एथेनॉल फ्यूल मिक्सचर (Ethanol Fuel Mixture) पेट्रोल और एथेनॉल का मिश्रण होता है, जिसका उपयोग वाहनों में ईंधन के रूप में किया जाता है. एथेनॉल एक प्रकार का जैव ईंधन (Biofuel) है, जिसे मुख्य रूप से गन्ना, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से तैयार किया जाता है. भारत में पेट्रोल में एथेनॉल मिलाने की प्रक्रिया सरकार की एथेनॉल ब्लेंडिंग योजना के तहत की जाती है.
एथेनॉल मिश्रण को "E" नंबर से पहचाना जाता है. उदाहरण के लिए, E10 का मतलब है कि ईंधन में 10 प्रतिशत एथेनॉल और 90 प्रतिशत पेट्रोल है. इसी तरह E20 में 20 प्रतिशत एथेनॉल और 80 प्रतिशत पेट्रोल होता है (E20 petrol). अलग-अलग देशों में एथेनॉल की मात्रा अलग हो सकती है, लेकिन भारत में फिलहाल E20 ब्लेंड को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है.
भारत सरकार ने एथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम की शुरुआत पेट्रोल पर निर्भरता कम करने और वैकल्पिक ईंधन के उपयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से की थी. इसके तहत देश के कई हिस्सों में पेट्रोल पंपों पर E20 मिश्रित पेट्रोल उपलब्ध कराया जा रहा है. सरकार ने वाहन निर्माताओं के साथ मिलकर ऐसे वाहनों के निर्माण पर भी काम किया है, जो E20 ईंधन के अनुकूल हों.
भारत में एथेनॉल का उत्पादन मुख्य रूप से गन्ने के रस, शीरे (Molasses) और अनाज जैसे मक्का तथा टूटे हुए चावल से किया जाता है. इसके उत्पादन और आपूर्ति की निगरानी केंद्र सरकार तथा तेल विपणन कंपनियां करती हैं. समय-समय पर एथेनॉल मिश्रण की मात्रा और आपूर्ति से जुड़े दिशा-निर्देश भी जारी किए जाते हैं.
एथेनॉल मिश्रित ईंधन का उपयोग बढ़ाने के लिए देशभर में चरणबद्ध तरीके से व्यवस्था विकसित की जा रही है. वर्तमान में कई राज्यों में E20 पेट्रोल की उपलब्धता बढ़ाई जा रही है और भविष्य में इसे अधिक व्यापक स्तर पर लागू करने की योजना है.
राज्य सभा में अपने लिखित जवाब में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने इथेनॉल ब्लेंडिंग प्रोग्राम, E20 पेट्रोल से गाड़ियों को होने वाले नुकसान, माइलेज और पानी की खपत को लेकर जवाब दिया है. तो आइये जानें आखिर इस मुद्दे पर सरकार क्या कहती है?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर किए गए अपने पोस्ट में नरेश ने लिखा कि E20 पेट्रोल वाहन मालिकों के लिए बार-बार रिपेयरिंग और बढ़ते मेंटेनेंस खर्च की वजह बन रहा है. उन्होंने कहा कि, 'मैं देश विरोधी नहीं... लेकिन ये E20 पेट्रोल हार्ट अटैक दे रहा है.'
राज्यसभा में पूछे गए एक सवाल के लिखित जवाब में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस राज्य मंत्री सुरेश गोपी ने E20 पेट्रोल और इथेनॉल ब्लेंडिंग को लेकर तमाम बातें कही हैं. सरकार ने वाहनों के कंपोनेंट खराब होने और गिरते माइलेज पर भी जवाब दिया है. आइये जानें इस मुद्दे पर क्या कहती है सरकार?
Maruti Suzuki रायपुर कंज्यूमर कोर्ट के फैसले को चुनौती देगी. कंपनी का कहना है कि कोर्ट के फैसले में कई फैक्ट्स मौजूद नहीं थे. कंज्यूमर को दी गई कार E20 कंप्लायंस थी. दरअसल, E20 बोलकर बेची गई एक ग्रैंड विटारा बार-बार खराब हो रही थी. पेरशान ग्राहक जब कोर्ट पहुंचा, तो फैसला उसके पक्ष में आया. अब कंपनी इस फैसले को दूसरे कोर्ट में चुनौती देगी.
कंज्यूमर कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि, जब E20 पेट्रोल ही हर जगह मिलेगा तो वाहन मालिक वही अपनी गाड़ी में इस्तेमाल करेगा. आयोग ने कार कंपनी को नई E20 कार देने या फिर पूरा पैसा रिफंड करने का आदेश दिया है.
HPCL Ethanol Test: इथेनॉल ब्लेंडेड E20 पेट्रोल को लेकर मचे घमासान के बीच हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने अपने पेट्रोल पंपों पर सरप्राइज टेस्ट का अभियान चलाया है. इस दौरान कंपनी ने देश भर में 2,173 सरप्राइज इंस्पेक्शन किए और रेगुलर चेकिंग अभियान के तहत 1,385 टेस्ट भी किए.
E20 पेट्रोल को लेकर अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखी है. उन्होंने हर पेट्रोल पंप पर शुद्ध पेट्रोल का विकल्प देने और E20 की कीमत कम करने की मांग उठाई है.
