
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट द्वारा महिला पहलवानों के यौन उत्पीड़न मामले में पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह और विनोद तोमर को बाइज्जत बरी किए जाने के बाद उनके गृहनगर गोंडा में समर्थकों ने जोरदार जश्न मनाया. फैसले की खबर आते ही समर्थकों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाई और जमकर आतिशबाजी की. इस दौरान डीजे पर "दबदबा था, दबदबा है और दबदबा रहेगा" गाना बज रहा था, जिसके आगे-पीछे गाड़ियों का काफिला था. समर्थकों ने इसे सत्य की जीत बताया, जबकि बृजभूषण ने कहा कि मेरी छवि कभी खराब नहीं हुई थी.
बाइज्जत बरी होने पर बोले बृजभूषण- 'सच्चाई की जीत हुई'
अदालत द्वारा राहत मिलने के बाद बृजभूषण सिंह ने कहा कि वह पहले दिन से ही निर्दोष होने की बात कह रहे थे. उन्होंने कहा कि अगर आरोप साबित हो जाते तो वह फांसी पर लटकने को तैयार थे. कोर्ट के फैसले से उनकी बात सच साबित हुई है. उन्होंने कहा, "होइहि सोइ जो राम रचि राखा". उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनकी छवि कभी बिगड़ी ही नहीं थी और उनके कार्यक्रमों में पहले जितनी भीड़ आज भी है.

'साजिश में शामिल थे कई नेता और राजनीतिक दल'
अपने खिलाफ लगे आरोपों पर बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि यह एक सुनियोजित साजिश थी. इसमें कुछ पहलवानों के अलावा कई राजनीतिक दल और नेता भी शामिल थे. उन्होंने कहा कि फेडरेशन से जुड़े कुछ लोग उन्हें दोबारा अध्यक्ष पद पर नहीं देखना चाहते थे. उन्होंने जनवरी में आरोप लगने और अप्रैल में चुनाव होने के क्रोनोलॉजी पर ध्यान देने की बात कही. उन्होंने दूसरे पक्ष को आत्म अवलोकन करने की सलाह दी.
समर्थकों में जश्न, डीजे और काफिला निकाला
फिलहाल, महिला पहलवानों के केस में राउज एवेन्यू कोर्ट द्वारा बृजभूषण शरण सिंह को बरी किए जाने से उनके समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई. गोंडा के गोनार्द कार्यालय पर आतिशबाजी, ढोल-नगाड़ों और मिठाई के साथ जश्न मनाया गया. नवाबगंज में जिला पंचायत अध्यक्ष घनश्याम मिश्रा ने लोगों को मिठाई बांटी.
कैसरगंज सांसद करण भूषण सिंह के प्रतिनिधि संजीव सिंह ने फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि नेताजी निर्दोष थे और आरोप राजनीति से प्रेरित थे. उन्होंने इस पूरी साजिश के लिए कांग्रेस और हुड्डा परिवार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि न्याय प्रक्रिया पर अटूट विश्वास की वजह से सत्य की जीत हुई है.
हाईकोर्ट जाने की तैयारी में दूसरा पक्ष
यौन उत्पीड़न का यह मामला जनवरी 2023 में सामने आया था. कोर्ट ने 2 जुलाई 2026 को बहस पूरी होने के बाद फैसला सुरक्षित रखा था. आरोपों के चलते 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने बृजभूषण की जगह उनके बेटे करण भूषण सिंह को टिकट दिया था. अब कोर्ट से बरी होने के बाद जहां बृजभूषण खेमे में खुशी है, वहीं दूसरी तरफ महिला पहलवान विनेश फोगाट ने कहा कि उन्होंने उम्मीद नहीं छोड़ी है और वे इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट जाएंगे.