मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल एंड टेलीकॉम फर्म जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ आ रहा है. ये देश के इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा इश्यू होगा और Jio IPO का साइज 30000 करोड़ रुपये से ज्यादा होगा. इससे जुड़ी हर एक डिटेल जारी कर दी गई है. निवेशकों के बीच चर्चा में है. ऐसे में निवेशकों के लिए प्राइस बैंड, लॉट साइज, एंप्लाई डिस्काउंट समेत 'A to Z' डिटेल जान लेना बेहद जरूरी है. आइए एक-एक सवाल का जवाब जानते हैं...
सवाल-1: कब खुल रहा Jio का IPO?
जवाब: मुकेश अंबानी की कंपनी जियो प्लेटफॉर्म के आईपीओ का इंतजार कर रहे निवेशकों के लिए पहले सवाल का जवाब ये है कि Jio IPO 19 अक्टूबर को एंकर इन्वेस्टर्स के लिए ओपन होगा. जबकि रिटेल निवेशकों के लिए इसे 21 अक्टूबर को खोल दिया जाएगा और इसमें तीन दिन यान यानी 23 अक्तूबर तक बोलियां लगाई जा सकेंगी.
सवाल-2: कितना साइज और क्या प्राइस बैंड?
जवाब: कंपनी ने इश्यू साइज और प्राइस बैंड का ऐलान कर दिया है. Jio Platforms IPO के जरिए कंपनी 30,213 करोड़ रुपये जुटाने के लिए प्राइमरी मार्केट में उतरेगी. इश्यू साइज के हिसाब से ये देश का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ होगा. इसके प्राइस बैंड की बात करें, तो ये 1065-1119 रुपये प्रति इक्विटी शेयर तय किया गया है.
सवाल-3: क्या Jio IPO देश का सबसे बड़ा इश्यू है?
जवाब: जियो प्लेटफॉर्म्स आईपीओ का साइज अपर प्राइस बैंड के आधार पर 30,213 करोड़ रुपये है और ये आंकड़ा इसे निश्चित तौर पर देश के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ बनाता है. इससे पहले हुंडई मोटर इंडिया (27,870 करोड़ रुपये), NSE IPO (22,569 करोड़ रुपये), LIC IPO (20,557 करोड़ रुपये) और Paytm IPO (18,300 करोड़ रुपये) शेयर बाजार में लिस्ट हो चुके हैं.
सवाल-4: कंपनी कितने शेयर करेगी जारी?
जवाब: Jio Platforms IPO से जुड़ी डिटेल पर नजर डालें, तो इस आईपीओ के तहत मुकेश अंबानी की कंपनी निवेशकों के लिए कुल 27 करोड़ शेयर जारी करेगी और खास बात ये है कि ये फ्रेश शेयर होंगे. इनकी फेस वैल्यू 10 रुपये होगी. जियो का आईपीओ एक बुकबिल्ड इश्यू है.
सवाल-5: निवेशकों को लगाना होगा कितना पैसा?
जवाब: अब सबसे जरूरी सवाल ये कि आखिर जियो के आईपीओ में निवेशकों को कितना पैसा लगाना होगा? तो बता दें कि कंपनी ने रिटेल निवेशकों के लिए 12 शेयरों का लॉट साइज तय किया है. इसका मतलब है कि निवेशक कम से कम इतने शेयरों के लिए बोली लगाएगा. अपर प्राइस बैंड के हिसाब से कैलकुलेशन करें, तो एक लॉट के लिए निवेशक को 13,428 रुपये लगाने होंगे. रिटेल इन्वेस्टर्स अधिकतम 13 लॉट के लिए बोली लगा सकेंगे.
सवाल-6: जियो-रिलायंस कर्मियों और शेयर धारकों के लिए कोटा है क्या?
जवाब: जियो के आईपीओ में कंपनी में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए भी रिजर्व कोटा रखा गया है और उनके इश्यू में बोली लगाने पर बंपर डिस्काउंट भी दिया जा रहा है. डीआरएचपी के मुताबिक, कंपनी आईपीओ के तहत कर्मचारियों को प्रति शेयर 54 रुपये की छूट देती यानी अपर प्राइस बैंड रिटेल निवेशकों के लिए भले 119 रुपये है, लेकिन कर्मचारियों के लिए ये 1065 रुपये ही होगा. इसके अलावा रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर धारकों के लिए लिए रिजर्व कोटा है.
सवाल-7: शेयर बाजार में कब होगा लिस्ट?
जवाब: 21 अक्टूबर को ओपन होने के बाद जियो का आईपीओ 23 अक्टूबर को क्लोज होगा. इसके बाद बोली लगाने वाले निवेशकों को शेयरों का अलॉटमेंट 26 अक्टूबर को किया जाएगा, जबकि रिफंड और शेयर क्रेडिट के लिए 27 अक्टूबर की तारीख तय की गई है. वहीं Jio IPO Listing 28 अक्टूबर को बीएसई-एनएसई पर होगी.
सवाल-8: कितनी कमाई करा सकता है ये IPO?
जवाब: जियो प्लेटफॉर्म के आईपीओ से निवेशकों को होने वाली कमाई के सिग्नल देखें, तो ये ओपन होने से पहले ही कमाई के संकेत दे रहा है. गुरुवार को शेयर बाजार क्लोजिंग के समय ग्रे मार्केट में जियो आईपीओ का जीएमपी करीब 20 फीसदी चल रहा था. Jio GMP के आधार पर देखें, तो अभी से ये हर शेयर पर 218 रुपये की कमाई दिखा रहा है.
सवाल-9: रिटेल निवेशकों के लिए कितना है कोटा?
जवाब: जियो प्लेटफॉर्म आईपीओ के तहत कंपनी ने आईपीओ का 50 फीसदी कोटा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स यानी QIB के लिए रखा है, तो वहीं एनआईआई के लिए 15 फीसदी कोटा रिजर्व है. इसके अलावा बात करें, रिटेल निवेशकों के लिए तय कोटे की तो ये 35 फीसदी तय किया गया है.
सवाल-10: कितने समय बाद अंबानी की कंपनी का IPO?
जवाब: Mukesh Ambani की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के बाद ग्रुप का ये आईपीओ लंबे समय के बाद आ रहा है. साल 2008 के बाद रिलायंस ग्रुप की कोई कंपनी प्राइमरी मार्केट में आईपीओ लाकर शेयर बाजार में लिस्ट होने के लिए तैयार है.
(नोट- शेयर बाजार या आईपीओ में किसी भी निवेश से पहले अपने मार्केट एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें.)