आशुतोष रांका एक पब्लिक पॉलिसी प्रोफेशनल, पूर्व मैनेजमेंट कंसल्टेंट और Cockroach Janta Party यानी CJP के आधिकारिक प्रवक्ताओं में से एक हैं. साल 2026 के NEET-UG पेपर लीक विवाद के बाद देशभर में हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान वह आंदोलन के प्रमुख चेहरों के रूप में सामने आए.
राजस्थान के जयपुर से ताल्लुक रखने वाले आशुतोष रांका ने IIT कानपुर से मटेरियल्स साइंस एंड इंजीनियरिंग की पढ़ाई की. छात्र जीवन के दौरान भी वह सक्रिय रहे और 2016-17 में IIT कानपुर की स्टूडेंट्स जिमखाना के अध्यक्ष बने. इसके बाद उन्होंने उच्च शिक्षा के लिए लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स एंड पॉलिटिकल साइंस यानी LSE का रुख किया, जहां उन्होंने पब्लिक पॉलिसी और गवर्नेंस पर फोकस करते हुए मास्टर ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन की पढ़ाई की.
पढ़ाई पूरी करने के बाद अशुतोष रांका ने McKinsey & Company में मैनेजमेंट कंसल्टेंट के रूप में काम किया. बाद में उन्होंने कंसल्टिंग और पब्लिक पॉलिसी के क्षेत्र में काम किया.
अशुतोष रांका ने गवर्नेंस, अर्थव्यवस्था और पब्लिक पॉलिसी से जुड़े विषयों पर ThePrint और Newslaundry जैसे प्लेटफॉर्म्स के लिए भी लिखा है. सोशल मीडिया पर भी वह शिक्षा व्यवस्था, सरकारी नीतियों, गवर्नेंस और युवाओं के मुद्दों पर अपनी राय रखते रहे हैं.
जून 2026 में Cockroach Janta Party ने अशुतोष रांका को अपने आधिकारिक प्रवक्ताओं में शामिल किया.
आम आदमी पार्टी ने वित्त वर्ष 2025-26 में 12.10 करोड़ रुपये का योगदान घोषित किया है. यह पिछले वित्त वर्ष के 38.10 करोड़ रुपये के मुकाबले 68 फीसदी कम है. पार्टी की रिपोर्ट में अशुतोष रांका के 21,100 रुपये और अरविंद केजरीवाल के 30,000 रुपये के योगदान का भी जिक्र है.
CJP नेता आशुतोष रांका ने हिरासत से रिहा होने के बाद असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा पर निशाना साधा. रांका ने पुलिस की कार्रवाई को "गैरकानूनी हिरासत" बताते हुए आरोप लगाया कि उन्हें और CJP के 40 से ज्यादा स्वयंसेवकों को बिना वजह हिरासत में लिया गया.
गुवाहाटी में CJP के को-कन्वीनर आशुतोष रांका और उनकी टीम को पुलिस ने हिरासत में लिया. CJP फाउंडर अभिजीत दिपके ने दावा किया कि टीम एक छोटे वॉलंटियर्स मीटअप के लिए जा रही थी और पुलिस उन्हें अज्ञात स्थान पर ले गई.
असम के गुवाहाटी में कॉकरोच जनता पार्टी की प्रस्तावित स्वयंसेवक बैठक शुरू होने से पहले पुलिस ने सह-संयोजक आशुतोष रांका समेत कई लोगों को हिरासत में लिया. बैठक 27 सितंबर को आयोजित होनी थी. सीजेपी के मुताबिक, पुलिस ने कार्यक्रम स्थल तक पहुंच रोक दी और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया. संगठन ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं. वहीं रांका असम में मतदाता सूची पुनरीक्षण और सरकारी स्कूलों से जुड़े मुद्दे उठाने पहुंचे थे.
दिल्ली हाईकोर्ट ने कॉकरोच जनता पार्टी के नेताओं सौरव दास और अशुतोष रांका से BJP नेता गौरव भाटिया के खिलाफ सोशल मीडिया पोस्ट खुद हटाने पर विचार करने को कहा है. कोर्ट ने कहा कि बिना वेरिफिकेशन किसी पर इस तरह हमला करना सही नहीं है.
उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बड़ी हलचल देखने को मिली है. बीजेपी के युवा नेता आशुतोष रांका और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के बीच एक अहम मुलाकात हुई है. यह बैठक राजधानी लखनऊ में स्थित जनेश्वर मिश्र ट्रस्ट के दफ्तर में आयोजित की गई. बंद कमरे में हुई इस बैठक में कुल सात लोग मौजूद रहे, जिसने राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है.
