scorecardresearch
 

भारत के इस शहर की मिट्टी में सोना... लोग सड़क से उठाते हैं और महंगे भाव में बेच देते हैं!

सोशल मीडिया पर हैदराबाद के कुछ वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिसमें देखा जा रहा है कि कुछ महिलाएं सड़क से मिट्टी उठाकर बेच देती हैं, क्योंकि उस मिट्टी में सोना मिलता है.

Advertisement
X
हैदराबाद के एक बाजार से लोग सड़क की मिट्टी बेच देते हैं. (Photo: Insta/Vishnusharma)
हैदराबाद के एक बाजार से लोग सड़क की मिट्टी बेच देते हैं. (Photo: Insta/Vishnusharma)

भारत में कई ऐसे मार्केट हैं, जो अपनी अलग-अलग खासियत की वजह से दुनियाभर में मशहूर हैं. ऐसे ही हैदराबाद में भी एक मार्केट है, जो इन दिनों अपनी मिट्टी की वजह से चर्चा में है. दरअसल, सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें दिख रहा है कि कुछ महिलाएं सड़क किनारे झाड़ू लगा रही हैं और सड़क से मिट्टी उठा रही हैं. ये महिलाएं सड़क और फुटपाथ को अच्छे से साफ कर रही हैं और लोहे की ब्रश से मिट्टी को पत्थर के बीच से निकाल रही हैं.

दावा है कि ये मिट्टी महंगे दाम में बिकती है और हर रोज महिलाएं ये मिट्टी बेचकर अच्छा पैसा काम लेती हैं. अब सवाल है कि ये महिलाएं आखिर इस मिट्टी में ऐसा क्या है कि महिलाएं इसे सड़क से उठा रही है और ये महंगे दाम में बिक भी जा रही है.

कहां का है ये वीडियो?

ये वीडियो हैदराबाद के गुलजार हौज इलाके का बताया जा रहा है, जो चारमीनार के पास स्थित है और दशकों से सोना-चांदी व ज्वेलरी कारोबार का बड़ा केंद्र माना जाता है. वीडियो में महिलाएं सड़क किनारे की मिट्टी या धूल इकट्ठा करती दिखाई देती हैं. इसकी वजह यह कि इस इलाके में रोजाना बड़ी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषणों की कटाई, घिसाई और पॉलिश का काम होता है. इस प्रोसेस में सोने और चांदी के बेहद महीन कण धूल में मिल जाते हैं. इसलिए, कुछ लोग सड़क, नालियों और दुकानों के आसपास जमा धूल इकट्ठा कर उसे रिफाइनिंग करने वालों को बेचते हैं, जो उससे कीमती धातुओं के सूक्ष्म कण निकालते हैं.

Advertisement

हालांकि, मिट्टी के बिकने वाली प्राइज को लेकर कई दावे हैं. वीडियो में कहा जा रहा है कि मिट्टी महंगी बिकती है, जिसमें इसे 100 रुपये किलो की बिकने की बात  कही जा रही है. हालांकि, जब सफाई करने वाली महिलाओं से कीमत पूछी गई तो उन्होंने बताया कि 10 रुपये किलो मिट्टी बिकती है. ऐसे में मिट्टी कितने की बिकती है, ये स्पष्ट नहीं है.

कोलकाता में नाली साफ करते हैं लोग

ऐसे ही कोलकाता के बोउबाजार में हजारों ज्वेलरी वर्कशॉप हैं. यहां एक समुदाय, जिन्हें 'नेहारावाला' या 'न्यूआरा' कहा जाता है, रोज सुबह-सुबह गलियों, फुटपाथों और नालियों की गाद इकट्ठा करता है. उनका मानना होता है कि सोने के आभूषण बनाने, घिसाई और पॉलिश के दौरान सोने के बेहद बारीक कण धूल और नालियों में चले जाते हैं. बाद में इस धूल और गाद को प्रोसेस करके सोने के कण निकाले जाते हैं.

(ये खबर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और उसमें किए गए दावों के आधार पर बनाई गई है.)
 

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement