भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी20 सीरीज के पहले मुकाबले में अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार से ऐसी गलती हुई, जो उनके लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर में बेहद कम देखने को मिली है. उन्होंने 88 मैचों के बाद अपने टी20 इंटरनेशनल करियर में नो बॉल फेंकी. न्यूजीलैंड के सलामी बल्लेबाज टिम सीफर्ट ने इस मौके का फायदा उठाते हुए फ्री हिट पर चौका जड़ दिया.
क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल में गुरुवार (22 अक्टूबर) को आयोजित मुकाबले में भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया. भारत ने प्लेइंग इलेवन में नीतीश कुमार रेड्डी और मयंक यादव को शामिल किया.
भुवनेश्वर कुमार ने अपने पहले ओवर में कसी हुई गेंदबाजी करते हुए सिर्फ चार रन दिए. इस दौरान उनकी तीन डॉट गेंदों ने उन्हें टी20 इंटरनेशनल में पावरप्ले के दौरान सबसे ज्यादा डॉट गेंदें फेंकने वाले फुल मेम्बर टीम्स के गेंदबाजों की सूची में टिम साउदी से आगे पहुंचा दिया. लेकिन दूसरे ओवर की पहली गेंद पर भुवनेश्वर का पैर क्रीज से आगे निकल गया. टिम सीफर्ट बैक-ऑफ-लेंथ गेंद पर पुल शॉट खेलने से चूक गए, मगर अंपायर ने फ्रंट फुट नो बॉल का इशारा कर दिया. इसके साथ ही न्यूजीलैंड को फ्री हिट मिल गई.
T20I में बिना नो बॉल फेंके सबसे ज्यादा ओवर
320.2- आदिल राशिद (इंग्लैंड)
299.3- भुवनेश्वर कुमार (भारत)
299.1- शादाब खान (पाकिस्तान)
250.2- जॉर्ज डॉकरेल (आयरलैंड)
238.2- सईद अजमल (पाकिस्तान)
फ्री-हिट गेंद को भुवनेश्वर कुमार ने ऑफ स्टम्प के बाहर यॉर्कर डालने की कोशिश की. सीफर्ट के बल्ले का किनारा लगा, जिसके चलते गेंद शॉर्ट थर्ड मैन और बैकवर्ड पॉइंट के बीच से बाउंड्री पार कर गई. इस तरह भुवनेश्वर के दूसरे ओवर में 17 रन चले गए.इस चौके के साथ टिम सीफर्ट ने टी20 इंटरनेशनल में न्यूजीलैंड के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में ग्लेन फिलिप्स को पीछे छोड़ दिया. वह इस प्रारूप में न्यूजीलैंड के तीसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए. फिलिप्स भी इस मुकाबले में न्यूजीलैंड की प्लेइंग इलेवन का हिस्सा थे.
टॉस के बाद भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने कहा कि टीम पिच के उछाल और परिस्थितियों को समझना चाहती थी, इसलिए पहले गेंदबाजी का फैसला लिया गया. उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ पिछली सीरीज से मिली सकारात्मक बातों का भी जिक्र किया. श्रेयस के मुताबिक, भारतीय बल्लेबाजों ने लगातार बड़े स्कोर बनाए थे, जबकि गेंदबाजों ने छोटी बाउंड्री और सपाट पिचों पर भी अच्छा प्रदर्शन किया. कप्तान ने उम्मीद जताई कि टीम न्यूजीलैंड में भी उसी आत्मविश्वास और रवैये के साथ उतरेगी.