शबाना आजमी ने छात्र आंदोलन के सपोर्ट में खुलकर सामने आई थीं. अब उनके पति जावेद अख्तर ने एक पॉडकास्ट के दौरान अपनी पत्नी की सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर सक्रियता को लेकर उनकी जमकर तारीफ की. एक तरफ जहां कई सेलिब्रिटी सोशल मीडिया पर छात्रों का सपोर्ट कर रहे थे. वहां शबाना ने प्रोटेस्ट साइट पर जाकर छात्रों का हौसला बढ़ाया था. पत्नी के इस बेबाक अंदाज पर उनके पति और मशहूर गीतकार-लेखक जावेद अख्तर ने भी खुलकर बात की.
जावेद ने कहा यह पहली बार नहीं हैं जब ऐसा हुआ है वह पहले भी इस तरह के आंदोलन में हिस्सा ले चुकी हैं, लेकिन उम्र बढ़ने के कारण अब वह ये सब कम करती हैं. उन्होंने कहा कि जब दिल्ली पुलिस प्रोटेस्ट साइट पर आंसू गैस फेंक रहे थे तब शबाना भी वहां मौजूद थी और इस वजह से उनको अस्थमा अटैक आया.
उन्होंने कहा कि शबाना मुंबई में भूख हड़ताल कर चुकी हैं और लंबे समय से सामाजिक मुद्दों को लेकर सक्रिय रही हैं. जावेद ने कहा कि जब मेरा और शबाना का रिश्ता शुरू हुआ था, तब भी वह इसी तरह के सामाजिक कामों से जुड़ी हुई थीं.
बता दे कि दोनों की मुलाकात 1970 के आखिर में हुई थी. जावेद, शबाना के पारिवारिक मित्र थे और इसी वजह से दोनों की मुलाकात हुई.
जावेद को पहले ही पता था शबाना दिल्ली जाएंगी
जावेद अख्तर ने बताया कि जब मैं लंदन में था तब शबाना ने मुझे फोन पर बताया कि वह छात्रों के विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली जा रही हैं. उनकी बात सुनते ही मुझे अंदाजा हो गया था कि शबाना अपने फैसले से पीछे नहीं हटेंगी. मैंने शबाना को दिल्ली जाने से कभी रोकने की कोशिश नहीं की और न ही उन्हें दोबारा सोचने की सलाह दी. जब शबाना ने कहा कि वह वहां जाए बिना नहीं रह सकतीं, तब मुझे लगा कि पुरानी शबाना जाग गई है और अब उन्हें कोई नहीं रोक सकता. शबाना पीछे नहीं हटी जिस बात पर मुझे शबाना पर गर्व है.
पहले भी हो चुकी हैं गिरफ्तार
शबाना ने पिछले कई सालों से ऐसे सामाजिक मुद्दे में अपनी बात उठाई हैं .1993 में मुंबई के कफ परेड इलाके में झुग्गियों को हटाए जाने के विरोध में वह झुग्गीवासियों के साथ धरने पर बैठी थीं. इस दौरान उन्हें 16 लोगों के साथ गिरफ्तार भी किया गया था, तब उन्होंने जमानत लेने से मना कर दिया था.
शबाना हमेशा अपनी सामाजिक और राजनीतिक बयानों के वजह से चर्चा में रहती हैं. अगर उनके फिल्मी वर्कफ्रंट की बात करें तो वह स्वतंत्रता दिवस के दिन रिलीज हुई फिल्म बंटवारा 1947 और आवारापन 2 में नजर आई थी.