Sourav Joshi E20 petrol controversy: व्लॉगर सौरव जोशी ने हाल ही में एक वीडियो अपलोड किया था. जिसमें उन्होंने दावा किया कि, इथेनॉल ब्लेंडेड E20 पेट्रोल के चलते उनकी कार का माइलेज दो दिनों में 17 किमी/लीटर से घटकर 5 किमी/लीटर पर आ गया है. अब सौरव ने सफाई दी है.
ई20 पेट्रोल के कारण कार का माइलेज कम होने के दावों पर अब नितिन गडकरी का बयान आया है. उन्होंने कहा है कि आप और मैं सही तरीके से माइलेज नहीं माप सकते हैं. इसके लिए डीलरशिप पर मशीन होती है, जिससे सही माइलेज मापी जाती है.
केंद्र सरकार देशभर में 20% एथेनॉल मिक्स E20 पेट्रोल को बढ़ावा दे रही है ताकि कच्चे तेल के आयात में कमी आए, प्रदूषण घटे और गन्ना किसानों को लाभ मिले. लेकिन सर्वे में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं.
Vlogger Sourav Joshi on E20: देश के मशहूर व्लॉगर सौरव जोशी का कहना है कि, महज 48 घंटे के भीतर उनकी Mercedes कार का माइलेज 17 किमी/लीटर से घटकर 5 किमी/लीटर पर आ गया है. इसके लिए उन्होंने इथेनॉल ब्लेंडेड E20 पेट्रोल को वजह बताया है.
सुप्रीम कोर्ट में पेट्रोल में 20% एथेनॉल (E20) मिश्रण नीति को लेकर जनहित याचिका दायर की गई है, जिसमें उपभोक्ताओं को ईंधन में एथेनॉल प्रतिशत की जानकारी देने और पुराने वाहनों के लिए सादे पेट्रोल का विकल्प सुनिश्चित करने की मांग की गई है.
E20 फ्यूल को लेकर सोशल मीडिया पर खूब बवाल मचा है. हालांकि, सरकार इस मामले में बार-बार अपना पक्ष रख रही है. सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले कुछ वक्त में प्रीमियम पेट्रोल की मांग बढ़ी है. खासकर दिल्ली के कुछ इलाकों में प्रीमियम पेट्रोल की मांग 5 गुना तक बढ़ गई है. आइए जानते हैं पूरा मामला.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने एथेनॉल मिश्रित ईंधन (E20) से प्रभावित एक भी गाड़ी या पीड़ित का नाम सामने लाने की चुनौती दी थी. अब सामाजिक कार्यकर्ता तहसीन पूनावाला ने कहा है कि वो एक नहीं, बल्कि 6 पीड़ितों को सामने लाएंगे. हालांकि, पूनावाला ने शर्त रखी है कि गडकरी को पीड़ितों से प्रेस के सामने मिलना होगा.
आजतक को दिए इंटरव्यू में नितिन गडकरी ने कहा कि, पेट्रोल में कितना इथेनॉल या कोई दूसरा फ्यूल मिलाया जाएगा, इसका फैसला पेट्रोलियम मंत्रालय करता है. अब तक किसी भी गाड़ी में E20 फ्यूल की वजह से कोई समस्या नहीं आई है.
E20 पेट्रोल को लेकर मामला दिनों-दिन गर्म होता जा रहा है. इथेनॉल ब्लेंडेड फ्यूल को लेकर मचे घमासान के बीच केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने आलोचकों को खुली चुनौती दी है. गडकरी का कहना है कि, E20 पेट्रोल से एक भी कार, बाइक या स्कूटर खराब हुआ हो तो नाम बताइये.
भारत सरकार और भूटान के प्रमुख अखबार के बीच नया विवाद शुरू हो गया है. मामला इस बात को लेकर है कि क्या भारत की ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) ने कभी भूटान को E20 पेट्रोल सप्लाई करने का प्रस्ताव दिया था या नहीं.
E20 Petrol Survey: सरकार कहती है E20 पेट्रोल और इ फ्यूचर का फ्यूल है. लेकिन जिन लोगों की गाड़ियां रोज घर से दफ्तर और बाजार तक दौड़ती हैं, उनकी कहानी कुछ और है. सर्वे रिपोर्ट में कोई कह रहा है माइलेज गायब हो गया, कोई बढ़ते सर्विस बिल का हिसाब लगा रहा है.
सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें बिहार के यूट्यूबर मनीष कश्यप ने दावा किया कि उनकी Toyota Innova Hycross में E20 पेट्रोल भरवाने के बाद इंजन में गंभीर समस्या आने लगी है.
भारत में E20 पेट्रोल को लेकर जारी विवाद के बीच भूटान ने भारतीय तेल कंपनियों से एथेनॉल-ब्लेंडेड फ्यूल लेने से इनकार कर दिया है. भूटान का कहना है कि उसके पुराने अंडरग्राउंड फ्यूल टैंक, पहाड़ी भूभाग और अत्यधिक नमी वाली जलवायु E20 पेट्रोल के लिए उपयुक्त नहीं हैं.
E20 Petrol Mileage Drop: देश में इस साल से E20 पेट्रोल हर जगह मिल रहा है. इथेनॉल ब्लेंड फ्यूल के इस्तेमाल को लेकर सोशल मीडिया पर बड़ी संख्या में लोग सवाल उठा रहे हैं. लोगों का कहना है कि इससे उनकी गाड़ियों की परफॉर्मेंस पर असर पड़ रहा है. हालांकि, एक्सपर्ट्स की राय कुछ अलग है. आइए जानते हैं क्या है इस मामले में एक्सपर्ट्स का कहना.