ये सियासी सवाल उठ रहा है कि क्या ये सारी राजनीतिक रस्साकशी दलित वोट के लिए हो रही है? क्योंकि आरोपी और पीड़ित दोनों का रिश्ता पश्चिमी यूपी से है. पीड़ित मदद राहुल गांधी से मांगती है. पीड़ित की मदद चंद्रशेखर आजाद भी करते हैं. और सीजेपी के नेता, कार्यकर्ता भी पहुंचते है. और इससे पहले सीजेपी के नेता की मुलाकात लखनऊ में अखिलेश यादव से होती है और चर्चा चल निकलती है कि बात क्या हुई है? देखें...
अखिलेश यादव से मुलाकात को लेकर उठ रहे सियासी सवालों पर CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका ने आजतक से खास बातचीत की. उन्होंने कहा कि यह मुलाकात सामान्य शिष्टाचार का हिस्सा थी और अलग-अलग दलों के नेताओं से उनकी बातचीत होती रहती है. रांका ने साफ किया कि CJP चुनावी पार्टी के तौर पर नहीं, बल्कि प्रेशर ग्रुप के रूप में काम करेगी.
आज का दंगल यूपी की सियासत पर है. यूपी में कल हुई एक मुलाकात को लेकर बडी सियासी पतंगबाजी चल रही है. ये मुलाकात अखिलेश यादव और सीजेपी के नेता आशुतोष रांका के बीच हुई है. बंद कमरे में करीब 7 लोगों के बीच डेढ घंटे की मुलाकात में क्या बात हुई है इसका खुलासा कोई नहीं कर रहा है लेकिन समाजवादी पार्टी ने कहा है कि जिस तरह जंतर मंतर के आंदोलन में डिंपल यादव ने सीजेपी का साथ दिया था उसी का आभार प्रकट करने आशुतोष रांका पहुंचे थे.
दिल्ली पुलिस ने निशु आजाद मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज को बुलंदशहर से हिरासत में लिया है. यह कार्रवाई एक वायरल पॉडकास्ट क्लिप के सामने आने के बाद हुई है. देखें इस मामले पर क्या बोले CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका?
लखनऊ में अखिलेश यादव और सीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका के बीच हुई डेढ़ घंटे की मैराथन बैठक ने यूपी की राजनीति में नए समीकरणों की चर्चा तेज कर दी है. माना जा रहा है कि 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सपा और सीजेपी युवाओं व छात्रों से जुड़े मुद्दों पर एक साथ आकर नया सियासी दांव खेलने की तैयारी में हैं?
जयपुर के रामपुरा (कंवरपुरा) स्थित सरकारी प्राथमिक स्कूल की पुरानी इमारत को जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में बुलडोजर से गिराया गया. एक अधिकारी ने कहा, 'इमारत को ध्वस्त कर दिया गया है.'
राजस्थान के जयपुर के रामपुरा-कंवरपुरा गांव के लोगों ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के कार्यकर्ताओं का विरोध किया. इस दौरान CJP कार्यकर्ताओं पर हमला भी किया गया. इस दौरान CJP के सरकारी स्कूल की अव्यवस्थाओं को लेकर CJP कार्यकर्ता स्कूल का दौरा करने पहुंचे थे. इस दौरान गांव क लोगों ने उनका विरोध किया. अब स्कूल के बाहर CJP के खिलाफ धरना प्रदर्शन पर बैठ गए हैं.
जयपुर के रामपुरा-कंवरपुरा में एक सरकारी स्कूल का दौरा करने गई 'कॉकरोच जनता पार्टी' (सीजेपी) की टीम पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया. सीजेपी का आरोप है कि मौके पर मौजूद BJP के लोगों ने उन पर हमला किया.
CJP Jaipur's Bagru School VIDEO: जयपुर में CJP के 'स्कूल ठीक करो' अभियान के तहत पहुंचे कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों ने खदेड़ा और मारपीट भी की. CJP नेता आशुतोष रांका ने आरोप लगाया कि भाजपा के गुंडों ने उनकी टीम पर हमला किया और गाड़ियां तोड़ीं.
राजस्थान के जयपुर जिले में बगरू इलाके के रामपुरा-कंवरपुरा गांव में सरकारी स्कूल को लेकर भारी हंगामा हो गया. कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की टीम अपने अभियान के तहत स्कूल का जायजा लेने पहुंची थी. ग्रामीणों ने उन्हें मौके से खदेड़ दिया, जबकि सीजेपी ने मारपीट का आरोप लगाया.
सोशल मीडिया के जरिए उपजी कॉकरोच जनता पार्टी अब सड़क की राजनीति करने जा रही है. इसके लिए कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके अमेरिका से दिल्ली लौट रहे हैं और उन्होंने सौरभ दास, विजेता दहिया और आशुतोष रांका को प्रवक्ता बनाया है. सवाल है कि ये तीनों प्रवक्ता कौन हैं?