साउथ अफ्रीका के खिलाफ गकेबरहा में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया को स्टीव स्मिथ के आखिरी दिन बल्लेबाजी करने की उम्मीद है. गर्दन में जकड़न के कारण स्मिथ चौथे दिन देर तक क्रीज पर नहीं उतर सके. हालांकि, ऑस्ट्रेलियाई कोच एंड्रयू मैकडोनाल्ड ने भरोसा जताया है कि 37 साल के यह स्टार बल्लेबाज पांचवें दिन खेलने के लिए उपलब्ध रहेंगे.
आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप (WTC) के इस मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया की हालत बेहद नाजुक है. साउथ अफ्रीका ने पहली पारी 9 विकेट पर 425 रन बनाकर घोषित की थी. जवाब में ऑस्ट्रेलियाई टीम महज 99 रन पर ढेर हो गई और उसे फॉलोऑन खेलना पड़ा. चौथे दिन स्टंप्स तक ऑस्ट्रेलिया ने दूसरी पारी में 4 विकेट पर 156 रन बना लिए थे. उस अब भी साउथ अफ्रीका से पार पाने के लिए 170 रनों की जरूरत है.
स्मिथ ने पहली पारी में ऑस्ट्रेलिया की ओर से सबसे ज्यादा 28 रन बनाए थे. इसी दौरान उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 11 हजार रन भी पूरे किए. हालांकि, कगिसो रबाडा की एक गेंद पर उनका सिर और गर्दन पीछे की ओर झटका खा गया, जिसके बाद वह असहज नजर आए. दूसरी पारी के दौरान ड्रेसिंग रूम में भी स्मिथ की गर्दन के चारों ओर कुशन लगा देखा गया.
कोच मैकडोनाल्ड ने आईसीसी के हवाले से कहा- उन्होंने बताया कि फिजियो स्मिथ पर काम कर रहे हैं और वह अगले दिन (गुरुवार) बल्लेबाजी करेंगे. मैकडोनाल्ड के मुताबिक, यह ऐसी चोट नहीं है जो स्मिथ को पूरी पारी में बल्लेबाजी करने से रोक दे, लेकिन पहली पारी के बाद उन्हें उम्मीद से ज्यादा समय की जरूरत थी.
उन्होंने यह भी कहा कि पूरी तरह फिट होने पर भी स्मिथ कभी-कभी अपनी तकनीक में बदलाव करते हैं, लेकिन इस बार वह अपने खेल में उतना कुछ नहीं कर पा रहे थे.
चौथे दिन का खेल खत्म होने तक ट्रेविस हेड 87 रन बनाकर नाबाद थे, जबकि नाइट वॉचमैन स्कॉट बोलैंड 2 रन पर खेल रहे थे. गुरुवार को अगर पहला विकेट गिरता है तो स्मिथ के क्रीज पर आने की संभावना है. ऑस्ट्रेलिया के पास विकेटकीपर बल्लेबाज एलेक्स कैरी भी हैं, जिनकी बल्लेबाजी अभी बाकी है.
मैकडोनाल्ड को भरोसा है कि उनकी टीम इस मुश्किल स्थिति से निकलकर टेस्ट बचा सकती है. ऑस्ट्रेलियाई कोच ने आगे कहा कि अगर टीम ऐसा करने में नाकाम रहती है तो वह केपटाउन में होने वाले अगले टेस्ट के लिए नई तैयारी के साथ उतरेगी. उन्होंने माना कि यह टीम के लिए बड़ा झटका है, लेकिन मुश्किल परिस्थितियों से उबरकर वापसी करना इस टीम की बड़ी ताकत रही है.
ऑस्ट्रेलिया इस टेस्ट सीरीज में फिलहाल 1-0 से आगे है. ऐसे में दूसरे टेस्ट को ड्रॉ कराने की कोशिश उसके लिए अहम होगी, जबकि साउथ अफ्रीका की नजर सीरीज बराबर करने पर है.