दुनिया का सबसे छोटा हिरण पुदू है. इसका कद इतना छोटा होता है कि यह कई बार घर की बिल्ली जैसा लगता है. यह दक्षिण अमेरिका के जंगलों और पहाड़ी इलाकों में पाया जाता है. इतना छोटा होने के बाद भी यह पूरा हिरण है. नर के सिर पर छोटे-छोटे सींग भी होते हैं. खतरा महसूस होने पर यह तेजी से भागता है और भौंकने जैसी आवाज निकाल सकता है.
पुदू की दो प्रमुख प्रजातियां हैं- नॉर्दर्न पुदू और सदर्न पुदू. नॉर्दर्न पुदू कोलंबिया, इक्वाडोर और पेरू के एंडीज इलाके में पाया जाता है. वहीं सदर्न पुदू चिली और अर्जेंटीना के दक्षिणी हिस्सों में रहता है. दोनों छोटे हिरण हैं, लेकिन नॉर्दर्न पुदू को दुनिया का सबसे छोटा हिरण माना जाता है. यह आमतौर पर अकेला रहता है और घने पेड़ों, झाड़ियों और घास वाले इलाकों में रहना पसंद करता है.
यह भी पढ़ें: जहां सांस लेना भी मुश्किल, वहां मिली नई छिपकली, 4800 मीटर ऊपर वैज्ञानिकों की खोज
सिर्फ 35 सेंटीमीटर के आसपास होता है कद
नॉर्दर्न पुदू की कंधे तक ऊंचाई आमतौर पर करीब 35 सेंटीमीटर होती है. वैज्ञानिकों के नए आंकड़ों में इसकी अधिकतम ऊंचाई 40.5 सेंटीमीटर तक मिली है. इसका वजन करीब 6 से 6.5 किलो तक हो सकता है. इसके शरीर की लंबाई करीब 58 से 74 सेंटीमीटर तक होती है.

दूसरे हिरणों के मुकाबले इसका शरीर काफी छोटा है. सदर्न पुदू नॉर्दर्न पुदू से थोड़ा बड़ा होता है. इसकी कंधे तक ऊंचाई करीब 35 से 45 सेंटीमीटर और वजन करीब 6.5 से 13.5 किलो तक हो सकता है. फिर भी यह दुनिया के सबसे छोटे हिरणों में शामिल है.
नर के सिर पर होते हैं छोटे सींग
पुदू के नर के सिर पर छोटे सींग होते हैं. ये दूसरे हिरणों की तरह बड़े और फैले हुए नहीं होते. नॉर्दर्न पुदू के सींग सीधे और नुकीले होते हैं. इनकी लंबाई करीब 9 सेंटीमीटर तक हो सकती है. ये सींग हमेशा नहीं रहते. पुदू इन्हें समय-समय पर गिराता है और फिर नए सींग उगते हैं. मादा के सिर पर सींग नहीं होते. सदर्न पुदू के नर के सींग भी छोटे होते हैं. इनकी लंबाई करीब 6 से 9 सेंटीमीटर तक हो सकती है. इसके नर में करीब 9 से 12 महीने की उम्र में सींग उगना शुरू हो सकते हैं.
यह भी पढ़ें: ईरान के डर से बॉम्बर लेकर भागा अमेरिका, आखिर क्या था यूके के बेस में?
खतरा आते ही निकालता है आवाज
पुदू आमतौर पर अकेले रहने वाला जानवर है. नॉर्दर्न पुदू एंडीज के ऊंचे और नम इलाकों में भी पाया जाता है. यह करीब 4000 मीटर की ऊंचाई तक रह सकता है. यह पत्तियां, फल और दूसरे पौधों के हिस्से खाता है. खतरा महसूस होने पर यह काफी सतर्क हो जाता है. यह तेजी से भागकर घनी झाड़ियों में छिपने की कोशिश करता है. इसके साथ ही यह भौंकने जैसी आवाज भी निकाल सकता है. यह आवाज दूसरे पुदू को खतरे के बारे में बताने के काम आती है.

जंगल कम होना बड़ी परेशानी
पुदू के लिए जंगलों का कम होना बड़ी समस्या है. नॉर्दर्न पुदू के रहने वाले इलाकों में खेती और इंसानी गतिविधियां बढ़ने से इसका असर पड़ रहा है. वैज्ञानिकों के मुताबिक जंगल में इसकी कुल संख्या के बारे में अभी पूरी जानकारी नहीं है. इसलिए इसकी आबादी को समझने के लिए और रिसर्च की जरूरत है.
सदर्न पुदू भी जंगलों के कम होने और इंसानी गतिविधियों से प्रभावित होता है. यह दक्षिणी चिली और दक्षिण-पश्चिमी अर्जेंटीना के नम जंगलों में पाया जाता है. इसका छोटा शरीर इसे घनी झाड़ियों के बीच छिपने में मदद करता है. इस तरह पुदू का आकार भले ही बहुत छोटा हो, लेकिन यह पूरी तरह हिरण है. छोटे शरीर के साथ नर के सिर पर सींग और खतरे के समय भौंकने जैसी आवाज इसे दूसरे हिरणों से अलग बनाती है.