उन्नाव रेप पीड़िता के सड़क हादसे के मामले की जांच सीबीआई कर सकती है. यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार ने सीबीआई जांच के लिए केंद्र सरकार से सिफारिश की है. इस बीच, पीड़ित लड़की की हालत गंभीर है. पीड़िता को इंसाफ दिलाने के लिए सोमवार को जमकर विरोध प्रदर्शन हुआ.
कांग्रेस सोमवार को लखनऊ में बड़ा प्रदर्शन करने वाली है. हादसे के बाद रेप पीड़िता और उनके वकील की हालत बेहद गंभीर है. दोनों ही वेंटिलेटर पर हैं. इलाज कर रहे डॉक्टरों का कहना है कि हादसे के कारण उसके फेफड़ों में चोट लगी है. उसका ब्लड प्रेशर गिर रहा है. साथ ही पीड़िता के दाहिने कॉलर की हड्डी, दाईं ओर की कुछ पसलियां, दाहिने हाथ और दाहिने पैर में फ्रैक्चर है. अबतक उसे होश नहीं आया है.
Uttar Pradesh Government has sent a formal request to Government of India to transfer the Unnao rape survivor's road accident case to CBI
— ANI UP (@ANINewsUP)
डॉक्टरों का कहना है कि परिवार चाहे तो उन्हें किसी बड़े अस्पताल में ले जा सकता है. इधर बीजेपी विधायक और आरोपी कुलदीप सिंह सेंगर के खिलाफ हत्या और हत्या की साजिश का केस दर्ज कर लिया गया है. विधायक के खिलाफ पीड़िता के चाचा ने एफआईआर दर्ज कराई है. पीड़िता के चाचा फिलहाल रायबरेली की जिला जेल में कैद हैं. इस एफआईआर में विधायक कुलदीप सिंह, उनके भाई मनोज सेंगर भी नामजद हैं.
इस बीच उन्नाव में बीजेपी के विधायक पर लगे रेप के आरोप और उसके बाद रेप पीड़िता के साथ हुए हादसे को लेकर तमाम विपक्षी पार्टियां बीजेपी के खिलाफ खड़ी हो गई हैं. इसी सिलसिले में जेएनयू कैंपस में AISA छात्र संघ की तरफ से इस घटना के विरोध में योगी सरकार का पुतला फूंका गया.