लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट में 9 अक्टूबर की शाम शिवा शर्मा की संदिग्ध हालात में गिरकर मौत के मामले में मुख्य आरोपी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर श्रद्धा दुबे और उसकी बहन रश्मि पुलिस को लगातार चकमा दे रही हैं. पुलिस की 17 सदस्यीय टीमें इनकी तलाश में जुटी हैं. शिवा के परिवार का आरोप है कि श्रद्धा ने उसे हनीट्रैप में फंसाकर ब्लैकमेल किया. गिरफ्तारी से बचने के लिए श्रद्धा, उसकी बहन और दोस्त आदिल नेपाल भाग निकले, जहां नेपाल के महीम नगर में उनकी आखिरी लोकेशन मिली है.
लखनऊ से नेपाल फरार होने की कहानी
लखनऊ के हजरतगंज और क्राइम ब्रांच की तीन टीमें जब मुख्य आरोपी श्रद्धा दुबे की तलाश कर रही थीं, तब वह अपनी बहन रश्मि और दोस्त आदिल के साथ भारत-नेपाल सीमा पार कर चुकी थी. पुलिस जब सीतापुर और लखीमपुर पहुंची, तो वहां सिर्फ खाली जगह मिली. इसके बाद आरोपी रुपईडीहा बॉर्डर पहुंचे और वहां अपनी स्कॉर्पियो कार लावारिस हालत में छोड़कर पैदल ही नेपाल में दाखिल हो गए. नेपाल के महीम नगर बस स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज में तीनों को रोड क्रॉस करते साफ देखा गया है.
पुलिस को दे रही चकमा, वीडियो जारी कर खुद को बताया बेकसूर
पुलिस सूत्रों का मानना है कि श्रद्धा का नेटवर्क काफी मजबूत है और उसे पुलिस की हर मूवमेंट की जानकारी समय से पहले मिल रही है. इस बीच, फरार चल रही श्रद्धा दुबे ने एक सोशल मीडिया वीडियो जारी कर खुद को बेकसूर बताया है और कहा है कि शिवा ने सुसाइड किया है. उसने दावा किया कि उसकी दिमागी और शारीरिक हालत ठीक नहीं है. दूसरी ओर, इस हाई-प्रोफाइल मामले के बीच श्रद्धा और उसकी बहन रश्मि दोनों के सोशल मीडिया फॉलोअर्स में लगातार इजाफा देखा जा रहा है.
कॉरपोरेट जॉब छोड़ इन्फ्लुएंसर बनी बहन रश्मि की भी बड़ी भूमिका
जांच में खुलासा हुआ है कि शिवा की मौत के ठीक बाद 9 अक्टूबर की शाम रश्मि और श्रद्धा ने अपने दोस्तों अमीर और आदिल से लंबी बातचीत की थी. इसके बाद ही पूरे मामले को दबाने और भागने की रणनीति तैयार की गई. रश्मि पहले एक प्राइवेट बैंक में नौकरी करती थी, लेकिन अपनी बहन की चकाचौंध देखकर उसने भी सोशल मीडिया पर एक्टिव होना शुरू कर दिया था. इस हत्याकांड में दोनों बहनें पुलिस से बचती फिर रही हैं, जबकि मृतक शिवा की बहन ने इसे गंभीर हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग का मामला बताया है.
सीतापुर से लखीमपुर फिर नेपाल
गौरतलब ही कि श्रद्धा दुबे के भागने की स्क्रिप्ट पूरी तरह फिल्मी है. बताया जा रहा है कि पुलिस जब उसे पकड़ने सीतापुर पहुंची तो वह वहां से निकल चुकी थी. इसके बाद लोकेशन लखीमपुर ट्रेस हुई, लेकिन वहां भी पुलिस के हाथ सिर्फ खाली जगह लगी. चकमा देते हुए तीनों सीधे भारत-नेपाल सीमा रुपईडीहा पहुंचे. पुलिस ने सोमवार को बॉर्डर की एक प्राइवेट पार्किंग से श्रद्धा की स्कॉर्पियो कार लावारिस हालत में बरामद की. यहां से तीनों पैदल बॉर्डर क्रॉस कर नेपाल में दाखिल हो गए.
नेपाल के महीम नगर में तीनों की आखिरी लोकेशन मिली है. वहां लगे सीसीटीवी फुटेज में श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि और दोस्त आदिल रोड क्रॉस कर बस स्टेशन के भीतर जाते साफ दिखाई दिए. तीनों ने वहां रात बिताई और अगली सुबह बस पकड़कर आगे निकल गए. जब तक पुलिस टीम वहां पहुंचती, तीनों एक बार फिर फुर्र हो चुके थे. पुलिस सूत्रों का मानना है कि श्रद्धा का नेटवर्क काफी मजबूत है और उसे पुलिस की हर मूवमेंट की इनसाइड जानकारी समय से पहले मिल रही है.
सोशल मीडिया पर नजर
हैरानी की बात यह है कि एक तरफ जहां दोनों बहनें मर्डर केस में पुलिस को गच्चा दे रही हैं, वहीं सोशल मीडिया पर उनका फॉलोअर गेम भी चर्चा में है. घटना के बाद जहां श्रद्धा के फॉलोअर्स 141K से बढ़कर 142K हो गए, वहीं रश्मि के प्रोफाइल पर भी लोगों की नजरें टिकी हुई हैं.