उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में एक फर्जी नायब तहसीलदार को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. बताया जा रहा है कि आरोपी फर्जी नायब तहसीलदार बनकर कई दिनों से जिले में घूम रहा था. वह खुद को PCS 2022 का पास आउट अधिकारी बता रहा था और तहसील में ज्वाइनिंग करने पहुंच गया. अधिकारीयों को जब उस पर शक हुआ तो उन्होंने पुलिस को इसकी सूचना दी गई. मौके पर पहुंचकर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ शुरू की.
पकड़े गए युवक की पहचान रोहित मिश्रा निवासी फतेहपुर के रूप में हुई है. बताया जा रहा है कि रोहित की शादी की बातचीत चल रही है. रोहित ने लड़की वालों को खुद नायब तहसीलदार बता रखा है. इतना ही नहीं वह कानपुर देहात कलेक्ट्रेट ज्वाइन करने पहुंच गया. वहां कर्मियों से बताया कि डीएम से मुलाकात करनी है उसकी तैनाती भोगनीपुर तहसील में हुई है. जब डीएम से मुलाकात नहीं हुई तो शाम को वह माती सर्किट हाउस पहुंच गया.
पकड़ा गया फर्जी नायब तहसीलदार
अधिकारियों ने जब उससे पूछताछ कर उसका नियुक्ति पत्र मांगा तो वह दिखाने के लिए आनाकानी करने लगा. पुलिस ने आरोपी रोहित मिश्रा ऊर्फ रोहित कुमार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है. रोहित ने बताया उसने इलाहाबाद में रहकर पढ़ाई की.
पुलिस मामले की जांच में जुटी
वहीं इस मामले पर कानपुर देहात के एडिशनल एसपी राजेश कुमार पांडे ने बताया कि 4 जनवरी को माती मुख्यालय में एक रोहित मिश्रा नाम का युवक पहुंचा. उसने खुद को 2022 पास का नायब तहसीलदार बताया. जांच के दौरान पाया गया वह गलत जानकारी दे रहा था. आरोपी को गिरफ्तार कर मामले की जा रही है. कानून के हिसाब से ही आगे की कार्रवाई की जाएगी.