
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के निर्माण की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं. एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के महज साढ़े तीन महीने बाद ही सहारनपुर के देवबंद-ननौता मार्ग पर बने इंटरचेंज फ्लाईओवर में दरारें दिखाई दी. बारिश के दो दिन बाद सामने आई इन दरारों का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की टीम मौके पर पहुंची और मरम्मत का काम शुरू कर दिया.
जानकारी के मुताबिक, हाल की बारिश के बाद फ्लाईओवर में कई जगह दरारें दिखाई दीं. वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने एक्सप्रेसवे के निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाने शुरू कर दिए. मामला सामने आते ही NHAI की टीम ने मौके का निरीक्षण किया और तत्काल मरम्मत का काम शुरू कर दिया.

बारिश के बाद वायरल हुआ फ्लाईओवर का वीडियो
दरारों को भरने के लिए फ्लाईओवर पर करीब 230 पिन लगाए गए हैं. अधिकारियों के अनुसार, इन पिनों के जरिए केमिकल डालकर दरारों को भरा जाएगा, ताकि फ्लाईओवर की सतह को सामान्य किया जा सके. फिलहाल मरम्मत का काम जारी है. NHAI के अधिकारी सोनू ने बताया कि बारिश के कारण फ्लाईओवर पर पानी जमा हो गया था. पानी और नमी की वजह से यह समस्या सामने आई है. उन्होंने कहा कि सूचना मिलते ही टीम को मौके पर भेज दिया गया और मरम्मत का काम तुरंत शुरू कर दिया गया.
NHAI का कहना है कि फ्लाईओवर में आई दरारों से पुल की संरचनात्मक मजबूती पर कोई असर नहीं पड़ा है. विभाग के अनुसार, एक्सप्रेसवे पूरी तरह सुरक्षित है और इस पर यातायात सामान्य रूप से जारी है. अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों को किसी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है.

14 अप्रैल 2026 को हुआ था एक्सप्रेसवे का उद्घाटन
करीब 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक की लागत से बने लगभग 210 किलोमीटर लंबे दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2026 को सहारनपुर के गणेशपुर क्षेत्र में किया था. लेकिन उद्घाटन के कुछ ही महीनों बाद फ्लाईओवर में दरारें सामने आने से निर्माण की गुणवत्ता को लेकर नए सवाल खड़े हो गए हैं.