफ्त वादों के दांव को काटने के लिए बीजेपी ने अपनी चार प्रमुख महिला नेताओं को मोर्चे पर उतार दिया है. बीजेपी की इस महिला ब्रिगेड ने सपा के शासनकाल की कानून-व्यवस्था और महिला सुरक्षा के पुराने रिकॉर्ड को कुरेदते हुए अखिलेश यादव को सीधे कठघरे में खड़ा कर दिया है.

Advertisement
X
डिंपल यादव और अखिलेश यादव की केमिस्ट्री (Photo-PTI)
डिंपल यादव और अखिलेश यादव की केमिस्ट्री (Photo-PTI)

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की सियासी तपिश के बीच महिला वोटरों को साधने के लिए सियासी बिसात बिछाई जाने लगी है. सीएम योगी आदित्यनाथ ने 60 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को आजीवन मुफ्त बस सेवा की सुविधा देने का ऐलान किया तो जवाब में सपा ने डिंपल यादव को फ्रंटफुट पर उतार दिया. डिंपल यादव ने 'स्त्री सम्मान समृद्धि योजना' के तहत महिलाओं को सालाना 40 हजार रुपये देने का वादा किया.

डिंपल यादव के फ्रंट पर आकर मोर्चा संभालने और 'महिला कार्ड' खेलने के बाद बीजेपी ने अपनी रणनीति में बड़ा बदलाव किया है. सपा के इस दांव को काटने और महिला वोटरों में अपनी पकड़ मजबूत बनाए रखने के लिए बीजेपी ने अपनी महिला नेताओं की पूरी फौज मैदान में उतार दी है. बीजेपी की महिला नेताओं ने सपा के महिला कार्ड को काउंटर करना शुरू कर दिया है.

उत्तर प्रदेश में महिला मतदाता किसी भी चुनाव का पासा पलटने का मादा रखती हैं. इसीलिए सपा और बीजेपी दोनों ही तरफ से शह-मात का खेल शुरू हो गया है. सपा सांसद डिंपल यादव ने जैसे ही महिलाओं को साधने का दांव चला, बीजेपी की महिला नेता फ्रंटफुट पर उतरकर सपा को महिला विरोधी कठघरे में खड़ा करने में जुट गई हैं.

सपा ने चला महिलाओं को साधने का दांव

Advertisement

सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश में महिला वोटों को साधने के लिए अपनी पत्नी और मैनपुरी से सांसद डिंपल यादव को आगे कर दिया है. डिंपल यादव ने बुधवार को सपा मुख्यालय में अपनी महिला ब्रिगेड के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए 'स्त्री सम्मान समृद्धि योजना' का ऐलान किया और कहा कि पार्टी के पीडीए (PDA) का एक बड़ा मतलब आधी आबादी (महिलाएं) भी है.

डिंपल यादव ने कहा कि सपा का मानना है कि जब तक महिलाओं को आर्थिक और सामाजिक रूप से मजबूत नहीं किया जाएगा, तब तक प्रदेश का समग्र विकास संभव नहीं है. महिलाओं को मोबाइल, लैपटॉप, पैसा, पाठशाला और प्रशिक्षण जैसे माध्यमों से सशक्त किया जाएगा. डिंपल के साथ अखिलेश यादव ने भी महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर बीजेपी को घेरा. उन्होंने कहा कि जब महिला आरक्षण बिल संसद से पास हो चुका है, तो बीजेपी इसे लागू करने में देरी क्यों कर रही है? इसे 2027 के विधानसभा चुनाव में ही लागू किया जाना चाहिए.

बीजेपी की महिला ब्रिगेड ने संभाला मोर्चा

डिंपल यादव के 'महिला कार्ड' को काउंटर करने के लिए बीजेपी ने अपनी महिला नेताओं की पूरी फौज उतार दी है. योगी सरकार में मंत्री गुलाब देवी ने कहा कि यूपी में सपा सरकार के दौरान बेटियां असुरक्षित थीं और महिलाओं का राह चलना दूभर था. सपा की महिला नेता रोली मिश्रा के साथ सपा कार्यकर्ताओं द्वारा अभद्रता के आरोपों पर अखिलेश यादव चुप रहे. योगी सरकार में महिलाएं भयमुक्त माहौल में जीवन जी रही हैं.

Advertisement

बीजेपी की दूसरी महिला नेता शालिनी यादव ने कहा कि सपा की ओर से महिलाओं को लुभावने सपने दिखाए जा रहे हैं, लेकिन उसके शासनकाल में महिला सुरक्षा बड़ा मुद्दा रही. नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समय सपा का महिला विरोधी चेहरा सामने आया था. जनता सपा के इस चेहरे को पहचान चुकी है.

शालिनी यादव के सुर में सुर मिलाते हुए पार्टी की नेता और यूपी ओबीसी आयोग की सदस्य डॉ. ऋचा राजपूत ने कहा कि सपा के कार्यकर्ताओं पर महिला मुख्यमंत्री के साथ दुर्व्यवहार के आरोप लगते रहे हैं. सपा सरकार में मंच से महिलाओं के बारे में अपशब्द बोले जाने के आरोप लगे और प्रशासन पर कार्रवाई न करने के आरोप रहे. सपा के महिलाओं से जुड़े वादे 'बिल्ली को दूध की रखवाली सौंपने' जैसे हैं.

पूजा पाल ने भी सपा पर खड़े किए सवाल

सपा से विधायक बनीं और बगावत कर बीजेपी में आईं विधायक पूजा पाल ने कहा कि महिलाएं सपा के जाल में नहीं फंसने वाली हैं. उन्होंने एक मौलाना द्वारा डिंपल यादव पर की गई टिप्पणी का जिक्र करते हुए कहा कि जब वह अपनी पत्नी के अपमान का बदला नहीं ले सके, तो यूपी की आम महिलाओं के सम्मान की रक्षा क्या करेंगे?

पूजा पाल ने कहा कि महिलाएं उनके जाल में नहीं फंसने वाली हैं. पूजा पाल ने कहा कि अखिलेश यादव का महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा की बात करना हास्यास्पद है. सपा सरकार में महिलाओं के साथ किस तरह का व्यवहार और छेड़खानी की घटनाएं होती थीं, यह सभी ने देखा है. चुनाव को लेकर जो महिला कार्ड खेला जा रहा है, वह काम नहीं आने वाला है, महिलाएं सपा के दौर को भूल नहीं पाई हैं.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement